नल जल योजना के क्षेत्र में काम करने से पहले लेना होगा एनओसी
राज्य में हर घर नल का जल योजना का काम जहां भी कराया गया है. उन जगहों पर सरकारी-निजी संस्था किसी भी तरह का काम करेगी, तो उसके लिए पीएचइडी से एनओसी लेना होगा.
संवाददाता, पटना राज्य में हर घर नल का जल योजना का काम जहां भी कराया गया है. उन जगहों पर सरकारी-निजी संस्था किसी भी तरह का काम करेगी, तो उसके लिए पीएचइडी से एनओसी लेना होगा.ऐसा नहीं करने पर अगर जलापूर्ति योजना में किसी तरह की क्षति होगी, तो संबंधित विभाग, संस्थान से जुर्माना वसूला जायेगा. विभाग ने इसको लेकर आदेश जारी किया है. राज्य सरकार के आदेश पर पीएचइडी को पंचायती राज विभाग की सभी जलापूर्ति योजना का हस्तांतरण हो गया है. ऐसे में विभाग की जिम्मेदारी बढ़ गयी है. विभागीय अधिकारियों के मुताबिक ग्रामीण एवं शहरी इलाकों से जलापूर्ति के क्षतिग्रस्त होने की शिकायत पीएचइडी तक पहुंच रही है.इसमें अधिकतर मामले सरकारी विभागों से जुड़े है. इन विभागों ने उन इलाकों में काम करने के दौरान पाइप को क्षतिग्रस्त किया है. क्षतिग्रस्त जलापूर्ति को दुरुस्त कराने में लगेगा अधिक जुर्माना : विभाग ने कहा है कि कहीं भी योजना को क्षतिग्रस्त किया गया है और उसे दुरुस्त नहीं कराया गया, तो पीएचइडी अगर उस मामले को अपने मरम्मत दल से ठीक करायेगा, तो खर्च का दोगुना जुर्माना लेगा.
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