IGIMS में जल्द खुलेगा नया टीओपी थाना, दलालों और असामाजिक तत्वों पर कसेगा शिकंजा

Author Anand tiwari|Edited by Nikhil Anurag
Updated:
विज्ञापन
आईजीआईएमएस में खुलेगा नया थाना, सुरक्षा पर लगेगा लगाम

IGIMS New Police Station: पटना स्थित इंदिरा गांधी आयुर्विज्ञान संस्थान (आईजीआईएमएस) परिसर में जल्द ही एक नया टाउन आउट पोस्ट (टीओपी) थाना खुलने जा रहा है। मरीजों, तीमारदारों और अस्पताल स्टाफ की सुरक्षा को लेकर यह कदम उठाया गया है, जिससे दलालों और अपराधियों पर लगाम लगेगी.

विज्ञापन

IGIMS New Police Station: पटना स्थित इंदिरा गांधी आयुर्विज्ञान संस्थान (आईजीआईएमएस) अस्पताल परिसर में जल्द ही नया टाउन आउट पोस्ट (टीओपी) थाना खोला जाएगा. इसके लिए प्रक्रिया शुरू कर दी गई है. बिहार के पुलिस महानिदेशक और आईजीआईएमएस प्रशासन के बीच हुई बैठक में भवन, पुलिस बल की तैनाती, संसाधन, कार्यक्षेत्र और संचालन व्यवस्था सहित कई महत्वपूर्ण बिंदुओं पर सहमति बनी है.

आईजीआईएमएस में प्रतिदिन करीब 14 से 20 हजार लोगों की आवाजाही होती है. यहां बिहार के विभिन्न जिलों के अलावा झारखंड, उत्तर प्रदेश और नेपाल सीमा से सटे क्षेत्रों के मरीज भी इलाज के लिए पहुंचते हैं. मरीजों, उनके परिजनों, डॉक्टरों, नर्सिंग स्टाफ, मेडिकल छात्रों और कर्मचारियों की बड़ी संख्या को देखते हुए सुरक्षा व्यवस्था एक बड़ी चुनौती बन गई है.

दलालों और अपराधियों पर लगेगी लगाम

अस्पताल परिसर में पिछले कुछ समय से मोबाइल चोरी, पॉकेटमारी, दलालों की सक्रियता, पार्किंग विवाद और मरीजों के परिजनों के साथ अभद्र व्यवहार की शिकायतें लगातार सामने आ रही हैं. इसके अलावा अस्पताल के बाहरी हिस्से में नशेड़ियों और असामाजिक तत्वों की मौजूदगी भी सुरक्षा के लिए चिंता का विषय बनी हुई है.

इन्हीं समस्याओं के समाधान के लिए अस्पताल परिसर में स्थायी पुलिस चौकी के रूप में टीओपी थाना स्थापित करने का निर्णय लिया गया है. थाना शुरू होने के बाद शिकायत मिलने पर पुलिस तत्काल मौके पर पहुंचकर कार्रवाई कर सकेगी, जिससे अपराधियों और दलालों पर प्रभावी अंकुश लगेगा.

शिकायतों पर होगी त्वरित कार्रवाई

वर्तमान में अस्पताल परिसर में किसी भी आपराधिक घटना की शिकायत दर्ज कराने के लिए लोगों को स्थानीय थाने का सहारा लेना पड़ता है. इससे प्राथमिकी दर्ज कराने और पुलिस कार्रवाई शुरू होने में समय लग जाता है. नया टीओपी थाना शुरू होने के बाद मरीजों और उनके परिजनों को अस्पताल परिसर में ही पुलिस सहायता उपलब्ध होगी. इससे चोरी, पॉकेटमारी और अन्य आपराधिक घटनाओं के मामलों में तत्काल कार्रवाई सुनिश्चित की जा सकेगी. साथ ही अस्पताल में आने वाले लोगों के बीच सुरक्षा का भाव भी मजबूत होगा.

बढ़ते दबाव को देखते हुए लिया गया फैसला

आईजीआईएमएस के डिप्टी डायरेक्टर विभूति प्रसन्न सिन्हा ने बताया कि बढ़ते मरीजों के दबाव और सुरक्षा संबंधी चुनौतियों को देखते हुए अस्पताल प्रशासन ने बिहार सरकार और पुलिस मुख्यालय से नए टीओपी थाना की मांग की थी. उन्होंने कहा कि प्रतिदिन 14 से 20 हजार लोगों के आने-जाने के कारण सुरक्षा व्यवस्था पर अतिरिक्त दबाव पड़ रहा है. चोरी, पॉकेटमारी और असामाजिक तत्वों की गतिविधियों से मरीजों और उनके परिजनों को परेशानियों का सामना करना पड़ता है.

उन्होंने उम्मीद जताई कि टीओपी थाना शुरू होने के बाद अस्पताल परिसर पहले की तुलना में अधिक सुरक्षित, व्यवस्थित और भरोसेमंद बनेगा तथा मरीजों और उनके परिजनों को बेहतर सुरक्षा का माहौल मिलेगा.


विज्ञापन
Anand Tiwari

लेखक के बारे में

By Anand Tiwari

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन