फोरलेन निर्माण में बाधा: अधिग्रहित भूमि पर निर्माण जारी, एनएचएआइ ने प्रशासन से मांगी मदद

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फोरलेन निर्माण में बाधा: अधिग्रहित भूमि पर निर्माण जारी, एनएचएआइ ने प्रशासन से मांगी मदद

NHAI sought help from the administration

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मुख्य संवाददाता, मुजफ्फरपुर साहेबगंज-मानिकपुर फोरलेन का निर्माण कार्य तेजी से जारी है, लेकिन मौजा चकअलीशेर उर्फ बाशुचक में अधिग्रहित भूमि पर रैयतों द्वारा लगातार किए जा रहे निर्माण कार्य से परियोजना बाधित हो रही है. इस गंभीर समस्या को लेकर एनएचएआइ (भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण) छपरा के परियोजना निदेशक ने जिला भू-अर्जन पदाधिकारी और एसडीओ पश्चिमी को पत्र लिखकर तत्काल हस्तक्षेप की मांग की है.परियोजना निदेशक ने बताया कि मौजा चकअलीशेर उर्फ बाशुचक में भूमि अधिग्रहण के लिए वर्ष 2021 में थ्री डी और 2023 में थ्री जी का प्रकाशन किया जा चुका है, जिसका अर्थ है कि यह भूमि अब एनएचएआइ के स्वामित्व में है. इसके बावजूद, कुछ रैयतों द्वारा अधिग्रहित भूमि पर निर्माण कार्य जारी रखा गया है, जिससे फोरलेन के काम में रुकावट आ रही है.परियोजना निदेशक ने अपने पत्र में स्पष्ट किया है कि यदि इन अवैध निर्माण कार्यों को तुरंत नहीं रोका गया, तो बाद में उन्हें हटाने के लिए मजिस्ट्रेट और पुलिस बल की तैनाती करनी पड़ेगी, जिससे अनावश्यक रूप से समय और संसाधनों का व्यय होगा. उन्होंने कहा कि उनके कर्मचारियों ने मौके पर जाकर रैयतों को निर्माण कार्य रोकने के लिए समझाया था, लेकिन उनकी बात नहीं सुनी गई और कार्य अभी भी जारी है.एनएचएआइ ने जिला प्रशासन से अनुरोध किया है कि वे अपने स्तर पर त्वरित कार्रवाई करें और इन निर्माण कार्यों को अविलंब रुकवाएं ताकि फोरलेन परियोजना बिना किसी बाधा के समय पर पूरी हो सके. इस मामले में प्रशासन की सक्रिय भूमिका फोरलेन के सुचारु निर्माण के लिए अत्यंत आवश्यक है.

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प्रभात कुमार

लेखक के बारे में

By प्रभात कुमार

प्रभात कुमार, पत्रकारिता के क्षेत्र में प्रभात का 18 वर्षों का अनुभव है. प्रशासनिक नीतियों के विश्लेषण, राजनीतिक घटनाक्रमों की सटीक रिपोर्टिंग और खोजी पत्रकारिता में इनकी रुचि है. जटिल विषयों को सरल और प्रभावशाली ढंग से प्रस्तुत करने की इनमें क्षमता है.

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