नैक को लेकर कॉलेजों का लापरवाह रवैया बढ़ा सकती है परेशानी

Published at :28 Jan 2025 7:05 PM (IST)
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नैक को लेकर कॉलेजों का लापरवाह रवैया बढ़ा सकती है परेशानी

नैक को लेकर मुंगेर विश्वविद्यालय और उसके सभी अंगीभूत एवं संबद्ध कॉलेजों की लापरवाही परेशानी को बढ़ा सकती है.

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एमयू के केवल एक कॉलेज के पास है नैक की सी-ग्रेडिंग

मुंगेर. नैक को लेकर मुंगेर विश्वविद्यालय और उसके सभी अंगीभूत एवं संबद्ध कॉलेजों की लापरवाही परेशानी को बढ़ा सकती है, क्योंकि सरकार द्वारा बिना नैक वाले विश्वविद्यालय व कॉलेजों कों लंबे समय से ग्रांट नहीं दिया गया है. जिसके कारण एमयू के कॉलेज लंबे समय से फंड के अभाव में आधारभूत संरचनाओं के लिये भी जूझ रहे हैं.

एमयू की स्थापना को अब छह साल पूरा हो चुका है. जबकि 2025 के मार्च माह में सात साल पूरा हो जायेगा, लेकिन एमयू सहित एमयू के 33 अंगीभूत एवं संबद्ध महाविद्यालयों में वर्तमान में केवल एक कोशी कॉलेज, खगड़िया के पास ही नैक की सी-ग्रेडिंग है. ऐसे में एमयू के पीजी व पीएचडी विभागों में पढ़ने वाले विद्यार्थियों सहित एमयू के सभी कॉलेजों के विद्यार्थियों पर अब संकट आ गया है. जबकि नैक ग्रेडिंग नहीं होने के कारण वैसे ही कॉलेजों को सरकार से सालों से एक रूपये तक ग्रांट के रूप में नहीं मिल पाया है.

कॉलेजों की लापरवाही बढ़ा रही परेशानी

एमयू के कॉलेज शुरू से ही विश्वविद्यालय के आदेशों की अवहेलना में सबसे आगे रहे हैं. जबकि नैक को लेकर विश्वविद्यालय के आदेशों की अवहेलना अब खुद विश्वविद्यालय के साथ कॉलेजों और विद्यार्थियों की परेशानी को बढ़ायेगा. बता दें कि नैक ग्रेडिंग को लेकर 30 जून 2024 तक आवेदन करने का समय था, जिसमें एमयू द्वारा कई बार अपने कॉलेजों को नैक के लिये आवेदन करने का निर्देश दिया गया, लेकिन निर्धारित तिथि तक एमयू के केवल एक कॉलेज बीएन कॉलेज, बड़हिया द्वारा ही नैक को लेकर आवेदन किया गया. जबकि शेष कॉलेजों द्वारा आवेदन नहीं किया गया. ऐसे में सालों से एमयू के कॉलेज बिना नैक ग्रेडिंग के ही संचालित हो रहे है. जिससे कई प्रकार के फंड तक एमयू के कॉलेजों को नहीं मिल पा रहा है.

कहते हैं कुलसचिव

कुलसचिव कर्नल विजय कुमार ठाकुर ने बताया कि नैक मूल्यांकन को लेकर कुलपति द्वारा सभी कॉलेजों को निर्देशित किया गया है. साथ ही कुलपति अपने स्तर से नैक को लेकर समीक्षा कर रहे हैं. जिसमें सभी कॉलेजों को नैक की तैयारी का निर्देश दिया गया है.

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