खड़गपुर में भारतीय संस्कृति के महाकुंभ में पहुंचे ठाकुरगंज टीडीए के विद्यार्थी, न्यू जलपाईगुड़ी से शुरू हुई यात्रा

Published by : Divyanshu Prashant Updated At : 27 May 2026 9:26 AM

विज्ञापन

भारतीय संस्कृति महाकुंभ

SPIC MACAY: ठाकुरगंज के टीडीए (TDA) विद्यालय के छात्र-छात्राओं ने एक नया इतिहास रचते हुए आईआईटी खड़गपुर (IIT Kharagpur) में आयोजित हो रहे भारतीय कला और संस्कृति के सबसे बड़े वैश्विक मंच 'स्पिक मैके अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन' में अपनी उपस्थिति दर्ज कराई है.

विज्ञापन

SPIC MACAY: ठाकुरगंज (किशनगंज) से बच्छराज नखत की रिपोर्ट: भारतीय शास्त्रीय कला, संगीत और समृद्ध सांस्कृतिक विरासत के सबसे बड़े आयोजनों में शुमार 11वें स्पिक मैके (SPIC MACAY) अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन 2026 में भाग लेने के लिए ठाकुरगंज के प्रतिष्ठित टीडीए विद्यालय के विद्यार्थियों का एक दल पूरी गर्मजोशी, उत्साह और उमंग के साथ पश्चिम बंगाल के खड़गपुर पहुंच चुका है. 25 मई से 31 मई 2026 तक आयोजित होने वाले इस भव्य साप्ताहिक महासम्मेलन में देश-विदेश के हजारों चुनिंदा विद्यार्थी, प्रख्यात कलाकार, संगीत मनीषी और संस्कृति प्रेमी एकत्रित हुए हैं.

न्यू जलपाईगुड़ी (NJP) रेलवे स्टेशन से शुरू हुई अनूठी सांस्कृतिक यात्रा

ठाकुरगंज के विद्यार्थियों की यह ज्ञानवर्धक सांस्कृतिक यात्रा न्यू जलपाईगुड़ी (NJP) रेलवे स्टेशन से शुरू हुई, जहां ट्रेन पकड़ने के दौरान बच्चों में एक अलग ही ऊर्जा और उत्साह देखने को मिला. स्टेशन पर विद्यार्थियों के चेहरों पर कुछ नया सीखने, नए वैश्विक अनुभव बटोरने और अपनी जड़ों यानी भारतीय सनातन संस्कृति को अत्यंत निकट से जानने व महसूस करने की उत्सुकता साफ झलक रही थी.

इसके बाद विद्यार्थियों का यह विशेष दल सीधे भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान (IIT) खड़गपुर के परिसर में पहुंचा, जहां भव्य उद्घाटन समारोह के साथ भारतीय संस्कृति के इस महाकुंभ का विधिवत शंखनाद हुआ. उद्घाटन के पहले ही दिन पूरे आईआईटी परिसर में शास्त्रीय संगीत, ध्यान-योग, प्राचीन कला और गौरवशाली भारतीय परंपराओं की एक अद्भुत व अलौकिक छटा दिखाई दी. पहले ही दिन ठाकुरगंज के बच्चों ने विभिन्न राज्यों की अनूठी सांस्कृतिक प्रस्तुतियों, शास्त्रीय संगीत की मधुर स्वर लहरियों और प्रेरणादायक शैक्षणिक वातावरण का जीवंत अनुभव किया.

युवाओं को जड़ों से जोड़ना है उद्देश्य, महान उस्तादों से सीधे सीखने का मौका

स्पिक मैके महासम्मेलन का मुख्य उद्देश्य आज की आधुनिक और गैजेट्स में डूबी युवा पीढ़ी को भारतीय शास्त्रीय संगीत (हिंदुस्तानी व कर्नाटक शैली), शास्त्रीय नृत्य (कथक, भरतनाट्यम, ओडिसी आदि), योग, प्राणायाम, विलुप्त होती लोककला और हमारे प्राचीन नैतिक व सांस्कृतिक मूल्यों से जोड़ना है.

इस सात दिवसीय राष्ट्रीय समागम में विद्यार्थियों को देश के पद्म पुरस्कारों से सम्मानित शीर्ष कलाकारों, अंतरराष्ट्रीय ख्यातिप्राप्त संगीतज्ञों और विद्वान प्रोफेसरों से सीधे संवाद करने और उनकी छत्रछाया में सीखने का एक दुर्लभ अवसर मिल रहा है. आने वाले दिनों में परिसर के भीतर अलग-अलग कला विधाओं की गहन कार्यशालाएं (Workshops), सांस्कृतिक चर्चाएं, अल सुबह योग सत्र और प्रख्यात गुरुओं द्वारा कला प्रस्तुतियां आयोजित की जाएंगी.

‘यह केवल पिकनिक नहीं, बल्कि जीवन बदलने वाला अनुभव’ — स्कूल प्रबंधन

विद्यालय प्रबंधन और दल के साथ गए मार्गदर्शक शिक्षकों ने इस यात्रा के महत्व पर प्रकाश डालते हुए बताया कि यह सम्मेलन विद्यार्थियों के लिए केवल एक सामान्य टूर या शैक्षणिक यात्रा नहीं है, बल्कि यह उनके जीवन को एक नई सकारात्मक दिशा देने वाला एक गहरा आध्यात्मिक व कलात्मक अनुभव है. यहां रहकर बच्चों को भारतीय संस्कृति की गहराई, कड़ा अनुशासन, सामूहिक कला और आध्यात्मिकता को व्यावहारिक रूप से समझने का मौका मिलेगा.

महासम्मेलन का हिस्सा बने ठाकुरगंज के छात्र-छात्राओं ने भी अपनी असीम प्रसन्नता व्यक्त करते हुए कहा कि इतने बड़े और गरिमापूर्ण अंतरराष्ट्रीय सांस्कृतिक मंच पर अपने स्कूल और क्षेत्र का प्रतिनिधित्व करना उनके लिए बेहद गौरव की बात है. उन्होंने कहा कि खड़गपुर का यह पवित्र और कलात्मक वातावरण उन्हें अपनी परंपराओं और मिट्टी के प्रति और अधिक आकर्षित कर रहा है. फिलहाल, खड़गपुर का पूरा परिसर सुर-ताल, योग और कला के सतरंगी रंगों में सराबोर है और बच्चों को आगामी दिनों में होने वाले प्रख्यात कलाकारों के लाइव परफॉर्मेंस का बेसब्री से इंतजार है.

Also Read: बिहार के 24 जिलों में आज बिगड़ा रहेगा मौसम, चार डिग्री तक गिरेगा पारा, IMD की एडवाइजरी जारी

विज्ञापन
Divyanshu Prashant

लेखक के बारे में

By Divyanshu Prashant

दिव्यांशु प्रशांत वर्तमान में Prabhat Khabar डिजिटल में बतौर कंटेंट राइटर कार्यरत हैं। उन्होंने महात्मा गाँधी अंतर्राष्ट्रीय हिंदी विश्वविद्यालय वर्धा से पत्रकारिता में परास्नातक तथा टी. एन. बी. कॉलेज भागलपुर से हिंदी साहित्य में स्नातक की शिक्षा प्राप्त की है। हिंदी साहित्य की पृष्ठभूमि होने के कारण उन्हें पढ़ने, लेखन और कविता-सृजन में विशेष रुचि है। मीडिया क्षेत्र में लगभग एक वर्ष के अनुभव के दौरान वे Dainik Jagran में न्यूज़ राइटर और रिपोर्टर के रूप में कार्य कर चुके हैं। करियर के शुरुआती दौर में लोकसभा और विधानसभा चुनावों से जुड़े पॉलिटिकल कंटेंट राइटिंग का विशेष अनुभव प्राप्त किया। सटीक, निष्पक्ष और प्रभावशाली लेखन के माध्यम से पाठकों तक विश्वसनीय जानकारी पहुँचाना उनकी पेशेवर पहचान है।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन