ब्लैक आउट में सभी प्रकार की रौशनी कर दें पूरी तरह से बंद

ब्लैक आउट में सभी प्रकार की रौशनी कर दें पूरी तरह से बंद
क्षनागरिक सुरक्षा, एनडीआरएफ, आपदा मित्र व एनसीसी के स्वयंसेवकों की बैठक आयोजित – आपदा के दौरान होने वाली स्थिति से निपटने की दी गयी जानकारी कटिहार शहर के सत्कार होटल में संध्या पांच बजे नागरिक सुरक्षा, एनडीआरएफ, आपदा मित्र व एनसीसी के स्वयंसेवकों की एक बैठक आयोजित की गयी. यह बैठक आज ही आयोजित की जाने वाली मॉकड्रिल के सफल संचालन के लिए आपातकालीन परिस्थितियों में सामूहिक तैयारी को और मजबूत करने के उद्देश्य से बुलाई गई थी. बैठक की अध्यक्षता अपर समाहर्ता नूरुल एन ने की. मंच संचालन नागरिक सुरक्षा के चीफ वार्डेन अनिल चमरिया ने किया. बैठक की शुरुआत चीफ वार्डन अनिल चमरिया ने आगंतुक पदाधिकारियों एवं स्वयंसेवकों के स्वागत से की. नागरिक सुरक्षा के उपनियंत्रक सह अनुमंडल पदाधिकारी आलोक चंद्र ने मॉक ड्रिल के उद्देश्य और उसकी महत्ता पर प्रकाश डालते हुए बताया कि ऐसे अभ्यास का मुख्य उद्देश्य हवाई या आतंकी हमलों जैसी गंभीर आपदाओं के समय नागरिकों और प्रशासन की तत्परता की जांच करना है. सायरन, ब्लैकआउट, सुरक्षित निकासी और आपात सेवाओं की प्रतिक्रिया की समीक्षा करते हुए यह भी स्पष्ट किया गया कि इस प्रकार की तैयारियां जनता में जागरूकता बढ़ाने और घबराहट को कम करने में सहायक होती हैं. उन्होंने बताया कि आज सायरन ब्लैक आउट हेतु 6.58 पर बजेगा. जिसकी समाप्ति 7.10 के सायरन से हुई. अपर समाहर्ता ने सायरन प्रणाली की उपयोगिता, ब्लैकआउट के दौरान सुरक्षा के उपाय, बहुमंजिला इमारतों में बरती जाने वाली सावधानियां और समाज स्तर पर की जाने वाली तैयारी पर प्रकाश डाला. विशेष रूप से यह बताया गया कि ब्लैकआउट के समय रोशनी के सभी स्रोतों को बंद करना, खिड़कियों को ढकना और आसपास की सोलर लाइट्स बंद कर देना आवश्यक होता है. जिससे शत्रु को रिहायशी इलाकों की जानकारी न मिले. इसके अलावा, नागरिकों को सुरक्षित स्थानों तक पहुंचने, आपदा शरण गृहों की सूची तैयार रखने तथा प्राथमिक चिकित्सा और आपात किट की तैयारी के निर्देश दिए गये. बैठक में नमीष कुमार, प्रशाखा पदाधिकारी ने इस बात पर जोर दिया कि समाज के सभी वर्गों विशेषकर बुजुर्गों, महिलाओं और बच्चों को मानसिक रूप से तैयार किया जाए और अफवाहों से बचते हुए सकारात्मक माहौल बनाए रखा जाय. चीफ वार्डन अनिल चमरिया ने स्वयंसेवकों की भूमिका पर विशेष बल देते हुए उन्हें सायरन और ब्लैकआउट के दौरान नागरिकों को मार्गदर्शन देने, आपात सेवाओं से समन्वय स्थापित करने, सही सूचना के प्रसार में सक्रिय रहने तथा निकासी मार्गों की निगरानी में सहयोगी भूमिका निभाने की अपेक्षा जताई गयी. बैठक सकारात्मक वातावरण में संपन्न हुई और सभी प्रतिभागियों ने भविष्य में किसी भी आपदा की स्थिति में सजग एवं संगठित रूप से कार्य करने का संकल्प लिया.
डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए




