Vikramshila Central University : जमीन अधिग्रहण के एवज में राशि मांगने की तैयारी शुरू, रिपोर्ट आने पर प्रक्रिया होगी तेज
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Vikramshila Central University: विक्रमशिला केंद्रीय विश्वविद्यालय कहलगांव के अंतीचक व मलकपुर मौजा में ही बनेगा. सेंट्रेल कमेटी जमीन देखकर गयी है. सेंट्रल कमेटी जो जमीन देखकर गयी है उसकी रिपोर्ट आनी बाकी है.
Vikramshila Central University: भू-अर्जन विभाग विक्रमशिला केंद्रीय विश्वविद्यालय के लिए जमीन अधिग्रहण की तैयारी में जुटा हुआ है. इसके लिए अधिसूचना जारी करने के लिए फाइल रेडी करने का काम किया जा रहा है. हालांकि, इसके लिए सेंट्रल कमेटी की रिपोर्ट का इंतजार किया जा रहा है. इस रिपोर्ट के मिलते ही भू-अर्जन विभाग जमीन अधिग्रहण के लिए राशि की मांग करेगा. विभाग अधिसूचना के प्रतियों को पोर्टल पर अपलोड करेगा. कोई भी व्यक्ति अपने गांव या प्रभावित खसरे के आधार पर संबंधित अधिसूचना का खोज कर सकेंगे. इसके लिए ग्राम, खसरा, अधिसूचना का प्रकार, अवधि आदि खोज का आधार बना सकेगा. सर्वे होगा और इसके बाद एक्सपर्ट कमेटी की रिपोर्ट आयेगी. फिर जमीन अधिग्रहण में सामाजिक प्रभाव मूल्यांकन (सोशल इंपैक्ट एसेसमेंट) किया जायेगा. प्रस्तावित परियोजना और जमीन अधिग्रहण से जुड़े सामाजिक लागत और फायदों का आकलन होगा. इन सभी प्रक्रियाओं को पूरी करने के बाद राशि की मांग की जायेगी.
87,99,81,355 रुपये की मिली है स्वीकृति
विक्रमशिला केंद्रीय विश्वविद्यालय के लिए सरकार ने 87,99,81,355 रुपये की स्वीकृति प्रदान की है. इस राशि से जमीन अधिग्रहित की जायेगी. स्कूल ऑफ प्लानिंग एंड आर्किटेक्चर, नयी दिल्ली को डीपीआर बनाने की जिम्मेदारी मिली है.
कहलगांव के अंतीचक व मलकपुर मौजा में बनेगा विवि
विक्रमशिला केंद्रीय विश्वविद्यालय कहलगांव के अंतीचक व मलकपुर मौजा में ही बनेगा. सेंट्रेल कमेटी जमीन देखकर गयी है. सेंट्रल कमेटी जो जमीन देखकर गयी है उसकी रिपोर्ट आनी बाकी है. ऐसे भूअर्जन विभाग के जिला कार्यालय ने भी उसी मौजा में अलग से जमीन देखी है और अधिग्रहण संबंधी तैयारी शुरू की है. सेंट्रल कमेटी की रिपोर्ट आ जाने के बाद इसकी प्रक्रिया में तेजी आयेगी.
31 अक्तूबर, 2023 को ही जमीन चिह्नित कर तत्कालीन डीएम ने जमीन का ब्योरा व मुआवजा राशि की रिपोर्ट शिक्षा विभाग के अपर मुख्य सचिव को भेज दी थी. अंतीचक मौजा में 88 एकड़ 99 डिसमिल और मलकपुर मौजा में 116 एकड़ 50 डिसमिल जमीन चिह्नित की गयी है. मलकपुर मौजा में 23 एकड़ 80 डिसमिल जमीन सरकारी है. अंतीचक की जमीन अर्जित करने के लिए मुआवजे की राशि 54 करोड़ 81 लाख 63 हजार 142 रुपये और मलकपुर के लिए 33 करोड़ 18 लाख 18 हजार 213 रुपये आंकी गयी है. इसी राशि की स्वीकृति मिली है.
कोट
विक्रमशिला विद्यालय के लिए जमीन अधिग्रहण के एवज में राशि की मांग की जायेगी. इसकी तैयारी हो रही है. अधिसूचना की फाइल तैयार हो रहा है. इसके बाद सर्वे होगा और एक्सपर्ट कमेटी की रिपोर्ट आयेगी. सेंट्रल कमेटी की रिपोर्ट आने का इंतजार है. राकेश कुमार, जिला भूअर्जन विभाग, भागलपुर
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By Paritosh Shahi
परितोष शाही पिछले 4 वर्षों से डिजिटल मीडिया और पत्रकारिता में सक्रिय हैं. उन्होंने अपने करियर की शुरुआत राजस्थान पत्रिका से की और वर्तमान में प्रभात खबर डिजिटल की बिहार टीम का हिस्सा हैं. राजनीति, सिनेमा और खेल, विशेषकर क्रिकेट में उनकी गहरी रुचि है. जटिल खबरों को सरल भाषा में पाठकों तक पहुंचाना और बदलते न्यूज माहौल में तेजी से काम करना उनकी विशेषता है. परितोष शाही ने पत्रकारिता की पढ़ाई बनारस हिंदू यूनिवर्सिटी (BHU) से की. पढ़ाई के दौरान ही पत्रकारिता की बारीकियों को समझना शुरू कर दिया था. खबरों को देखने, समझने और लोगों तक सही तरीके से पहुंचाने की सोच ने शुरुआत से ही इस क्षेत्र की ओर आकर्षित किया. पत्रकारिता में करियर की पहली बड़ी शुरुआत बिहार विधानसभा चुनाव 2020 के दौरान हुई, जब उन्होंने जन की बात के साथ इंटर्नशिप की. इस दौरान बिहार के 26 जिलों में जाकर सर्वे किया. यह अनुभव काफी खास रहा, क्योंकि यहां जमीनी स्तर पर राजनीति, जनता के मुद्दों और चुनावी माहौल को बहुत करीब से समझा. इसी अनुभव ने राजनीतिक समझ को और मजबूत बनाया. इसके बाद राजस्थान पत्रिका में 3 महीने की इंटर्नशिप की. यहां खबर लिखने की असली दुनिया को करीब से जाना. महज एक महीने के अंदर ही रियल टाइम न्यूज लिखने लगे. इस दौरान सीखा कि तेजी के साथ-साथ खबर की सटीकता कितनी जरूरी होती है. राजस्थान पत्रिका ने उनके अंदर एक मजबूत डिजिटल पत्रकार की नींव रखी. पत्रकारिता के सफर में आगे बढ़ते हुए पटना के जनता जंक्शन न्यूज पोर्टल में वीडियो प्रोड्यूसर के रूप में भी काम किया. यहां कैमरे के सामने बोलना, प्रेजेंटेशन देना और वीडियो कंटेंट की बारीकियां सीखीं. करीब 6 महीने के इस अनुभव ने कैमरा फ्रेंडली बनाया और ऑन-स्क्रीन प्रेजेंस को मजबूत किया. 1 अप्रैल 2023 को राजस्थान पत्रिका को प्रोफेशनल तौर पर ज्वाइन किया. यहां 17 महीने में कई बड़े चुनावी कवरेज में अहम भूमिका निभाई. लोकसभा चुनाव 2024 में नेशनल टीम के साथ जिम्मेदारी संभालने का मौका मिला. इसके अलावा मध्य प्रदेश, राजस्थान और छत्तीसगढ़ विधानसभा चुनाव के दौरान भी स्टेट टीम के साथ मिलकर काम किया. इस दौरान चुनावी रणनीति, राजनीतिक घटनाक्रम और बड़े मुद्दों पर काम करने का व्यापक अनुभव मिला. फिलहाल परितोष शाही प्रभात खबर डिजिटल बिहार टीम के साथ जुड़े हुए हैं. यहां बिहार विधानसभा चुनाव के दौरान कई बड़ी खबरों को रियल टाइम में ब्रेक किया, ग्राउंड से जुड़े मुद्दों पर खबरें लिखीं और वीडियो भी बनाए. बिहार चुनाव के दौरान कई जिलों में गांव- गांव घूम कर लोगों की समस्या को जाना-समझा और उनके मुद्दे को जन प्रतिनिधियों तक पहुंचाया. उनकी कोशिश हमेशा यही रहती है कि पाठकों और दर्शकों तक सबसे पहले, सही और असरदार खबर पहुंचे. पत्रकारिता में लक्ष्य लगातार सीखते रहना, खुद को बेहतर बनाना और भरोसेमंद पत्रकार के रूप में अपनी पहचान मजबूत करना है.
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