bhagalpur news. भ्रष्ट आचरण पर कार्रवाई : सीडीपीओ की तीन वेतनवृद्धि विभाग ने रोकी

Updated:
विज्ञापन
bhagalpur news. भ्रष्ट आचरण पर कार्रवाई : सीडीपीओ की तीन वेतनवृद्धि विभाग ने रोकी

समाज कल्याण विभाग ने सन्हौला की तत्कालीन बाल विकास परियोजना पदाधिकारी (सीडीपीओ) पूनम कुमारी के खिलाफ सख्त विभागीय कार्रवाई की है.

विज्ञापन

समाज कल्याण विभाग ने सन्हौला की तत्कालीन बाल विकास परियोजना पदाधिकारी (सीडीपीओ) पूनम कुमारी के खिलाफ सख्त विभागीय कार्रवाई की है. उन पर निजी स्वार्थ के लिए भ्रष्ट आचरण अपनाने और कर्तव्य में लापरवाही बरतने के आरोप सिद्ध हुए हैं. विभाग ने उन्हें चेतावनी जारी करते हुए उनकी तीन वेतनवृद्धियों को असंचयात्मक प्रभाव (नन-कम्यूलेटिव इफैक्ट) से रोकने का आदेश दिया है. वह वर्तमान में खगड़िया सदर में पदस्थापित हैं.

क्या था मामला ?

पूनम कुमारी पर मुख्य रूप से आंगनबाड़ी सेविका चयन में अनियमितता बरतने का आरोप था. जांच में पाया गया कि उन्होंने सन्हौला के धुआवें पंचायत के वार्ड संख्या-10 में सेविका चयन के दौरान शैक्षणिक योग्यता प्रमाणपत्रों का सत्यापन नहीं कराया. इसके अतिरिक्त, जिला कार्यक्रम पदाधिकारी, भागलपुर के आदेशों की अवहेलना करते हुए एक अमान्य बोर्ड से उत्तीर्ण अभ्यर्थी का चयन कर लिया गया. मामले में सबसे गंभीर आरोप तब सामने आया जब अधिवक्ता दिवाकर यादव द्वारा संज्ञान दिलाये जाने के बावजूद पूनम कुमारी ने सालों तक मामले को दबाये रखा. उच्च न्यायालय ने भी पांच जुलाई, 2021 को पारित आदेश में उन्हें दोषी माना था. इसके अलावा, मुख्यमंत्री कन्या उत्थान योजना का लाभ न मिलने के मामलों में भी उनकी भूमिका पर सवाल उठे थे.

चली विभागीय कार्यवाही और हुई जांच

विभाग ने इस मामले में अनुशासनिक कार्रवाई संचालित की. समाज कल्याण विभाग की विशेष कार्य पदाधिकारी पिंकी कुमारी को संचालन पदाधिकारी नियुक्त किया गया था. 18 जुलाई, 2025 को सौंपे गये जांच प्रतिवेदन में दो आरोप प्रमाणित पाये गये. पूनम कुमारी द्वारा अपने बचाव में रखे गये पक्ष की समीक्षा के बाद अनुशासनात्मक प्राधिकार ने इसे असंतोषजनक माना और उन्हें दोषी ठहराया.

उच्च अधिकारियों के आदेश पर सजा

बिहार के राज्यपाल के आदेश से समाज कल्याण विभाग के अपर सचिव योगेश कुमार सागर ने यह निर्देश जारी किया है. इस आदेश की प्रति ई-गजट में प्रकाशन के लिए वित्त विभाग को भेज दी गयी है. साथ ही, महालेखाकार (बिहार), प्रमंडलीय आयुक्त और संबंधित जिलों के अधिकारियों को भी सूचित कर दिया गया है.

विज्ञापन
निशिरंजन ठाकुर

लेखक के बारे में

By निशिरंजन ठाकुर

निशिरंजन ठाकुर मुख्यधारा की पत्रकारिता में 25 वर्षों से अधिक समय से सक्रिय. साहित्यिक विषयों में भी गहरी रूचि. खबरों में तथ्य के साथ मानवीय संवेदना और भाषा की सादगी को अहम मानते हैं.

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन