औरंगाबाद के दर्शन नगर में पेयजल संकट गहराया, नल-जल योजना बनी शोभा की वस्तु

Updated:
विज्ञापन
औरंगाबाद के दर्शन नगर में पेयजल संकट गहराया, नल-जल योजना बनी शोभा की वस्तु

Aurangabad News:औरंगाबाद में वर्षों से नहीं मिल रहा स्वच्छ पानी, प्रदर्शन कर ग्रामीणों ने दी आंदोलन की चेतावनी, गंदे पानी पीने के लिए लोग मजबूर हैं, पढिए पूरी खबर नीचे.

विज्ञापन

Aurangabad News: (विनय कुमार किंकर) औरंगाबाद जिले के मदनपुर प्रखंड अंतर्गत बेरी पंचायत के वार्ड संख्या-2 स्थित दर्शन नगर गांव में मुख्यमंत्री नल-जल योजना ग्रामीणों के लिए महज शोभा की वस्तु बनकर रह गई है. दलित एवं महादलित बहुल इस बस्ती में वर्षों से पेयजल आपूर्ति बाधित रहने के कारण लोगों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है. नाराज ग्रामीणों ने गुरुवार को नल-जल योजना स्थल के पास प्रदर्शन कर प्रशासन के खिलाफ आक्रोश जताया.

ग्रामीणों का आरोप है कि हर घर तक स्वच्छ पेयजल पहुंचाने के उद्देश्य से शुरू की गई योजना विभागीय उदासीनता और कार्य एजेंसी की लापरवाही की भेंट चढ़ गई है. गांव में जलमीनार तो स्थापित कर दी गई, लेकिन अधिकांश घरों तक कनेक्शन नहीं पहुंचाया गया. वहीं, योजना में लगा मोटर भी आधे घंटे से अधिक पानी नहीं दे पाता, जिससे लोगों को पर्याप्त जलापूर्ति नहीं हो पाती.

एक किलोमीटर दूर से पानी लाने को मजबूर ग्रामीण

ग्रामीणों ने बताया कि नल-जल योजना बंद रहने के कारण भीषण गर्मी में पेयजल के लिए रोज संघर्ष करना पड़ रहा है. गांव के लोगों को करीब एक किलोमीटर दूर खेतों में लगे निजी मोटरों से पानी लाना पड़ता है. कई बार शिकायत करने के बावजूद समस्या का समाधान नहीं होने से लोगों में रोष बढ़ता जा रहा है.

प्रदर्शनकारियों ने चेतावनी दी कि यदि जल्द जलापूर्ति बहाल नहीं की गई तो वे उग्र आंदोलन करने को बाध्य होंगे.

महिलाओं और बच्चों पर सबसे अधिक असर

गांव में जल संकट का सबसे अधिक प्रभाव महिलाओं और बच्चों पर पड़ रहा है. पुरुषों के रोजगार के लिए बाहर रहने के कारण पानी लाने की जिम्मेदारी महिलाओं पर आ जाती है. सुबह से ही महिलाएं बर्तन लेकर पानी की तलाश में निकल पड़ती हैं और कई बार उन्हें एक से दो किलोमीटर दूर जाना पड़ता है.

इस प्रक्रिया में उनका काफी समय नष्ट होता है, जिससे घरेलू कार्य प्रभावित होते हैं. वहीं बच्चे भी पानी ढोने में मदद करते हैं, जिससे उनकी पढ़ाई बाधित हो रही है. ग्रामीणों का कहना है कि दूषित जल के इस्तेमाल से पेट संबंधी बीमारियों का खतरा भी बढ़ गया है, खासकर बच्चों और बुजुर्गों में इसका असर देखा जा रहा है.

क्या कहती हैं ग्रामीण महिलाएं

सोनमंती देवी ने कहा कि बार-बार शिकायत करने के बावजूद समाधान नहीं होने से लोगों का भरोसा सरकारी तंत्र से उठता जा रहा है. उन्होंने शीघ्र समस्या समाधान की मांग की.

सोमंती देवी

रेनू देवी ने कहा कि ग्रामीणों का धैर्य अब जवाब दे रहा है। यदि जल्द पानी की व्यवस्था नहीं हुई तो आंदोलन तेज किया जाएगा.

पनपती देवी ने बताया कि पानी की समस्या के कारण सामाजिक और पारिवारिक जीवन प्रभावित हो रहा है. अधिकांश समय पानी की व्यवस्था में ही निकल जाता है.

शांति देवी ने कहा कि पानी जैसी बुनियादी जरूरत पूरी नहीं होना किसी भी गांव के लिए गंभीर स्थिति है. विभाग को तत्काल संज्ञान लेकर कार्रवाई करनी चाहिए.

समय रहते समाधान नहीं हुआ तो बढ़ेगा आक्रोश

ग्रामीण जगत कुमार ने कहा कि यदि समय रहते समस्या का समाधान नहीं किया गया तो हालात और बिगड़ सकते हैं. जल संकट को लेकर गांव में आक्रोश लगातार बढ़ रहा है और लोग खुलकर विरोध करने की तैयारी में हैं.

जल्द बहाल होगी जलापूर्ति : बीडीओ

मदनपुर प्रखंड के प्रखंड विकास पदाधिकारी डॉ. अवतुल्य कुमार आर्य ने बताया कि मामले की जानकारी संबंधित पीएचईडी विभाग को दे दी गई है. विभागीय स्तर पर कार्रवाई कर जल्द ही गांव में जलापूर्ति बहाल कराई जाएगी तथा ग्रामीणों की समस्या का समाधान किया जाएगा.

Also Read: औरंगाबाद की बड़ी कामयाबी: इंस्पायर अवार्ड में पूरे बिहार में बना नंबर वन, सर्वाधिक 53 बाल वैज्ञानिकों का चयन

विज्ञापन
विवेक पाण्डेय

लेखक के बारे में

By विवेक पाण्डेय

विवेक रंजन पाण्डेय पिछले 8 वर्षों से टीवी और डिजिटल पत्रकारिता में सक्रिय हैं. उन्होंने Aryabhatta Knowledge University, Patna से BJMC की पढ़ाई की है.

उन्होंने अपने पत्रकारिता करियर की शुरुआत Network 10 टीवी चैनल से की. इसके बाद News India, News18 Digital सहित कई राष्ट्रीय एवं क्षेत्रीय मीडिया संस्थानों में फील्ड रिपोर्टिंग और कंटेंट राइटिंग का अनुभव प्राप्त किया.

वर्तमान में वह प्रभात खबर डिजिटल की बिहार टीम में Content Writer के रूप में कार्यरत हैं. यहां बिहार की राजनीति, चुनाव, शिक्षा, कृषि, रोजगार, सरकारी योजनाओं, सामाजिक सरोकारों और विभिन्न जिलों की महत्वपूर्ण खबरों पर तथ्यपरक और विश्वसनीय खबरें पाठकों तक पहुंचाते हैं.

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन