ePaper

कोरोना और सामान्य मौत पर परिजन को 2 लाख रुपये की राहत राशि, जानें प्रधानमंत्री जीवन ज्योति बीमा योजना का कैसे ले सकते हैं लाभ

Updated at : 30 May 2021 9:56 AM (IST)
विज्ञापन
कोरोना और सामान्य मौत पर परिजन को 2 लाख रुपये की राहत राशि, जानें प्रधानमंत्री जीवन ज्योति बीमा योजना का कैसे ले सकते हैं लाभ

कोरोना संक्रमण से मौत होने पर मृतक के परिजनों को प्रधानमंत्री जीवन ज्योति बीमा योजना के तहत दो लाख रुपये दिया जाता है. यह बीमा राशि मृतक के परिवार (नॉमिनी) को दिया जाता है. अगर मृतक ने जीवित रहते प्रधानमंत्री जीवन ज्योति बीमा योजना के तहत बैंक या डाकघर में बीमा कराया होगा तो उनके परिजन को सरकार के इस योजना के तहत राहत राशि दी जाती है. बीमा कंपनी उनके परिवार (नॉमिनी) को दो लाख रुपये देगी. बिहार में इस वक्‍त 72 लाख से अधिक लोग इस बीमा योजना से जुड़े हुए हैं.

विज्ञापन

कोरोना संक्रमण से मौत होने पर मृतक के परिजनों को प्रधानमंत्री जीवन ज्योति बीमा योजना के तहत दो लाख रुपये दिया जाता है. यह बीमा राशि मृतक के परिवार (नॉमिनी) को दिया जाता है. अगर मृतक ने जीवित रहते प्रधानमंत्री जीवन ज्योति बीमा योजना के तहत बैंक या डाकघर में बीमा कराया होगा तो उनके परिजन को सरकार के इस योजना के तहत राहत राशि दी जाती है. बीमा कंपनी उनके परिवार (नॉमिनी) को दो लाख रुपये देगी. बिहार में इस वक्‍त 72 लाख से अधिक लोग इस बीमा योजना से जुड़े हुए हैं.

केंद्र सरकार ने आदमी तक जीवन बीमा का लाभ पहुंचाने के लिए 9 मई 2015 को पीएमजेजेबीवाइ शुरू की थी. 31 दिसंबर 2020 तक बिहार के 72 लाख 74 हजार लोग इस योजना का लाभ लेने इससे जुड़े. इस योजना का लाभ सामान्‍य और जनधन खाताधारक को भी मिल सकता है. बशर्तें उन्‍होंने पीएमजेजेबीवाइ स्‍कीम के तहत बीमा ले रखा हो. बीमा कवर की अवधि के दौरान अगर बीमाधारक की मौत हो जाती है, तो दो लाख रुपये की राशि उसके परिजनों (नॉमिनी) को प्राप्त होगी.

बता दें कि पीएमजेजेबीवाइ टर्म प्लान बीमा योजना है. बीमा कंपनी जोखिम से सुरक्षा के लिए इस स्कीम को चालू करती है.टर्म प्लान में पॉलिसीधारक की मौत होने पर ही बीमा कंपनी इंश्योरेंस की रकम का भुगतान करती है. अगर पॉलिसी लेने वाला व्यक्ति समय पूरा होने के बाद भी ठीक-ठाक रहता है तो उसे कोई लाभ नहीं मिलता. इस प्लान के लिए न्यूनतम उम्र 18 साल और अधिकतम उम्र 50 साल है. इस पॉलिसी की मैच्योरिटी की उम्र 55 साल है. प्लान को हर साल रिन्यू कराना पड़ता है.

Also Read: पटना में कमजोर पड़ने लगा कोरोना का दूसरा लहर, केवल 196 नये मरीज मिले, अस्पतालों में 60 फीसद बेड अब खाली

अगर बीमाधारक ने अपने स्कीम को रिन्‍यू नहीं कराया है तो उन्‍हें बीमा का लाभ नहीं मिलेगा. इस दौरान अगर किसी बीमाधारक की मृत्यु हो जाती है तो उनके सगे-संबंधी नॉमिनी को यह बीमा राशि दिलाने आवेदन दे सकते हैं. आवेदन के बाद तीन माह में बीमा राशि का भुगतान किया जाता है. आवेदक को बीमाधारक का मृत्‍यु प्रमाण पत्र, डाक्‍टर का पर्ची के साथ केवाइसी और पासबुक की कापी संबंधि‍त बैंक में जमा करना अनिवार्य है.

पीएमजेजेबीवाइ में सामान्य मौत पर भी बीमा की राशि नॉमिनी को मिलती है. लेकिन इस वक्‍त कोरोना संक्रमण से मौत होने के मामले में फायदेमंद साबित हो रहा है. पॉलिसीधारक की मौत होने पर ही बीमा कंपनी बीमा की रकम का भुगतान करती है.

POSTED BY: Thakur Shaktilochan

विज्ञापन
Prabhat Khabar Digital Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन