2009 की तुलना में 77 फीसदी कम हुई नक्सली हिंसा की घटनाएं, संसद में गृह मंत्रालय का जवाब

Updated at : 15 Mar 2022 6:40 PM (IST)
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2009 की तुलना में 77 फीसदी कम हुई नक्सली हिंसा की घटनाएं, संसद में गृह मंत्रालय का जवाब

केंद्रीय गृह राज्य मंत्री नित्यानंद राय ने कहा कि नक्सल/ वामपंथी उग्रवाद की घटनाएं 2009 में 2,258 के उच्चतम स्तर पर थी जो 77 फीसदी कम होकर 2021 में 509 हो गई हैं.

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देशभर में नक्सली हिंसा (Naxalite violence) में गिरावट को लेकर केंद्रीय गृह राज्य मंत्री नित्यानंद राय ने आज लोकसभा को सूचित किया. इस दौरान उन्होंने कहा कि नक्सली हिंसा 2009 के सर्वकालिक उच्च स्तर से 77 प्रतिशत कम है. नित्यानंद राय ने कहा कि नक्सल/ वामपंथी उग्रवाद की घटनाएं 2009 में 2,258 के उच्चतम स्तर पर थी जो 77 फीसदी कम होकर 2021 में 509 हो गई हैं. केंद्रीय गृह राज्य मंत्री लिखित प्रश्न का जवाब दे रहे थे. इस दौरान उन्होंने ये भी बताया कि नागरिकों और सुरक्षा बलों दोनों की मौत में भी कमी आई है.

विकास मोर्च पर विशेष पहल

लोकसभा को सूचित करते हुए मंत्री नित्यानंद राय ने कहा कि नक्सल प्रभावित के जिलों की सुरक्षा संबंधी व्यय(SRE) भी गिरावट हुई है. 2018 में इस व्यय को 126 से घटाकर 90 किया गया तो वहीं, 2021 में 70 कर दिया गया है. वहीं, वामपंथी उग्रवाद प्रभावित राज्यों के विकास को लेकर मंत्री ने आगे कहा कि भारत सरकार की तरफ से इन राज्यों को विकास से जोड़ने के लिए कई अहम पहल की गई है. सड़क नेटवर्क के विस्तार, दूरसंचार में सुधार के साथ ही कौशल और वित्तीय समावेशन पर भी जोर दिया गया.

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विशेष केंद्रीय सहायता योजना के जरिए मिलती है मदद

केंद्रीय गृह राज्य मंत्री ने कहा कि वामपंथी उग्रवाद से प्रभावित राज्यों को विशेष केंद्रीय सहायता योजना के जरिए धन उपलब्ध किया जाता है. इस योजना के तहत बीते 3 सालों में राज्यों को 2,423.24 करोड़ रूपए दिए गए हैं.

चमपंथियों को मुख्यधारा में शामिल करने की नीतियां

मंत्री ने कहा कि वामपंथी चरमपंथियों को मुख्यधारा से जोड़ने के लिए प्रोत्साहित करने के लिए अलग-अलग राज्यों की अपनी आत्मसमर्पण सह पुनर्वास नीतियां हैं. इसके अलावा योजना के तहत हथियारों और गोला बारूद के साथ आत्मसमर्पण के लिए भी प्रोत्साहित किया जाता है

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