Suresh Kalmadi Passes Away : पूर्व केंद्रीय मंत्री सुरेश कलमाड़ी का निधन

Published by : Amitabh Kumar Updated At : 06 Jan 2026 8:15 AM

विज्ञापन

सुरेश कलमाडी का निधन (File Photo)

Suresh Kalmadi Passes Away :पूर्व केंद्रीय मंत्री सुरेश कलमाड़ी का 81 वर्ष की आयु में पुणे में निधन हो गया.

विज्ञापन

Suresh Kalmadi Passes Away : पूर्व केंद्रीय मंत्री सुरेश कलमाड़ी का पुणे में निधन हो गया. परिवारिक सूत्र के हवाले से न्यूज एजेंसी पीटीआई ने यह खबर दी है. पुणे के दीनानाथ मंगेशकर अस्पताल में उनका इलाज चल रहा था.

परिवारिक सूत्र ने बताया कि लोगों के अंतिम दर्शन के लिए कलमाड़ी का पार्थिव शरीर दोपहर 2 बजे तक एरंडवाने स्थित कलमाड़ी हाउस में रखा जाएगा. इसके बाद अंतिम संस्कार पुणे के नवी पेठ स्थित वैकुंठ स्मशानभूमि में दोपहर 3:30 बजे किया जाएगा.

एक वरिष्ठ राजनीतिज्ञ और खेल एडमिनिस्ट्रेटर थे कलमाड़ी

कलमाड़ी एक वरिष्ठ राजनीतिज्ञ और खेल एडमिनिस्ट्रेटर थे. उन्होंने भारतीय ओलंपिक संघ (आईओए) के अध्यक्ष के रूप में सेवा दी और कई वर्षों तक भारत के खेल एडमिनिस्ट्रेटर में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई. वह 2010 के राष्ट्रमंडल खेल भ्रष्टाचार मामले में राष्ट्रीय स्तर पर जांच के दायरे में आए थे. पैसों के कथित दुरुपयोग के आरोप में उनके खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया गया था. अप्रैल 2011 में उनकी गिरफ्तारी के बाद कांग्रेस ने उन्हें पार्टी से निलंबित कर दिया था.

आईओए का आजीवन अध्यक्ष नियुक्त किया था  कलमाड़ी को

विवादों के बावजूद कलमाड़ी का खेल संगठनों में प्रभाव बना रहा. साल 2016 में, 150 से अधिक सदस्यों वाले एक पैनल ने कलमाड़ी और अभय सिंह चौटाला को भारतीय ओलंपिक संघ (आईओए) का आजीवन अध्यक्ष नियुक्त किया था. हालांकि, केंद्रीय खेल मंत्री द्वारा इस निर्णय की जांच के आदेश दिए जाने के बाद कलमाड़ी ने यह सम्मान स्वीकार करने से इनकार कर दिया. उन्होंने तत्कालीन आईओए अध्यक्ष एन. रामचंद्रन को लिखे पत्र में कहा था कि उस समय इस पद को स्वीकार करना उनके लिए उपयुक्त नहीं है.

भारतीय वायुसेना में पायलट के रूप में सेवा दी

राजनीति में आने से पहले कलमाड़ी ने 1964 से 1972 तक भारतीय वायुसेना में पायलट के रूप में सेवा दी और 1974 में सेवा से सेवानिवृत्त हुए. इसके बाद उन्होंने सार्वजनिक जीवन में प्रवेश किया और कांग्रेस नेतृत्व वाली सरकार में 1995 से 1996 के बीच रेल राज्य मंत्री के रूप में कार्य किया.

विज्ञापन
Amitabh Kumar

लेखक के बारे में

By Amitabh Kumar

अमिताभ कुमार झारखंड की राजधानी रांची के रहने वाले हैं और पिछले कई वर्षों से पत्रकारिता की दुनिया में सक्रिय हैं. डिजिटल न्यूज में अच्छी पकड़ है और तेजी के साथ सटीक व भरोसेमंद खबरें लिखने के लिए जाने जाते हैं. वर्तमान में अमिताभ प्रभात खबर डिजिटल में नेशनल और वर्ल्ड न्यूज पर फोकस करते हैं और तथ्यों पर आधारित खबरों को प्राथमिकता देते हैं. हरे-भरे झारखंड की मिट्टी से जुड़े अमिताभ ने अपनी शुरुआती पढ़ाई जिला स्कूल रांची से पूरी की और फिर Ranchi University से ग्रेजुएशन के साथ पत्रकारिता की पढ़ाई की. पढ़ाई के दौरान ही साल 2011 में रांची में आयोजित नेशनल गेम को कवर करने का मौका मिला, जिसने पत्रकारिता के प्रति जुनून को और मजबूत किया.1 अप्रैल 2011 से प्रभात खबर से जुड़े और शुरुआत से ही डिजिटल पत्रकारिता में सक्रिय रहे. खबरों को आसान, रोचक और आम लोगों की भाषा में पेश करना इनकी खासियत है. डिजिटल के साथ-साथ प्रिंट के लिए भी कई अहम रिपोर्ट कीं. खासकर ‘पंचायतनामा’ के लिए गांवों में जाकर की गई ग्रामीण रिपोर्टिंग करियर का यादगार अनुभव है. प्रभात खबर से जुड़ने के बाद कई बड़े चुनाव कवर करने का अनुभव मिला. 2014, 2019 और 2024 के लोकसभा चुनाव के साथ-साथ झारखंड विधानसभा चुनावों (2014, 2019 और 2024) की भी ग्राउंड रिपोर्टिंग की है. चुनावी माहौल, जनता के मुद्दे और राजनीतिक हलचल को करीब से समझना रिपोर्टिंग की खास पहचान रही है.

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola