गाजीपुर बॉर्डर से बोले किसान नेता राकेश टिकैत- किसान आंदोलन की रूपरेखा क्या होगी, 27 को होगा फैसला

Farmers Protest गाजीपुर बॉर्डर पर किसानों की बैठक को संबोधित करते हुए भारतीय किसान यूनियन के नेता राकेश टिकैत शुक्रवार को कहा कि जब तक संसद का सत्र चलेगा, तब तक सरकार के पास सोचने और समझने का समय है. राकेश टिकैत ने कहा कि आगे किसानों का आंदोलन कैसे चलाना है, उसका फैसला हम संसद चलने पर लेंगे.
Farmers Protest गाजीपुर बॉर्डर पर किसानों की बैठक को संबोधित करते हुए भारतीय किसान यूनियन के नेता राकेश टिकैत शुक्रवार को कहा कि जब तक संसद का सत्र चलेगा, तब तक सरकार के पास सोचने और समझने का समय है. राकेश टिकैत ने कहा कि आगे किसानों का आंदोलन कैसे चलाना है, उसका फैसला हम संसद चलने पर लेंगे. उन्होंने कहा कि आंदोलन की रूपरेखा क्या होगी, उसका फैसला भी 27 नवंबर को हाने वाली संयुक्त किसान मौर्चा की बैठक में होगा.
बता दें कि पिछले साल केंद्र सरकार द्वारा बनाए गए तीनों कृषि कानूनों के बाद ही किसान आंदोलन की शुरुआत हो गई थी. जब 3 नवंबर को पंजाब और हरियाणा में किसान संघों ने दिल्ली चलो का आह्वान किया, इसके बाद 26 और 27 नवंबर 2020 को इन राज्यों से बड़ी संख्या में किसान दिल्ली की अलग-अलग सीमाओं की तरफ बढ़े. लेकिन, किसानों किसानों को दिल्ली में घुसने से रोका गया. सिंघू बॉर्डर पर आंसू गैस के गोले छोड़े गये. पुलिस और किसानों का आमना सामना हुआ और फिर किसानों ने दिल्ली के के बॉर्डरों पर ही आंदोलन शुरू कर दिया.
किसान नेता राकेश टिकैत ने कहा है कि एक साल में किसान ने कुछ नहीं खोया है, बल्कि एकजुटता पाई है. राकेश टिकैत ने कहा है कि हमें तो एमएसपी पर गारंटी चाहिए, किसान को सीधा फायदा एमएसपी की गारंटी से होगा, सरकार दे नहीं रहे और फिर बहस छेड़ रहे हैं कि किसान नहीं मान रहे. राकेश टिकैत ने कहा है कि आंदोलन ठीक जा रहा है, यह खेत से संसद की ओर जा रहा है, यह खेत में चलेगा और मजबूती से आगे बढ़ेगा.
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
लेखक के बारे में
By Prabhat Khabar Digital Desk
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए










