कृपा चाहते हैं तो कैंची धाम में ये 3 काम भूलकर भी न करें
Published by : Shashank Baranwal Updated At : 19 Apr 2025 9:46 AM
Neem Karoli Baba
Neem Karoli Baba: नीम करोली बाबा का प्रमुख आश्रम उत्तराखंड के नैनीताल जिले में स्थित कैंची धाम है, जो आज एक प्रसिद्ध तीर्थ स्थल बन चुका है. देश-विदेश से हजारों भक्त यहां बाबा की कृपा पाने के लिए आते हैं और कई विदेशी भक्त भी उनकी कृपा पाने के लिए यहां आ चुके हैं.
Neem Karoli Baba: नीम करोली बाबा उन दिव्य आत्माओं में से थे, जिनकी उपस्थिति मात्र से मन शांत हो जाता था और आत्मा को गहराई से छू जाने वाला आध्यात्मिक अनुभव होता था. वे सिर्फ एक संत नहीं थे, बल्कि अपने भक्तों के लिए ईश्वर का साक्षात रूप थे. उनकी हनुमान जी के प्रति अद्भुत भक्ति ने उन्हें कई श्रद्धालुओं के लिए हनुमान का अवतार बना दिया. बाबा के विचार, शिक्षाएं और कहानियां आज भी लोगों के जीवन में मार्गदर्शक का काम करती हैं. उनका प्रमुख आश्रम उत्तराखंड के नैनीताल जिले में स्थित कैंची धाम है, जो आज एक प्रसिद्ध तीर्थ स्थल बन चुका है. देश-विदेश से हजारों भक्त यहां बाबा की कृपा पाने के लिए आते हैं और कई विदेशी भक्त भी उनकी कृपा पाने के लिए यहां आ चुके हैं. ऐसे में अगर आप भी कैंची धाम जाने की प्लानिंग कर रहे हैं, तो इन बातों का जरूर ख्याल रखें.
इन नियमों का जरूर करें पालन
अगर आप कैंची धाम की यात्रा कर रहे हैं, तो यह समझना जरूरी है कि यह एक पवित्र आध्यात्मिक स्थल है, न कि घूमने-फिरने की जगह. मंदिर परिसर में फोटोग्राफी और वीडियोग्राफी सख्ती से मना है. ऐसे में नियमों और अनुशासन का पालन करना चाहिए. बाबा नीम करोली महाराज को भक्ति और अनुशासित व्यवहार अत्यंत प्रिय था.
यह भी पढ़ें- नीम करोली बाबा की कृपा चाहिए? कैंची धाम से जरूर लाएं ये चीजें, घर में भर देंगी सकारात्मक ऊर्जा
यह भी पढ़ें- जब लोग आपको गलत समझने लगे, तो याद रखें नीम करोली बाबा की ये बातें
मन की बातें चरणों में करें अर्पित
जब भी आप कैंची धाम जाएं, तो मन में राम-राम या सीताराम का जाप करते रहें. मंदिर में प्रवेश करते समय अपने हृदय की सारी बातें बाबा नीम करोली महाराज जी के चरणों में अर्पित कर दें. वे अंतर्यामी हैं, बिना कहे ही आपकी पीड़ा समझ जाते हैं और हर दुख का हल दे देते हैं.
सोशल मीडिया पर दिखावे से बचें
आज के समय में कई लोग धार्मिक स्थलों को सिर्फ सोशल मीडिया कंटेंट का माध्यम बना लेते हैं, लेकिन ऐसा करना आध्यात्मिक दृष्टि से अनुचित है. कैंची धाम एक तपोभूमि है, जहां जाने का उद्देश्य आत्मा की शुद्धि और बाबा नीम करोली महाराज जी की कृपा प्राप्त करना होना चाहिए. वहां जाकर श्रद्धा और समर्पण के साथ भक्ति करें, दिखावा नहीं.
यह भी पढ़ें- नीम करोली बाबा के विचार जो बदल दें आपकी सोच
Disclaimer: यह आर्टिकल सामान्य जानकारियों और मान्यताओं पर आधारित है. प्रभात खबर इसकी पुष्टि नहीं करता है.
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
लेखक के बारे में
By Shashank Baranwal
जीवन का ज्ञान इलाहाबाद विश्वविद्यालय से, पेशे का ज्ञान MCU, भोपाल से. वर्तमान में प्रभात खबर डिजिटल के नेशनल डेस्क पर कार्य कर रहा हूँ. राजनीति पढ़ने, देखने और समझने का सिलसिला जारी है. खेल और लाइफस्टाइल की खबरें लिखने में भी दिलचस्पी है.
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए










