जमशेदपुर में सांपों का आतंक, जून माह में 44 लोगों को काटा

अस्पताल में हर दूसरे -तीसरे दिन सांप काटने के एक दो मरीज इलाज कराने के लिए पहुंच रहे है. इस समय अस्पताल में स्नेक एंटी वेनम नामक इंजेक्शन उपलब्ध है. सांप काटने पर लोग झाड़ फूंक के चक्कर में पड़ जाते है. उन लोगों को इसके चक्कर में नहीं पड़कर सीधे अस्पताल जाने की जरूरत है.
Snakes Bite in Jamshedpur: बरासत के मौसम में सांप ज्यादा निकलते हैं. शहर में अभी सांप काटने के मामले आ रहे हैं. एमजीएम अस्पताल के सर्जरी विभाग के डॉक्टरों ने बताया कि अस्पताल में हर दूसरे -तीसरे दिन सांप काटने के एक दो मरीज इलाज कराने के लिए पहुंच रहे है. इस समय अस्पताल में स्नेक एंटी वेनम नामक इंजेक्शन उपलब्ध है. एमजीएम अस्पताल के कर्मचारियों ने बताया कि जून माह में 25 सांप काटने में मरीज आये जिनको एंटी वेनम नाम इंजेक्शन दिया गया.
वहीं सदर अस्पताल में एक माह में 19 मरीज इलाज कराने के लिए आये थे. जिनका इलाज किया गया. एमजीएम अस्पताल के अधीक्षक व सिविल सर्जन डॉ जुझार मांझी ने बताया कि सांप काटने पर लोग झाड़ फूंक के चक्कर में पड़ जाते है. उन लोगों को इसके चक्कर में नहीं पड़कर सीधे अस्पताल जाने की जरूरत है ताकि सही से उसका इलाज किया जा सकें.
सांप काटने के लक्षण
काटने वाली जगह पर दर्द, सूजन, ऐंठन, मतली,उल्टी, अकड़न या कपकपी, एलर्जी, पलकों का गिरना,घाव के चारों ओर सूजन, जलन, लाल होना, त्वचा के रंग में बदलाव, दस्त, बुखार, पेट दर्द, सिरदर्द, जी मिचलाना, मांसपेशियों की कमजोरी, प्यास लगना, लो बीपी, घाव से खून बहना, बहुत पसीना आना और अंगों के आसपास के हिस्से का सुन्न पड़ना शामिल है.
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
लेखक के बारे में
By Prabhat Khabar News Desk
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए










