हर दिन बॉस की सुनते-सुनते थक गए? अब करो खुद का बिजनेस, खर्चा कम-फायदा ज्यादा

Updated:
विज्ञापन
Business Idea

Business Idea

Business Idea: अगर नौकरी की टेंशन, बॉस की डांट और फिक्स सैलरी से आप तंग आ चुके हैं, तो ये बिजनेस आइडिया आपके लिए हैं. कम लागत में शुरू होकर ये काम आपको न सिर्फ मुनाफा देंगे बल्कि खुद का बॉस बनने का मौका भी.

विज्ञापन

Business Idea: जुलाई मतलब मानसून और मानसून का मतलब कमाई के मौको की बौछार. अगर आप भी कुछ अपना करने का मन बना रहे हैं, तो ये पांच सस्ते, टिकाऊ और बारिश में चलने वाले बिजनेस आइडिया आपको पक्की कमाई देंगे.

रेनकोट-छाता बेचो, पैसे बरसाओ

जुलाई यानी बारिश का मौसम और बारिश का मतलब है भीगने की टेंशन. ऐसे में हर कोई चाहता है कि वो रेनकोट या छाते से खुद को बचाए. यही मौका है कमाई का. आप सिर्फ ₹10,000 से ₹15,000 की शुरुआती लागत में रेनकोट और छाते का स्टॉक उठा सकते हैं.

और उसे स्कूल, कॉलेज, रेलवे स्टेशन, लोकल मार्केट या फिर ऑनलाइन प्लेटफार्म पर बेच सकते हैं. एक छाता या रेनकोट पर आपको 100% तक का मुनाफा मिल सकता है. यानी एक आइटम ₹100 में खरीदा और ₹200 में बेचा. बारिश के इस सीजन में ये बिजनेस कम लागत में शुरू होकर झमाझम कमाई करा सकता है.

भुट्टा और चाय-समोसा ठेला

जुलाई की बारिश हो और गरमा-गरम भुट्टा, चाय या समोसे ना हों, ऐसा हो ही नहीं सकता. बारिश में लोग बाहर तो कम निकलते हैं, लेकिन अगर किसी गली, नुक्कड या ऑफिस के पास गरम भुट्टा, तीखी चाय और खस्ता समोसे मिल जाएं, तो भीगते हुए भी लोग लाइन में लग जाते हैं. इस बिजनेस को आप महज ₹5,000–₹8,000 की लागत में शुरू कर सकते हैं.

ठेला, बर्तन, सिलेंडर और कच्चा माल लेकर आप एक छोटी-सी दुकान चला सकते हैं. अगर आप मिर्च, नमक, नींबू और मसाले का खास ट्विस्ट भुट्टे पर डाल दें तो ग्राहक दोबारा जरूर लौटेंगे. रोज का मुनाफा ₹800 से ₹1,500 तक पहुंच सकता है. छोटे शहरों से लेकर मेट्रो तक, हर जगह ये आइडिया बरसात में सुपरहिट है.

वाटरप्रूफ बैग और लैपटॉप कवर बिजनेस

बारिश के मौसम में सबसे ज्यादा टेंशन होती है अपने सामान को पानी से बचाने की, खासकर स्टूडेंट्स और ऑफिस जाने वालों को. ऐसे में वाटरप्रूफ बैग और लैपटॉप कवर की डिमांड बढ जाती है. आप सिर्फ ₹10,000 की लागत में थोक में बैग और कवर खरीद सकते हैं और उन्हें सोशल मीडिया जैसे WhatsApp, Instagram या Facebook के जरिए बेच सकते हैं.

हर बैग पर ₹100 से ₹200 तक का मार्जिन आसानी से कमाया जा सकता है. अगर आप थोड़ी और चालाकी दिखाएं और बैग पर कस्टम प्रिंटिंग (जैसे नाम, लोगो या कोट्स) शुरू कर दें, तो मुनाफा सीधा दोगुना हो जाएगा. ये बिजनेस जुलाई के मौसम में न सिर्फ चलने वाला है, बल्कि लंबे समय तक टिकाऊ भी है.

मोबाइल पॉलीथिन और रेन गियर किट

बारिश में सबसे बड़ी चिंता मोबाइल, जूते और जरूरी सामान को भीगने से बचाने की होती है. ऐसे में मोबाइल पाउच, रेन कवर और शू कवर जैसी छोटी लेकिन काम की चीजों की जबरदस्त डिमांड होती है. ये प्रोडक्ट्स सस्ते होते हैं, लेकिन इनकी बिक्री बहुत होती है. आप ₹3,000 से ₹5,000 की लागत में इनका अच्छा-खासा स्टॉक खरीद सकते हैं

और बस स्टैंड, कॉलेज गेट या मेलों जैसे भीड़भाड़ वाले इलाकों में बेच सकते हैं. हर आइटम पर भले ही मुनाफा ₹10–₹30 हो, लेकिन सेल इतनी ज्यादा होती है कि कुल प्रॉफिट शानदार बन जाता है. बारिश के दिनों में ये बिजनेस कम लागत में ज्यादा कमाई का पक्का जरिया बन सकता है.

मच्छर मारने वाली अगरबत्ती और इलेक्ट्रिक बैट

जुलाई की बारिश अपने साथ ठंडी हवा तो लाती है, लेकिन मच्छरों की पूरी बारात भी साथ लाती है. ऐसे में लोग सबसे पहले मच्छर भगाने वाले प्रोडक्ट्स ढूंढते हैं. जैसे मच्छर मारने वाली अगरबत्तियां और इलेक्ट्रिक बैट.

ये सामान आप सिर्फ ₹3,000 की लागत में थोक में खरीद सकते हैं और मेडिकल स्टोर, राशन दुकानों या फिर कॉलोनी के बाहर छोटे स्टॉल लगाकर बेच सकते हैं. हर यूनिट पर ₹20 से ₹50 तक का मुनाफा बनता है और क्योंकि ये हर घर की जरूरत है, डिमांड बनी रहती है. कम निवेश में लगातार बिक्री और फिक्स प्रॉफिट वाला ये बिजनेस बारिश में फुल पैसा वसूल हो सकता है.

Also Read: 1 अगस्त से सैलरी के अलावा सरकार देगी ₹15,000 का बोनस, बस इस स्कीम में आना है

विज्ञापन
Abhishek Pandey

लेखक के बारे में

By Abhishek Pandey

अभिषेक पाण्डेय पिछले तीन वर्षों से प्रभात खबर में डिजिटल जर्नलिस्ट के तौर पर काम कर रहे हैं। वे बिजनेस और अर्थव्यवस्था से जुड़ी खबरों को आसान भाषा में पाठकों तक पहुंचाने का काम करते हैं। शेयर बाजार, पर्सनल फाइनेंस, बैंकिंग, बजट, सरकारी योजनाएं, MSME, कृषि और इंडस्ट्री जैसे विषयों पर उनकी अच्छी पकड़ है। वे रिसर्च के साथ ऐसी खबरें और एक्सप्लेनर तैयार करते हैं, जिन्हें आम लोग भी आसानी से समझ सकें। इसके अलावा यूटिलिटी न्यूज और सक्सेस स्टोरीज लिखने में भी उनकी खास रुचि है।

पत्रकारिता अनुभव

अभिषेक ने पत्रकारिता की पढ़ाई माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय (MCU), भोपाल से की है, जिसे पत्रकारिता की दुनिया में 'दादा माखनलाल की बगिया' भी कहा जाता है।

करियर की शुरुआत उन्होंने राजस्थान पत्रिका के साथ की, जहां उन्होंने डिजिटल पत्रकारिता की बारीकियों को करीब से समझा। इसके बाद वे प्रभात खबर से जुड़े और पिछले तीन वर्षों से डिजिटल जर्नलिस्ट के रूप में काम कर रहे हैं।

इस दौरान उन्होंने बिजनेस, शेयर बाजार, पर्सनल फाइनेंस, बैंकिंग, बजट, सरकारी योजनाएं, कृषि, MSME और अर्थव्यवस्था से जुड़े कई अहम विषयों पर रिपोर्टिंग और रिसर्च आधारित लेख लिखे हैं। इसके अलावा वे वीडियो स्क्रिप्टिंग, एक्सप्लेनर स्टोरी, डेटा स्टोरी और डिजिटल कंटेंट पर भी लगातार काम करते हैं। उनकी कोशिश रहती है कि जटिल आर्थिक और वित्तीय विषयों को आसान और भरोसेमंद भाषा में पाठकों और दर्शकों तक पहुंचाया जाए।

शिक्षा

अभिषेक पाण्डेय ने माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय (MCU), भोपाल से पत्रकारिता एवं जनसंचार की पढ़ाई की है। यहां उन्होंने रिपोर्टिंग, डिजिटल मीडिया, न्यूज़ राइटिंग, वीडियो प्रोडक्शन और मल्टीमीडिया जर्नलिज्म की बारीकियां सीखीं, जिनका इस्तेमाल वे आज अपनी पत्रकारिता में कर रहे हैं।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola