Russia-Ukraine Peace Talks: जेलेंस्की को रूस से आया बुलावा, क्या मॉस्को जाकर पुतिन से हाथ मिलाएंगे यूक्रेनी राष्ट्रपति?

Author Govind jee
Updated:
विज्ञापन

जेलेंस्की का रूस बुलावा, क्या मॉस्को में मिलेंगे पुतिन से?

रूस ने शांति वार्ता के लिए यूक्रेन के राष्ट्रपति जेलेंस्की को मॉस्को बुलाया है. अबू धाबी में अमेरिका की मध्यस्थता में बातचीत चल रही है, लेकिन क्षेत्रीय मामलों और शांति वार्ता जैसे मुख्य मुद्दों पर अभी भी असहमति बनी हुई है. ट्रंप के अनुसार, पुतिन ने कीव पर हमले एक हफ्ते के लिए रोकने का वादा किया है. दोनों पक्ष जल्द ही मिल सकते हैं.

विज्ञापन

रूस ने गुरुवार को कहा कि उसने यूक्रेन के राष्ट्रपति वलोदिमिर जेलेंस्की को मास्को में शांति वार्ता के लिए इनवाइट किया है. यह कदम ऐसे समय आया है जब अमेरिका की अगुवाई में युद्ध समाप्ति के लिए बातचीत को तेज किया जा रहा है. अब यह देखना बाकी है कि क्या जेलेंस्की मॉस्को जाकर पुतिन से हाथ मिलाएंगे या नहीं.

विज्ञापन

क्रेमलिन का बयान

क्रेमलिन ने यह बयान ऐसे समय में दिया जब उसने उन खबरों पर कोई टिप्पणी नहीं की थी कि मास्को और कीव ने एक-दूसरे के ऊर्जा ढांचे पर हमले बंद करने पर सहमति बना ली है. क्रेमलिन प्रवक्ता दिमित्री पेस्कोव ने इंटरफैक्स न्यूज एजेंसी के हवाले से कहा कि मास्को ने अभी तक जेलेंस्की की तरफ से आमंत्रण का कोई जवाब नहीं मिला है.

पिछले साल जेलेंस्की ने भी इसी तरह के इनविटेशन को ठुकरा दिया था. उन्होंने कहा था कि वह उस देश की राजधानी नहीं जा सकते जो हर दिन उनके देश पर मिसाइलें चला रहा है. उस समय उन्होंने सुझाव दिया था कि पुतिन खुद कीव आएं.

अबू धाबी में अमेरिका की मध्यस्थता में शांति वार्ता

पिछले हफ्ते अमेरिका की मध्यस्थता में अबू धाबी में वार्ता हुई, लेकिन रूस और यूक्रेन के बीच अभी भी कई मतभेद हैं. एक अज्ञात अमेरिकी अधिकारी ने शनिवार को कहा कि जेलेंस्की और पुतिन मीटिंग तय करने के बहुत करीब हैं. एक नई दौर की अबू धाबी वार्ता रविवार को होने वाली है. इस प्रक्रिया में अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने मंगलवार को कहा कि बहुत अच्छी चीजें हो रही हैं.

विवाद के मुख्य मुद्दे

शांति वार्ता में अभी भी कई विवाद हैं. इनमें सबसे अहम हैं:

  • कौन सा इलाका किसका होगा
  • युद्ध के बाद अंतरराष्ट्रीय शांति रक्षक या निगरानी टीम की उपस्थिति
  • रूस के नियंत्रण वाले जापोरिज्जिया न्यूक्लियर पावर प्लांट का फ्यूचर

यूएस विदेश सचिव मार्को रुबियो ने बुधवार को कहा कि कौन सा इलाका किसका होगा सबसे मुश्किल मुद्दा है. रूस चाहता है कि यूक्रेनी सेनाएं डोनबास क्षेत्र के लगभग 20 प्रतिशत हिस्से से पीछे हटें, जो अभी रूस के नियंत्रण में नहीं है. वहीं कीव ने कहा है कि वह मौजूदा युद्ध में न जीते गए इलाके को रूस को नहीं देगा, क्योंकि यह भविष्य में रूस के लिए यूक्रेन में आगे बढ़ने का प्लेटफॉर्म बन सकता है.

ट्रंप का दावा-  रूस एक हफ्ते के लिए यूक्रेन पर हमला नहीं करेगा

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने गुरुवार को कहा कि रूस के राष्ट्रपति व्लादिमिर पुतिन ने कीव और अन्य यूक्रेनी शहरों पर हमलों को एक हफ्ते के लिए रोकने का वादा किया है. यह कदम उस समय आया जब मास्को की स्ट्राइक ने ठंड में कई इमारतों को हीटिंग से वंचित कर दिया था.

ट्रंप ने कैबिनेट मीटिंग में कहा कि वे इतनी ठंड कभी नहीं देखे होंगे. मैंने पुतिन से व्यक्तिगत तौर पर कहा कि एक हफ्ते तक कीव और अन्य शहरों पर हमले बंद करें. उन्होंने मान लिया और यह बहुत अच्छा रहा.

ये भी पढ़ें:

यूक्रेन जंग पर ट्रंप का बयान, बोले- पुतिन एक हफ्ते तक कीव पर हमला नहीं करेंगे, रूस ने पुष्टि नहीं की

अमेरिका से टेंशन के बीच ईरान पर EU का एक्शन, 15 अधिकारियों और छह संगठनों पर लगाया प्रतिबंध

विज्ञापन

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola