ईरान की पकड़ से निकल रही होर्मुज की कमान? 80% से ज्यादा जहाजों ने बदला रास्ता
होर्मुज स्ट्रेट से गुजरती जहाजें, फोटो एक्स
होर्मुज स्ट्रेट में ईरान के दबदबे को लेकर अब सवाल उठने लगे हैं. शिपिंग डेटा के मुताबिक, ज्यादातर जहाज ईरान की आपत्ति के बावजूद अब ओमान वाले रास्ते से गुजर रहे हैं.
ईरान युद्ध के बीच होर्मुज स्ट्रेट सबसे अहम और विवादित इलाकों में से एक बना हुआ है. ईरान और अमेरिका दोनों इस रणनीतिक समुद्री रास्ते पर अपना दबदबा होने का दावा कर रहे हैं. हालांकि, जहाजों की आवाजाही का आंकड़ा कुछ और कहानी बता रहा है. CNN के मुताबिक, Kpler के डेटा से पता चलता है कि पिछले दो हफ्तों में होर्मुज से गुजरने वाले 80 फीसदी से ज्यादा जहाज ओमान की ओर वाले समुद्री रास्ते का इस्तेमाल कर रहे हैं. इस रास्ते को संयुक्त राष्ट्र की मंजूरी है, लेकिन ईरान इसका विरोध करता है.
यह बदलाव इस बात का संकेत दे रहा है कि युद्ध के पहले चरण की तुलना में अब होर्मुज से गुजरने वाले जहाजों की आवाजाही पर ईरान का कंट्रोल कमजोर हुआ है. Kpler में कच्चे तेल के विश्लेषण प्रमुख होमायून फलाकशाही ने CNN से कहा कि ऐसा लगता है कि ईरान ने इस जलमार्ग पर कम से कम कुछ हद तक अपना नियंत्रण खो दिया है.
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यह बदलाव क्यों है खास, जानें
यह बदलाव इसलिए अहम है क्योंकि Kpler के मुताबिक एक महीने पहले ओमान की ओर वाले समुद्री रास्ते पर लगभग कोई जहाज नहीं चल रहा था. ईरान होर्मुज में जहाजों की आवाजाही पर अपना कंट्रोल होने का दावा करता रहा है और ओमान के उत्तरी तट के पास से गुजरने वाले कुछ जहाजों पर हमला भी कर चुका है. इसके बावजूद अब कई जहाज इसी रास्ते से गुजर रहे हैं और अमेरिकी नौसेना की सुरक्षा पर भरोसा कर रहे हैं.
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ईरान की कमाई पर भी पड़ रहा है असर
इस बदलाव का असर ईरान की कमाई पर भी पड़ रहा है. पहले ईरान होर्मुज से गुजरने वाले जहाजों से ट्रांजिट फीस यानी रास्ता इस्तेमाल करने का शुल्क लेने की कोशिश करता था. लेकिन अब बड़ी संख्या में जहाज ईरान की पसंद वाले रास्ते से बचकर ओमान की ओर से गुजर रहे हैं. ऐसे में ईरान के लिए इन जहाजों से टैक्स वसूलना और अपने फैसले को लागू कराना पहले के मुकाबले मुश्किल हो गया है.
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