अमेरिका-इजराइल की घेराबंदी पर भड़के ईरानी राष्ट्रपति, बोले- खाड़ी मुल्कों को उकसाया जा रहा

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ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियन. फोटो- ANI

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ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियन ने अमेरिका और इजराइल पर खाड़ी देशों को ईरान के खिलाफ भड़काने का आरोप लगाया है. उन्होंने मिडिल ईस्ट में सैन्य संघर्ष और ईरान की आंतरिक चुनौतियों का फायदा उठाने की बात कही. पेजेशकियन ने मुस्लिम एकता पर भी जोर दिया.

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US Iran War : ईरान और अमेरिका के बीच तनाव कम होने की बजाय लगातार बढ़ता जा रहा है. ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियन ने अमेरिका और इजराइल हमला बोला है.उन्होंने कहा कि दोनों देश खाड़ी के देशों को ईरान के खिलाफ भड़काने की कोशिश कर रहे हैं. एएनआई न्यूज एजेंसी के मुताबिक,उन्होंने कहा कि मिडिल ईस्ट में जारी सैन्य संघर्ष के बीच अमेरिका और इजराइल ईरान की आंतरिक चुनौतियों का फायदा उठा रहे हैं.

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ईरान के राष्ट्रपति पेजेशकियन ने कहा कि ईरान ने कहीं भी आत्मसमर्पण नहीं किया है. उन्होंने कहा कि अगर ईरान को दबाने की कोशिश की गई तो उनका देश मुकाबला करेगा और पीछे नहीं हटेगा. हालांकि, उन्होंने यह भी कहा कि अगर ईरान अपने अधिकार हासिल कर सकता है तो फिर संघर्ष जारी रखने की जरूरत क्यों होगी. उन्होंने आरोप लगाया कि लगातार युद्ध की स्थिति बनाए रखना इजराइल के हित में है.

शिया-सुन्नी एकता पर जोर

पेजेशकियन ने अपने पड़ोसी खाड़ी देशों के प्रति नरम रुख दिखाते हुए मुस्लिम एकता पर जोर दिया. उन्होंने कहा कि सभी मुसलमान भाई हैं. उन्होंने कहा कि पैगंबर और पवित्र किताब की शिक्षाओं में भी मुस्लिम भाईचारे की बात कही गई है. उन्होंने कहा कि शिया हो या सुन्नी, सभी मुसलमान एक-दूसरे के भाई हैं और उन्हें एकजुट रहना चाहिए.

चीन-अमेरिका की मिसाल देकर कही बड़ी बात

ईरानी राष्ट्रपति ने चीन और अमेरिका के रिश्तों का उदाहरण देते हुए कहा कि किसी देश के अस्तित्व और मजबूती के लिए रणनीतिक सोच जरूरी है. उन्होंने कहा कि यह समझना जरूरी है कि कब लड़ना है, कब शांति करनी है और कब अपने काम पर ध्यान देना है. उन्होंने कहा कि चीन और अमेरिका एक दूसरे के प्रतिद्वंद्वी हैं, फिर भी दोनों सीधे युद्ध नहीं करते. चीन अपने काम और विकास पर ध्यान देता है.

होर्मुज में कार्रवाई पर ईरान का बचाव

स्ट्रेट ऑफ होर्मुज को लेकर पेजेशकियन ने कहा कि ईरान ने उन जहाजों के खिलाफ कार्रवाई की, जिन्होंने उसके मुताबिक नियमों का उल्लंघन किया था. उन्होंने कहा कि ईरान ने जलडमरूमध्य में नियम तोड़ने वाले जहाजों के खिलाफ सैन्य कार्रवाई की और वह अपने समझौते की शर्तों का मजबूती से बचाव करता रहेगा.

ईरान में सरकार और सेना के बीच दरार से इनकार

पेजेशकियन ने सरकार और इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) के बीच किसी भी तरह की दरार की खबरों को खारिज किया. उन्होंने कहा कि ईरान एकजुट और मजबूती से साथ खड़ा है. पेजेशकियन ने दावा किया कि देश के दुश्मन ईरान में फूट डालने की कोशिश कर रहे हैं, जबकि ईरानी लड़ाकों ने दुनिया को अपनी क्षमता से चौंका दिया है.

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