मेरठ: मलियाना नरसंहार मामले में 40 आरोपी बरी, 36 साल पहले 68 लोगों की गई थी जान
Published by : Prabhat Khabar News Desk Updated At : 03 Apr 2023 11:09 AM
मेरठ में 36 साल पहले हुए संप्रदायिक दंगों मामले में कोर्ट ने 93 आरोपियों में से 39 को साक्ष्य के अभाव में बरी कर दिया. 14 आरोपियों को पहले ही क्लीनचिट मिल चुकी है. इस मामले के 40 आरोपियों की मौत हो चुकी है.
Lucknow : उत्तर प्रदेश के मेरठ में 36 साल पहले हुए संप्रदायिक दंगों के मामले में शनिवार देर शाम कोर्ट का फैसला आया. कोर्ट ने 93 आरोपियों में से 39 को साक्ष्य के अभाव में बरी कर दिया. 14 आरोपियों को पहले ही क्लीनचिट मिल चुकी है. इस मामले के 40 आरोपियों की मौत हो चुकी है. पीड़ित पक्ष कोर्ट के इस फैसले के खिलाफ हाई कोर्ट में जाने पर विचार कर रहा है. एडीजे-6 लखविंदर सिंह ने चर्चित मलियाना नरसंहार पर शनिवार को अपना फैसला सुनाया. पीड़ितों के अनुसार 23 मई, 1987 को मलियाना नरसंहार हुआ था. दंगे में 68 लोगों की जान गई और सौ से अधिक घायल हुए थे. हमलावरों ने घरों में आग लगाकर जमकर लूटपाट की थी.
मोहल्ले के याकूब की तरफ से 93 लोगों को नामजद करते हुए एफआईआर दर्ज कराई गई थी. मुकदमे में 74 गवाह बने थे. उस समय तत्कालीन मुख्यमंत्री वीर बहादुर सिंह ने आधिकारिक तौर पर 10 लोगों के मारे जाने की पुष्टि की थी, जबकि तत्कालीन जिलाधिकारी ने जून 1987 के पहले सप्ताह में माना था कि पुलिस और पीएसी ने मलियाना में 15 लोगों की हत्या की थी. एक कुएं में भी कई लोगों के शव बरामद हुए थे. 27 मई, 1987 को तत्कालीन मुख्यमंत्री ने मलियाना हत्याकांड की न्यायिक जांच की घोषणा की थी.
36 साल तक कोर्ट में चले केस में करीब 800 तरीखें लगीं. आरोपितों के अधिवक्ता सीएल बंसल ने बताया कि कोर्ट ने साक्ष्य के अभाव में सभी 39 आरोपितों को बरी कर दिया है. अदालत के सामने यह तथ्य रखा गया कि पुलिस ने आरोपियों पर झूठे आरोप लगाए हैं. मतदाता सूची के आधार पर उन्हें आरोपी बनाया गया है, जबकि वे बेकसूर हैं. मुख्य वादी याकूब अली का कहना है कि वह कोर्ट के फैसले की प्रति लेने के बाद कमेटी के लोगों के साथ बैठकर विचार करेंगे फिर हाई कोर्ट जाने का फैसला करेंगे.
Also Read: योगी सरकार के छह साल में 10 हजार से ज्यादा एनकाउंटर, मेरठ अव्वल, जानें कितने अपराधी हुए कहां हुए ढेर
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
लेखक के बारे में
By Prabhat Khabar News Desk
यह प्रभात खबर का न्यूज डेस्क है। इसमें बिहार-झारखंड-ओडिशा-दिल्ली समेत प्रभात खबर के विशाल ग्राउंड नेटवर्क के रिपोर्ट्स के जरिए भेजी खबरों का प्रकाशन होता है।
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए










