UP Election 2027: वाराणसी में निर्वाचन आयोग का मंथन, EVM चेकिंग से लेकर मतदाता सूची तक, स्ट्रॉन्ग रूम निरीक्षण और सुरक्षा के दिए निर्देश

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वाराणसी में निर्वाचन आयोग का मंथन( Ai Generated)

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UP Election 2027: भारत निर्वाचन आयोग ने UP चुनाव 2027 के लिए कमर कस ली है. वाराणसी में आयोजित जिलास्तरीय कार्यशाला में EVM और वीवीपैट की जांच, मतदाता सूची पुनरीक्षण और सुरक्षा व्यवस्था पर विशेष ध्यान दिया गया. अधिकारियों को निष्पक्ष मतदान सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं.

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UP Election 2027: उत्तर प्रदेश के आगामी 2027 विधानसभा चुनाव को सुचारू रूप से कराने के लिए भारत निर्वाचन आयोग ने जमीनी स्तर पर अपनी तैयारियां शुरू कर दी हैं. इसी क्रम में शुक्रवार को बनारस शहर में एक दिवसीय जिलास्तरीय कार्यशाला रखी गई है. इस विशेष बैठक में कई प्रशासनिक अफसर हिस्सा लेकर भावी चुनावी रणनीतियों और प्रशासनिक खाके पर विचार-विमर्श करेंगे. आयोग का मुख्य उद्देश्य प्रदेश में निष्पक्ष, पारदर्शी और शांतिपूर्ण मतदान प्रक्रिया सुनिश्चित करना है, जिसकी शुरुआत अब पूर्वी क्षेत्र से हो चुकी है.

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वरिष्ठ अधिकारियों का जमावड़ा: ईवीएम और वीवीपीएटी की होगी गहन जांच

भारत निर्वाचन आयोग के वरिष्ठ उप निर्वाचन आयुक्त मनीष गर्ग के मार्गदर्शन में ईवीएम और वीवीपीएटी की प्रथम चरण की जांच से जुड़ी कार्यशाला संपन्न हो रही है. कार्यक्रम में आयोग के मुख्य सचिव बीसी पात्रा, अवर सचिव राकेश कुमार एवं यूपी के मुख्य निर्वाचन अधिकारी नवदीप रिणवा विशेष रूप से मौजूद हैं. यह टीम चुनावी उपकरणों की तकनीकी गुणवत्ता और उनकी सुरक्षा व्यवस्था की पूरी समीक्षा करेगी. इसके साथ ही अधिकारियों को मशीनों की सुरक्षा और रख-रखाव से जुड़े सभी जरूरी दिशा-निर्देश भी दिए जाएंगे.

22 जिलों के कप्तानों की क्लास: वेयरहाउस और व्यवस्थाओं का लिया जायजा

आयोजित वर्कशॉप में पूर्वांचल के छह प्रमुख मंडलों- वाराणसी, प्रयागराज, गोरखपुर, आजमगढ़, बस्ती और मीरजापुर के 22 जिलों के डीएम तथा सहायक निर्वाचन अधिकारी शामिल हुए हैं. केंद्रीय टीम शहर में स्थित ईवीएम स्ट्रॉन्ग रूम और वेयरहाउस की व्यवस्थाओं का प्रत्यक्ष निरीक्षण भी करेगी. अधिकारियों को मशीनों की चेकिंग, डेटा सत्यापन और चुनावी प्रक्रिया को पूरी तरह पारदर्शी बनाने के सख्त निर्देश दिए गए हैं. इस पहल से आगामी विधानसभा चुनावों के लिए प्रशासनिक तंत्र को समय रहते पूरी तरह दुरुस्त कर लिया जाएगा.

चुनावी मतदाता सूचियों का पुनरीक्षण: नए मतदाताओं को जोड़ने पर विशेष जोर

कार्यशाला के दौरान मतदाता सूची को अपडेट करने और उसे पूरी तरह से त्रुटिरहित बनाने के लिए विस्तृत दिशा-निर्देश दिए गए हैं. आयोग के अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि 18 वर्ष की आयु पूरी करने वाले नए युवाओं का नाम प्राथमिकता के आधार पर वोटर लिस्ट में शामिल किया जाए. इसके साथ ही, फर्जी या दोहरे वोटरों की पहचान कर उनके नाम हटाने की प्रक्रिया भी पारदर्शी तरीके से पूरी की जाएगी. इस कदम का मुख्य उद्देश्य चुनावी डेटा को सटीक और अद्यतन बनाना है.

संवेदनशील बूथों का चिह्नांकन: सुरक्षा व्यवस्था और बल की तैनाती की योजना

निर्वाचन आयोग ने राज्य के सभी 22 जिलों के अधिकारियों को अपने-अपने क्षेत्रों में संवेदनशील और अति-संवेदनशील मतदान केंद्रों की नए सिरे से सूची तैयार करने के निर्देश दिए हैं. बैठक में कानून-व्यवस्था को बनाए रखने और चुनाव के दौरान पर्याप्त पुलिस बल की तैनाती पर भी चर्चा हुई. अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि वे स्थानीय स्तर पर सुरक्षा व्यवस्था का मूल्यांकन करें ताकि भयमुक्त माहौल में मतदान कराया जा सके. इससे ग्रामीण और शहरी दोनों क्षेत्रों में सुरक्षा मजबूत होगी.

डिजिटल प्लेटफॉर्म का उपयोग: ऑनलाइन सेवाओं और शिकायत निवारण को मजबूती

चुनावी प्रक्रिया में पारदर्शिता और गति लाने के लिए डिजिटल तकनीक के उपयोग पर विशेष बल दिया जा रहा है. कार्यशाला में सी-विजिल ऐप और वोटर हेल्पलाइन ऐप जैसे डिजिटल टूल्स के व्यापक प्रचार-प्रसार पर सहमति बनी. इन माध्यमों से आम नागरिक आचार संहिता के उल्लंघन की शिकायतें सीधे आयोग तक पहुंचा सकेंगे. अधिकारियों को निर्देश दिया गया है कि प्राप्त होने वाली सभी शिकायतों का निस्तारण तय समय सीमा के भीतर किया जाए ताकि जनता का भरोसा बना रहे.

अधिकारियों की जवाबदेही तय: चुनावी तैयारियों की नियमित समीक्षा के आदेश

बैठक के अंत में उच्च अधिकारियों ने साफ किया कि चुनावी कार्यों में किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी. सभी जिलाधिकारियों को निर्देश दिया गया है कि वे अपने जिलों में हर सप्ताह चुनावी तैयारियों की समीक्षा करें और प्रगति रिपोर्ट मुख्य निर्वाचन अधिकारी कार्यालय को भेजें. इसके अलावा, चुनाव ड्यूटी में तैनात होने वाले कर्मचारियों के प्रशिक्षण के लिए भी विशेष सत्र आयोजित किए जाएंगे ताकि पूरी मशीनरी बिना किसी बाधा के कुशलतापूर्वक काम कर सके.

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