रांची में 4.10 लाख में से केवल 49,200 गैस उपभोक्ताओं ने कराया इ-केवाइसी
Birsa Munda
गैस कंपनियों ने सभी उपभोक्ताओं के लिए इ-केवाइसी कराना अनिवार्य कर दिया है, लेकिन लोग नहीं दिखा रहे रुचि.
रांची. गैस कंपनियों ने सभी उपभोक्ताओं के लिए इ-केवाइसी कराना अनिवार्य कर दिया है. लेकिन, रांची के उपभोक्ता इसमें रुचि नहीं दिखा रहे हैं. हाल यह है कि रांची में 4.10 लाख उपभोक्ताओं में से अब तक केवल 49,200 उपभोक्ताओं (12 प्रतिशत) ने ही इ-केवाइसी कराया है. इनमें उज्ज्वला योजना और सामान्य उपभोक्ता शामिल हैं. एजेंसी के बार-बार आग्रह के बाद भी लोग इ-केवाइसी कराने नहीं पहुंच रहे हैं.
वेंडरोंं को भी दिया गया जिम्मा
अधिक से अधिक गैस उपभोक्ताओं का इ-केवाइसी हो सके, इसके लिए गैस वेंडरों को भी जिम्मा दिया गया है. उन्हें फिंगर प्रिंट स्कैनर और फेस आइडी से इ-केवाइसी करने को कहा गया है. यही नहीं, वेंडरों को सेफ्टी सुरक्षा की जांच करने को भी कहा गया है. इ-केवाइसी में तेजी लाने के लिए अगले माह से एजेंसी की ओर से अलग-अलग जगहों पर कैंप भी लगाया जायेगा.
क्या है मकसद
इ-केवाइसी कराने का मुख्य मकसद यह है कि सही उपभोक्ताओं की पहचान की जा सके. कई ऐसे उपभोक्ता हैं, जो अपने पते को छोड़ कर दूसरी जगहों पर चले गये हैं, लेकिन उनका कनेक्शन चालू है. इ-केवाइसी नहीं कराने पर आने वाले दिनों में ऐसे उपभोक्ताओं का गैस कनेक्शन ब्लॉक किया जा सकता है.
इ-केवाइसी कराने के लिए जरूरी कागजात
इ-केवाइसी कराने के लिए उपभोक्ताओं के पास आधार कार्ड और गैस कार्ड चाहिए. साथ ही जिन उपभोक्ताओं के नाम से कनेक्शन है, उनका रहना जरूरी है. फिंगर स्कैनर या फेस से इसका सत्यापन किया जायेगा. इ-केवाइसी के लिए डीलर के पास जाना होगा.
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