बॉलीवुड के ड्रग रैकेट को बेनकाब कर रहे रांची के आशीष रंजन, झारखंड में लिया था नक्सलियों से लोहा

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Rhea Drugs Case: सुशांत सिंह राजपूत की मौत के बाद बॉलीवुड के ड्रग रैकेट को बेनकाब कर रहे हैं रांची के आशीष रंजन. सीआइएसएफ के इंस्पेक्टर आशीष ने झारखंड में नक्सलियों से भी लोहा लिया था.

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रांची : सुशांत सिंह राजपूत की मौत की जांच शुरू हुई, तो मामला ड्रग्स के जाल में उलझकर रह गया. इस जाल को तोड़ने में नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो मुंबई (एनसीबी, मुंबई) के जिस अधिकारी ने सबसे अहम भूमिका निभायी उसका नाम है, आशीष रंजन. आशीष झारखंड की राजधानी रांची के रहने वाले हैं.

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मूल रूप से बिहार के बेगूसराय जिला के रहने वाले आशीष रंजन ने मैट्रिक की परीक्षा लाला लाजपत राय स्कूल से की. विवेकानंद विद्या मंदिर से 12वीं की पढ़ाई की, जबकि योगदा कॉलेज से स्नातक की डिग्री ली. वर्ष 1997 में ग्रेजुएशन की परीक्षा पास करने के बाद उन्होंने सरकारी नौकरी की तैयारी शुरू कर दी.

आशीष रंजन को वर्ष 2002 में केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल (सीआइएसएफ) हैदराबाद में नौकरी मिल गयी. वर्ष 2009 में उनका प्रोमोशन हुआ और वह इंस्पेक्टर बन गये. सीआइएसएफ के सब-इंस्पेक्टर के रूप में उन्होंने रांची एयरपोर्ट पर तीन साल तक सेवा दी. वर्ष 2013 से वर्ष 2016 तक बिरसा मुंडा एयरपोर्ट पर हज यात्रा की पूरी व्यवस्था आशीष रंजन के जिम्मे थी.

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वर्ष 2016 में उनका तबादला खलारी कोल फील्ड एरिया में कर दिया गया. यहां वह वर्ष 2019 तक रहे. इस दौरान कई बार नक्सलियों से लोहा लिया. पिपरवार में नक्सलियों ने जब बम विस्फोट किया, उस वक्त आशीष रंजन भी सुरक्षा बलों के दल का हिस्सा थे. वर्ष 2019 में उन्हें डेपुटेशन पर नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो मुंबई भेज दिया गया.

रांची के इस लाल ने यहां भी अपनी क्षमता का लोहा मनवाया. सुशांत सिंह राजपूत की मौत के बाद बॉलीवुड में जब ड्रग्स के रैकेट की चर्चा शुरू हुई, तो उसकी कई परतें उधेड़ने में आशीष रंजन ने अहम भूमिका निभायी. सुशांत की मौत की मास्टरमाइंड मानी जाने वाली रिया चक्रवर्ती को आशीष रंजन ने ही नारकोटिक्स केस में गिरफ्तार किया.

आशीष रंजन ने न केवल रिया चक्रवर्ती को गिरफ्तार किया, बल्कि बॉलीवुड एक्टर्स तक ड्रग्स पहुंचाने वाले कई ड्रग पेडलर्स को भी बेनकाब किया. आशीष ने रिया चक्रवर्ती, सैमुअल मिरांडा, दीपेश सावंत और जैद विलात्रा को गिरफ्तार किया. इतना ही नहीं, उन्होंने रिया केस में एनसीबी मुंबई के कई रेड और ऑपरेशन को लीड किया.

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हटिया के सिंह मोड़ स्थित प्रेम नगर में रहने वाले आशीष रंजन की काबलियत को गृह मंत्रालय ने भी मान्यता दी है. उत्कृष्ट सेवा के लिए इसी साल उन्हें होम मिनिस्टर मेडल मिला है. उनके पिता एजी ऑफिस में सीनियर ऑडिट ऑफिसर हैं.

Posted By : Mithilesh Jha

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