अब जमशेदपुर बनेगा स्मार्ट सिटी, टाटा स्टील ने संभाली कमान, GPS से ट्रैक होगा कचरा

Updated:
विज्ञापन

सांकेतिक तस्वीर

जमशेदपुर कचरा प्रबंधन में एक बड़ी क्रांति लाने के लिए तैयार है. नई एकीकृत प्रणाली से कचरा संग्रहण से लेकर निष्पादन तक सब कुछ ट्रैक किया जाएगा, जिससे शहर की स्वच्छता और पर्यावरण में सुधार होगा.

विज्ञापन

जमशेदपुर: जमशेदपुर को स्वच्छता के मामले में देश के शीर्ष शहरों में शामिल करने की दिशा में कचरा प्रबंधन को लेकर बड़ी योजना पर काम शुरू हो गया है. शहर से रोज निकलने वाले गीले और सूखे कचरे के वैज्ञानिक तरीके से निष्पादन के लिए इंटीग्रेटेड वेस्ट मैनेजमेंट सिस्टम तैयार किया जा रहा है. नयी व्यवस्था के लागू होने के बाद शहर के डंपिंग यार्ड में जमा होने वाले कचरे को कम करने के साथ पर्यावरण और जनस्वास्थ्य में भी सुधार की उम्मीद है.

आपके शहर में

विज्ञापन

टाटा स्टील यूआइएसएल और जमशेदपुर अक्षेस संयुक्त रूप से इस योजना पर काम कर रहे हैं. आदित्यपुर नगर निगम को नोडल एजेंसी बनाया गया है. इसके तहत मानगो नगर निगम, जुगसलाई नगर परिषद और जमशेदपुर अक्षेस के कचरे के निष्पादन का रोडमैप तैयार किया जा रहा है.

कचरा उठाने से लेकर आखरी तक सब होगा ट्रैक

नये सिस्टम में कचरा संग्रहण से लेकर प्रोसेसिंग और लास्ट प्रोसेस तक पूरी प्रक्रिया को डिजिटल और ट्रैक करने योग्य बनाया जायेगा. कचरा वाहनों में जीपीएस लगाया जायेगा, जिससे उनकी आवाजाही और कचरा उठाने की प्रक्रिया की निगरानी की जा सकेगी.

घरों से ही अलग करना होगा गीला-सूखा कचरा

योजना के तहत शत-प्रतिशत सोर्स सेग्रिगेशन पर जोर रहेगा. घरों और व्यावसायिक प्रतिष्ठानों से गीले, सूखे और हजार्डस कचरे को अलग-अलग एकत्र किया जायेगा. इसके लिए व्यवस्था को सख्ती से लागू करने की तैयारी है.

कचरे से बनेगी खाद और बायोगैस

गीले कचरे के इस्तेमाल से जैविक खाद और बायोगैस बनाने के लिए आधुनिक प्रोसेसिंग यूनिट की क्षमता बढ़ायी जायेगी. वहीं, सूखे कचरे में से प्लास्टिक को अलग कर रिसाइकलिंग और सड़क निर्माण जैसी गतिविधियों में इस्तेमाल के लिए भेजा जायेगा. इसके अलावा वेस्ट-टू-एनर्जी और कंपोस्टिंग प्लांट लगाने की भी योजना है.

ओपन डंपिंग प्वाइंट से मिलेगी राहत

जमशेदपुर, मानगो, जुगसलाई और टाटा कमांड एरिया में कचरा निस्तारण लंबे समय से चुनौती बना हुआ है. कई इलाकों में सड़क किनारे बने ओपन गार्बेज प्वाइंट के कारण लोगों को दुर्गंध और प्रदूषण की परेशानी होती है. नयी व्यवस्था लागू होने के बाद इन डंपिंग प्वाइंट को पूरी तरह खत्म करने का लक्ष्य रखा गया है.

2027 से शुरू हो सकता है पोटका का नया डंपिंग यार्ड

टाटा स्टील की ओर से पोटका में कचरा डंपिंग यार्ड तैयार किया गया है. इसके 2027 तक शुरू होने की उम्मीद है. यहां कचरे के पृथक्करण के साथ उसके पुन: उपयोग की संभावनाओं पर काम किया जायेगा. इसके लिए पर्यावरणीय क्लियरेंस भी मिल चुका है.

टाटा स्टील के साथ मिलकर काम शुरू

टाटा स्टील के प्रवक्ता राजेश राजन ने कहा कि जेएनएसी के साथ मिलकर काम शुरू किया गया है. स्वच्छ शहर बनाने की दिशा में यह महत्वपूर्ण कदम है. तकनीक और बेहतर समन्वय के जरिये पूरे जमशेदपुर में साफ-सफाई की व्यवस्था को बेहतर किया जायेगा.

जेएनएसी के नगर आयुक्त योगेंद्र प्रसाद ने कहा कि कचरे के निष्पादन को लेकर लगातार प्रयास किये जा रहे हैं. टाटा स्टील के सहयोग से पूरे शहर के कचरे का वैज्ञानिक तरीके से निष्पादन किया जायेगा. इसे लेकर काम चल रहा है.


विज्ञापन

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola