Bokaro News : मांगा गया 4025 क्विंटल बीज, आवंटन हुआ मात्र 1100 क्विंटल
Bokaro News : बोकारो जिला को 4025 क्विंटल की जगह मात्र 1100 क्विंटल बीज का आवंटन हुआ है.
बोकारो जिला में इस साल सिर्फ बारिश ही नहीं, बल्कि बीज संकट भी खरीफ फसल की खेती को प्रभावित कर सकता है. बोकारो समेत झारखंड में इस साल मानसून में बादल के कम बरसने का अनुमान लगाया जा रहा है. प्री मानसून में भी जिला में अपेक्षाकृत कम बारिश हुई है. जून माह में अब तक 44 प्रतिशत कम बारिश हुई है. जानकारी के मुताबिक जिला में अभी तक बीज उपलब्ध नहीं कराये गये हैं. जिला में मानसून की खेती को लेकर विभिन्न फसलों के 4025 क्विंटल बीज की मांग की गयी थी. इसके बदले अभी तक मात्र 1100 क्विंटल बीज का आवंटन ही हुआ है. इधर, रोहिणी नक्षत्र बीत गया है. धान समेत खरीफ फसलों की खेती के लिए रोहिणी नक्षत्र को उपयोगी माना जाता है. विशेषकर धान की बुआई और नर्सरी (बिचड़ा) तैयार करने के लिए सबसे महत्वपूर्ण समय माना जाता है. लेकिन, अभी तक बीज की अनुपलब्धता के कारण बीज से संबंधित काम नहीं हो सकेगा.
अभी भी एक सप्ताह से अधिक का समय लगेगा
इधर, विभाग की माने तो राज्य सरकार की ओर से संचालित बीज विनिमय व वितरण योजना के तहत किसानों को 50% अनुदानित दर पर गुणवत्तायुक्त बीज उपलब्ध कराने की दिशा में कार्रवाई शुरू कर दी गयी है. धान के प्रभेद एमटीयू-7029 के 500 क्विंटल व आरएम-1 के 100 क्विंटल बीज की आपूर्ति के लिए राष्ट्रीय बीज निगम के पक्ष में अग्रिम राशि (ड्राफ्ट) जमा कर दी गयी है. राष्ट्रीय बीज निगम की ओर से उक्त बीज की आपूर्ति अगले तीन दिनों के भीतर किये जाने की संभावना है. विभाग को बीज प्राप्त होने के बाद नियमानुसार बीज गुणवत्ता परीक्षण के लिए नमूना राज्य बीज परीक्षण प्रयोगशाला, रांची भेजा जायेगा. प्रयोगशाला से निर्धारित मानकों के अनुरूप परीक्षण प्रतिवेदन प्राप्त होने के बाद ही बीजों का वितरण पैक्स, किसान उत्पादक संगठन व थोक कृषि आदान विक्रेताओं के माध्यम से किसानों के बीच होगा. यानी किसानों तक अनुदानित दर पर बीज उपलब्ध होने में अभी भी एक सप्ताह से अधिक का समय लग सकता है.
राज्य स्तर से बीज उपलब्ध होने में भी करना होगा इंतजार
राज्य स्तर से बोकारो जिला को संकर धान डीआरआरएच-02 का 100 क्विंटल, संकर धान अराईज-6444 गोल्ड का 100 क्विंटल, मूंग (सूर्या) 100 क्विंटल, अरहर (आइपीए-15-2) 100 क्विंटल, उड़द (कोटा उड़द-03) 100 क्विंटल, मूंगफली (जी-4) 50 क्विंटल व तिल (जीटी-5) 50 क्विंटल बीज आवंटित किया गया है. इन बीजों के लिए ड्राफ्ट अगले दो दिन के अंदर संबंधित बीज आपूर्तिकर्ता संस्थाओं के पक्ष में जमा होगा. इसके बाद बीज आपूर्ति की प्रक्रिया प्रारंभ होगी. जिला कृषि विभाग की ओर से अल्पवृष्टि व सूखा की परिस्थिति से निपटने के उद्देश्य से खरीफ 2026 के लिए धान बीज की आवश्यकता का आकलन कर निदेशालय को प्रतिवेदन भेजा गया है. कुल 4025 क्विंटल धान बीज की मांग की गयी है. इसमें आर मंसूरी 1595 क्विंटल, एमटीयू-7029 1170 क्विंटल, एमटीयू 1010 560 क्विंटल, आइआर-64 520 क्विंटल, अराइज-6444 गोल्ड 80 क्विंटल, डीआरआरएच-02 75 क्विंटल, सहभागी 20 क्विंटल व एराईज-8433 पांच क्विंटल शामिल है.जिला कृषि पदाधिकारी ने कहा
जिला कृषि पदाधिकारी मोहम्मद शाहिद ने कहा कि किसानों को समय पर गुणवत्तायुक्त बीज उपलब्ध कराने के लिए आवश्यक सभी प्रक्रियाएं प्राथमिकता के आधार पर पूरी की जा रही है. जिला को पहले फेज में 1100 क्विंटल बीज आवंटित किया गया है. आने वाले दिनों में फिर से लगभग इतना ही में बीज उपलब्ध होगा.आपके शहर में
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए