खान सर की कोचिंग में नहीं मिले जरूरी सुरक्षा इंतजाम, जांच में मिलीं 10 बड़ी कमियां, विभाग ने दी चेतावनी

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सीनियर कमांडेंट रितेश कुमार पांडे

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Khan Global Studies Fire Safety Notice: खान ग्लोबल स्टडीज को फायर सेफ्टी नियमों में कई कमियां मिलने के बाद नोटिस जारी किया गया है. फायर विभाग ने 7 से 10 दिनों के भीतर सभी खामियां दूर करने का निर्देश दिया है. तय समय में सुधार नहीं होने पर कोचिंग को खाली कराकर सील करने की कार्रवाई की जा सकती है.

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Khan Global Studies Fire Safety Notice: बिहार फायर सर्विस ने पटना स्थित खान ग्लोबल स्टडीज को फायर सेफ्टी मानकों में कमी पाए जाने के बाद नोटिस जारी किया है. सीनियर कमांडेंट रितेश कुमार पांडे ने प्रभात खबर के रिपोर्टर रोहित वर्मा को बताया कि हाल ही में हुए फायर सेफ्टी ऑडिट में कई गंभीर खामियां सामने आई हैं. संस्थान को 7 से 10 दिनों के भीतर सभी कमियां दूर करने का निर्देश दिया गया है.

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रितेश कुमार पांडे ने बताया कि दिल्ली और मुजफ्फरपुर में हुई हाल की घटनाओं के बाद सभी होटल, कोचिंग संस्थानों और अन्य भीड़भाड़ वाले परिसरों की जांच की जा रही है. सभी को अग्निशमन सुरक्षा नियमों का पालन करने का आदेश दिया गया है.

पहले भी किया गया था ऑडिट

सीनियर कमांडेंट ने बताया कि खान ग्लोबल स्टडीज का पहले भी फायर ऑडिट किया गया था. उस समय भी कई सुझाव दिए गए थे. संस्थान को आपातकालीन सीढ़ी बनाने, पर्याप्त क्षमता का पानी का टैंक लगाने और ऑटोमैटिक फायर डिटेक्शन सिस्टम लगाने की सलाह दी गई थी. हालिया जांच में पाया गया कि कई जरूरी व्यवस्थाएं अब भी पूरी नहीं की गई हैं. इसी वजह से नोटिस जारी किया गया है.

25 मई को हुई थी जांच

फायर सर्विस की टीम ने 25 मई को संस्थान की जांच की थी. जांच के दौरान कई सुरक्षा मानकों का पालन नहीं होने की बात सामने आई. इसके बाद संस्थान को कमियां दूर करने के लिए 7 से 10 दिन का समय दिया गया है. अधिकारियों ने साफ कहा है कि तय समय के भीतर सुधार नहीं हुआ तो आगे की कार्रवाई की जाएगी. जरूरत पड़ने पर परिसर को खाली करवाकर सील भी किया जा सकता है.

खान ग्लोबल स्टडीज में मिलीं ये प्रमुख कमियां

  • बिल्डिंग में फिक्स्ड फायर फाइटिंग सिस्टम नहीं मिला.
  • नियम के अनुसार 25 हजार लीटर क्षमता का ओवरहेड वाटर टैंक होना चाहिए, लेकिन केवल 5 हजार लीटर का टैंक मौजूद है.
  • 900 लीटर प्रति मिनट क्षमता वाला फायर पंप नहीं लगाया गया है.
  • डाउन कमर सिस्टम नहीं पाया गया.
  • एग्जिट साइनेज की व्यवस्था नहीं है.
  • फायर अलार्म सिस्टम उपलब्ध नहीं है.
  • आवश्यक संख्या में ABC और CO2 प्रकार के फायर एक्सटिंग्विशर नहीं मिले.
  • इलेक्ट्रिकल सुरक्षा के लिए रबर मैट नहीं लगाया गया है.
  • सेटबैक की व्यवस्था नहीं पाई गई.
  • भवन में दो सीढ़ियां होनी चाहिए, लेकिन यह व्यवस्था नहीं है.

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एक ही सीढ़ी होने पर भी उठे सवाल

फायर सर्विस अधिकारियों के अनुसार भवन में केवल एक सीढ़ी होने की बात भी सामने आई है. आपात स्थिति में लोगों को सुरक्षित बाहर निकालने के लिए अतिरिक्त सीढ़ी की जरूरत बताई गई है.

अधिकारियों का कहना है कि भीड़भाड़ वाले संस्थानों में फायर सेफ्टी के नियमों का पालन बेहद जरूरी है. इसलिए सभी संस्थानों को निर्धारित समय के भीतर कमियां दूर करने का निर्देश दिया गया है.

फायर सर्विस विभाग ने संकेत दिया है कि जिन संस्थानों में गंभीर खामियां मिली हैं और समय पर सुधार नहीं किया जाएगा, वहां कार्रवाई की जाएगी. ऐसे मामलों में पहले परिसर खाली कराया जाएगा और उसके बाद सील करने की प्रक्रिया अपनाई जाएगी.

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