पटना : जीएसटी में सामान का बिल कम बनाकर करते हैं गड़बड़ी

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पटना : जीएसटी (गुड्स एंड सर्विस टैक्स) लागू हुए एक वर्ष से ज्यादा समय हो गये हैं. अब इसमें भी गड़बड़ी करने का रास्ता कुछ लोगों ने निकाल लिया है. हाल के दिनों में हुई कुछ जांच में यह बात सामने आयी कि जीएसटी में टैक्स चोरी के लिए सबसे बड़े स्तर पर कम या […]

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पटना : जीएसटी (गुड्स एंड सर्विस टैक्स) लागू हुए एक वर्ष से ज्यादा समय हो गये हैं. अब इसमें भी गड़बड़ी करने का रास्ता कुछ लोगों ने निकाल लिया है. हाल के दिनों में हुई कुछ जांच में यह बात सामने आयी कि जीएसटी में टैक्स चोरी के लिए सबसे बड़े स्तर पर कम या गलत बिलिंग का हथकंडा अपनाया जा रहा है. कुछ मामलों में बिना बिल के ही सामान बेचने के मामले सामने आ रहे हैं. जीएसटी की केंद्रीय इकाई और राज्य के वाणिज्य कर विभाग को भी काफी संख्या में कम बिलिंग की शिकायत मिल रही हैं.
हाल में राज्य के वाणिज्य कर विभाग ने राज्य के पांच शहरों में चार व्यापारियों के यहां छापेमारी में भी इस तरह के मामले काफी बड़ी संख्या में सामने आये थे. इनके पास से जीएसटी के तहत टैक्स चोरी के करीब साढ़े तीन करोड़ रुपये की गड़बड़ी सामने आयी थी. इसके अलावा केंद्रीय जीएसटी विभाग के पास भी कम बिलिंग की शिकायतें काफी बड़े स्तर पर मिली है. इन शिकायतों पर सख्त कार्रवाई की तैयारी पूरी हो चुकी है. जल्द ही कार्रवाई शुरू होने जा रही है. सबसे ज्यादा कम बिलिंग की शिकायत थोक व्यवसाय में मिल रही है.
खासकर खाद्य पदार्थों, भवन सामग्रियों, कपड़ा (रेडीमेड और खुदरा दोनों) समेत ऐसे अन्य पदार्थों में कम बिलिंग या बिना बिल के सामान बेचने के मामले सबसे ज्यादा हैं. ग्राहकों को भी कम या गलत बिलिंग या बिना बिलिंग के सामान बेचने का प्रलोभन यह बोलकर व्यापारी देते हैं कि उन्हें कम मूल्य पर ही टैक्स देना पड़ेगा. इस तरह कम मूल्य पर टैक्स देने के चक्कर में ग्राहक भी कम बिल ले लेते हैं. जबकि इस कम बिलिंग की आड़ में बिना बिल वाला या गलत बिल वाले समान को व्यवसायी आराम से खपा देते हैं.

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