मुखिया जी की ये लापरवाही पड़ सकती है भारी, पंचायतों की बन रही लिस्ट, अफसरों पर भी हो सकता है एक्शन

Updated:
विज्ञापन

AI फोटो

Panchayat Chunav 2026: बिहार में पंचायत चुनाव से पहले यहां होने वाले काम को लेकर सख्ती बढ़ा दी गई है. पंचायतों के विकास कार्यों में लापरवाही बरतने पर मुखिया, सचिव और अफसरों तक पर कार्रवाई हो सकती है. उनके खिलाफ एक्शन लिया जा सकता है.

विज्ञापन

Panchayat Chunav 2026: बिहार की पंचायतों में होने वाले कामकाज को लेकर सरकार सख्त हो गई है. अगर आपकी पंचायत में विकास योजनाओं का काम धीमा है या नियमों की अनदेखी की जा रही है, तो यह खबर आपके लिए बेहद अहम है. पंचायती राज विभाग ने सभी जिलों को स्पष्ट निर्देश दिया है कि सरकारी योजनाओं में किसी भी तरह की लापरवाही, अनियमितता या घटिया निर्माण अब बिल्कुल बर्दाश्त नहीं किया जाएगा.

आपके शहर में

विज्ञापन

1 प्रतिशत से कम राशि खर्च होने पर इन पर होगी कार्रवाई

मिली जानकारी के मुताबिक, सरकार ने साफ कहा है कि जिन पंचायतों में विकास योजनाओं की राशि का 1 प्रतिशत से भी कम खर्च हुआ है, वहां जिम्मेदार अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों की जवाबदेही तय की जाएगी. ऐसे मामलों में मुखिया और पंचायत सचिव के खिलाफ कार्रवाई हो सकती है.

ऐसा करने पर एजेंसी हो सकती है ब्लैक लिस्ट

इतना ही नहीं, 15 लाख रुपये से ज्यादा की लागत वाली योजनाओं में बिना टेंडर के काम कराने या नियमों का उल्लंघन करने पर संबंधित अधिकारियों पर भी सख्त कार्रवाई होगी. जबकि जर्जर पंचायत भवनों की मरम्मत या नए निर्माण में देरी करने वाली एजेंसियों पर फाइन लगाया जाएगा. साथ ही अगर निर्माण कार्य की गुणवत्ता खराब पाई गई, तो संबंधित एजेंसियों को ब्लैक लिस्ट तक किया जा सकता है.

अच्छा काम करने पर मिलेगा प्रोत्साहन

सरकार ने सिर्फ सख्ती ही नहीं दिखाई है, बल्कि बेहतर काम करने वाली पंचायतों के लिए प्रोत्साहन भी रखा है. जो पंचायतें योजनाओं को समय पर, पारदर्शिता के साथ और गुणवत्तापूर्ण तरीके से पूरा करेंगी, उन्हें भविष्य की विकास योजनाओं में प्राथमिकता मिलेगी.

पंचायती राज विभाग ने स्पष्ट किया है कि अब हर जिले में योजनाओं की नियमित निगरानी होगी और किसी भी तरह की गड़बड़ी सामने आने पर तुरंत कार्रवाई की जाएगी. यानी अब पंचायतों में विकास कार्यों की रफ्तार, गुणवत्ता और जवाबदेही तीनों पर सरकार की पैनी नजर रहेगी.

पंचायतों को बनाया जाएगा आत्मनिर्भर

बिहार में पंचायतों को आत्मनिर्भर बनाने के लिए जरूरी फैसला लिया गया. कैबिनेट की बैठक में ग्राम पंचायत कर, दर और शुल्क नियमावली-2026 को मंजूरी दी गई थी. ऐसे में अब गांवों से भी होल्डिंग टैक्स वसूले जायेंगे. घर, सिनेमा हॉल, हाट-बाजार, मंदिर समेत अन्य प्रतिष्ठानों से कितने कर लिए जायेंगे, इसका भी निर्धारण किया गया है.

Also Read:बिहार के इस जिले में 125 करोड़ से बनेगा इंडस्ट्रियल हब, 687 एकड़ जमीन का होगा अधिग्रहण, ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे से जुड़ेगा


विज्ञापन

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन