बेतिया: 71 किशोरियों के लिए गए रक्त नमूने, अब रिपोर्ट बताएगी एनीमिया की स्थिति

Updated:
विज्ञापन

क्षेत्रीय आयुर्वेद अनुसंधान संस्थान की टीम ने लगाया स्वास्थ्य जांच शिविर

वाल्मीकिनगर के संतपुर सोहरिया पंचायत में किशोरियों के स्वास्थ्य को लेकर विशेष शिविर लगाया गया. एनीमिया परियोजना के तहत 71 किशोरियों के रक्त नमूने संग्रहित किए गए, जिससे उनकी स्वास्थ्य स्थिति का वैज्ञानिक आकलन हो सकेगा.

विज्ञापन

Valmikinagar News: बेतिया. वाल्मीकिनगर थाना क्षेत्र के संतपुर सोहरिया पंचायत स्थित कदमहिया में मंगलवार को किशोरियों के स्वास्थ्य परीक्षण को लेकर विशेष शिविर लगाया गया. क्षेत्रीय आयुर्वेद अनुसंधान संस्थान, अगमकुआं पटना की ओर से भीमराव आंबेडकर आवासीय विद्यालय में आयोजित शिविर में एनीमिया परियोजना के तहत 71 किशोरियों के रक्त नमूने संग्रहित किए गए. जांच रिपोर्ट के आधार पर किशोरियों के स्वास्थ्य को लेकर आगे आवश्यक परामर्श और कार्रवाई की जाएगी.

आपके शहर में

विज्ञापन

71 किशोरियों के लिए गए रक्त नमूने

शिविर के दौरान अनुसंधान अधिकारियों और परियोजना टीम ने किशोरियों में एनीमिया की स्थिति की जांच के लिए रक्त नमूने संग्रहित किए. डॉ. बनमाली दास ने बताया कि रक्त नमूनों की जांच के माध्यम से किशोरियों में एनीमिया की स्थिति का वैज्ञानिक आकलन किया जाएगा.

जांच रिपोर्ट के आधार पर जरूरत के अनुसार स्वास्थ्य परामर्श और आगे की आवश्यक कार्रवाई में मदद मिलेगी.

स्वास्थ्य जांच को लेकर किशोरियों को किया गया जागरूक

विद्यालय प्रबंधन ने किशोरियों को स्वास्थ्य जांच के लिए प्रेरित करने के साथ पूरी प्रक्रिया को व्यवस्थित ढंग से संपन्न कराने में सहयोग किया. विद्यालय की प्राचार्या अनुपमा कुमारी और संजीत कुमार ने कार्यक्रम को सफल बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभायी.

आयरन युक्त आहार पर दिया जोर

आदिवासी अनुरक्षण अनुसंधान कार्यक्रम के सदस्य प्रकाश कुमार ने कहा कि किशोरियों में एनीमिया की समय पर पहचान बेहद जरूरी है. संतुलित और आयरन युक्त आहार, पर्याप्त पोषण, नियमित स्वास्थ्य जांच तथा समय पर चिकित्सकीय परामर्श से एनीमिया की समस्या को नियंत्रित करने में मदद मिल सकती है.

उन्होंने बताया कि किशोरियों के स्वास्थ्य संरक्षण और एनीमिया की रोकथाम के लिए आगे भी ऐसे शिविर आयोजित किए जाएंगे.

अनुसंधान टीम ने किया सहयोग

रक्त नमूना संग्रह और जांच प्रक्रिया में आयुष मंत्रालय द्वारा चयनित प्रयोगशाला एमजे डायग्नोस्टिक सेंटर के संचालक मृत्युंजय कुमार ने टीम के साथ सहयोग किया.

मौके पर आदिवासी अनुरक्षण अनुसंधान कार्यक्रम के सदस्य डॉ. शमीम आलम, प्रकाश कुमार और विसम्बर हलदार समेत अन्य सदस्य मौजूद रहे.

यह भी पढ़ें: आजादी के दशकों बाद भी खाट ही बनी एंबुलेंस, दोन की इस तस्वीर ने खोल दी विकास की जमीनी हकीकत


विज्ञापन

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन