आरा सदर अस्पताल में गर्मी के कारण बढ़े डिहाइड्रेशन के मरीज, रोज पहुंच रहे 4 से 5 पीड़ित

Updated:
विज्ञापन
सदर अस्पताल | Prabhat Khabar Network

सदर अस्पताल

आरा जिले में भीषण गर्मी का असर लोगों की सेहत पर पड़ रहा है. लगातार बढ़ते तापमान से डिहाइड्रेशन, बुखार और लू जैसी बीमारियों के मरीज अस्पतालों में पहुंच रहे हैं. सदर अस्पताल में हर रोज 4 से 5 ऐसे मरीज आ रहे हैं.

विज्ञापन

Arrah News : आरा जिले में पड़ रही भीषण गर्मी का असर अब लोगों की सेहत पर साफ दिखाई देने लगा है. लगातार बढ़ते तापमान के कारण बड़ी संख्या में लोग बीमार पड़ रहे हैं. तेज धूप और गर्म हवा की वजह से डिहाइड्रेशन, बुखार, लू और दूसरी गर्मी से जुड़ी बीमारियों के मरीज अस्पतालों में पहुंच रहे हैं.

गर्मी का आलम यह है कि लोगों का घरों में रहना भी मुश्किल हो गया है. दिन के समय बाहर निकलने वाले लोगों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है. तेज धूप के कारण ऐसा महसूस हो रहा है जैसे आसमान से आग बरस रही हो. खासकर पैदल चलने वाले लोगों के लिए यह समय काफी चुनौतीपूर्ण बना हुआ है.

बदलते मौसम और लगातार बढ़ रहे तापमान के कारण शरीर में पानी की कमी होने लगी है. यही वजह है कि अस्पतालों में डिहाइड्रेशन के मरीजों की संख्या बढ़ गई है. डॉक्टरों के अनुसार गर्मी के मौसम में शरीर में पानी और नमक की कमी होने से कमजोरी, चक्कर, बुखार और थकान जैसी समस्या सामने आ रही है.

सदर अस्पताल में रोज पहुंच रहे डिहाइड्रेशन के मरीज

आरा जिले के सबसे बड़े सरकारी अस्पताल सदर अस्पताल में इन दिनों गर्मी से प्रभावित मरीज लगातार पहुंच रहे हैं. अस्पताल प्रबंधन के अनुसार प्रतिदिन करीब 4 से 5 मरीज डिहाइड्रेशन की शिकायत लेकर अस्पताल आ रहे हैं. इनमें कई मरीज बुखार से भी पीड़ित पाए जा रहे हैं.

सदर अस्पताल के अस्पताल मैनेजर शशि कुमार ने बताया कि कुछ दिन पहले जब बारिश नहीं हो रही थी और गर्मी अपने चरम पर थी, उस समय लू और गर्मी से जुड़ी बीमारियों के मरीजों की संख्या और अधिक बढ़ गई थी. उस दौरान प्रतिदिन औसतन 10 से 12 मरीज लू और उससे संबंधित समस्याओं को लेकर अस्पताल पहुंच रहे थे.

उन्होंने बताया कि गर्मी से प्रभावित मरीजों के इलाज को लेकर अस्पताल में पर्याप्त व्यवस्था की गई है. वर्तमान समय में भी प्रतिदिन 4 से 5 मरीज डिहाइड्रेशन और गर्मी से जुड़ी समस्याओं को लेकर पहुंच रहे हैं.

लू, डायरिया और फूड पॉइजनिंग का बढ़ा खतरा

चिकित्सकों के अनुसार गर्मी के मौसम में तेज तापमान और शरीर में पानी की कमी के कारण कई तरह की स्वास्थ्य समस्याएं बढ़ जाती हैं. इसमें लू लगना, डायरिया, फूड पॉइजनिंग, घमौरियां और त्वचा संबंधी परेशानियां आम हैं.

गर्मी और नमी बढ़ने से शरीर पर सीधा असर पड़ता है. ऐसे मौसम में थोड़ी सी लापरवाही भी लोगों को बीमार कर सकती है. डॉक्टरों का कहना है कि गर्मी से बचाव ही सबसे बेहतर उपाय है.

लोगों को सलाह दी जा रही है कि पर्याप्त मात्रा में पानी पिएं. नींबू पानी, ओआरएस और अन्य तरल पदार्थों का सेवन करते रहें. तेज धूप में बेवजह बाहर निकलने से बचें और अगर जरूरी काम से बाहर जाना पड़े तो शरीर को ढककर निकलें.

प्रखंडों के अस्पतालों में भी पहुंच रहे गर्मी से प्रभावित मरीज

गर्मी का असर सिर्फ सदर अस्पताल तक सीमित नहीं है. जिले के प्रखंडों में स्थित सरकारी अस्पतालों में भी लू और डिहाइड्रेशन से परेशान मरीज पहुंच रहे हैं. इसके अलावा निजी अस्पतालों और क्लिनिकों में भी ऐसे मरीजों की संख्या बढ़ी है.

सिविल सर्जन डॉ शिवेंद्र कुमार सिंहा ने लोगों से अपील करते हुए कहा कि गर्मी और लू से बचाव के लिए सावधानी बरतना जरूरी है. उन्होंने कहा कि कड़ी धूप में बाहर निकलने से बचना चाहिए और शरीर में पानी की कमी नहीं होने देनी चाहिए.


विज्ञापन
Narendra Prasad Sin

लेखक के बारे में

By Narendra Prasad Sin

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन