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BCCI की चयन समिति की एक भी बैठक में मुझे नहीं बुलाया गया, टीम इंडिया के पूर्व कोच रवि शास्त्री का बड़ा खुलासा

Updated at : 29 Apr 2023 12:30 AM (IST)
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BCCI की चयन समिति की एक भी बैठक में मुझे नहीं बुलाया गया, टीम इंडिया के पूर्व कोच रवि शास्त्री का बड़ा खुलासा

टीम इंडिया के पूर्व मुख्य कोच रवि शास्त्री ने एक बड़ा खुलासा करते हुए कहा कि उन्हें एक बार भी टीम के चयन की बैठक में नहीं बुलाया गया. शास्त्री करीब 7 साल टीम के साथ जुड़े रहे. इस दौरान उन्होंने एक बार भी चयन समिति की बैठक में हिस्सा नहीं लिया. हालांकि उन्होंने इसे एक कोच के लिए अच्छा ही बताया.

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भारतीय क्रिकेट टीम के पूर्व मुख्य कोच रवि शास्त्री ने खुलासा किया कि उन्होंने टीम के साथ अपने दो कार्यकाल के दौरान एक भी चयन बैठक में भाग नहीं लिया है. शास्त्री का 2014 और 2021 के बीच राष्ट्रीय टीम के साथ पहले टीम निदेशक के रूप में और फिर टीम के मुख्य कोच के रूप में सात साल का कार्यकाल रहा. 2021 टी20 विश्व कप से भारत के बाहर होने के बाद उनकी जगह राहुल द्रविड़ ने ली थी.

रवि शास्त्री ने किया बड़ा खुलासा

ESPNCricinfo के साथ एक साक्षात्कार में रवि शास्त्री से पूछा गया कि चयन प्रक्रिया वास्तव में कैसी होती है और उनके जवाब ने चैट शो के होस्ट को भी आश्चर्यचकित कर दिया. उन्होंने कहा कि मेरे पास चयन बैठकों में भाग लेने का प्रत्यक्ष अनुभव शून्य है. सात साल मैं टीम का हिस्सा था, लेकिन मैं कभी भी चयन बैठक के पास नहीं गया, या मुझे आमंत्रित नहीं किया गया था.

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शास्त्री ने कहा यह कोच के लिए अच्छा

शास्त्री ने कहा कि मुझे लगता है कि एक कोच को इस बैठक में आमंत्रित किया जाना चाहिए. उन्होंने कहा कि आप खिलाड़ियों के साथ बहुत समय बिताते हैं. ऐसे में यह महत्वपूर्ण है कि आप भी जानें कि चयनकर्ता किन चीजों पर क्या सोचते हैं. बैठक के बारे में उन्होंने कहा कि मुझे कोई अंदाजा नहीं है कि यह कैसे शुरू होता है और कैसे समाप्त होता है. बैठक में कौन-कौन होते हैं. शास्त्री ने हालांकि, यह भी बताया कि कैसे चयन बैठकों में उनकी उपस्थिति क्रिकेटरों के साथ उनके संबंधों को बदल सकती थी.

खिलाड़ियों को कोच पर बहुत भरोसा होता है

उन्होंने कहा कि मुझे खिलाड़ी के भरोसे की जरूरत थी. अगर कोई खिलाड़ी जानता है कि मैं एक चयनकर्ता हूं या मैं चयनसमिति के अध्यक्ष को प्रभावित कर सकता हूं, तो क्या वह मेरे साथ खुल पायेगा? क्या वह मुझ पर उतना ही भरोसा करेगा? मेरे दृष्टिकोण से, इसीलिए मैंने सोचा कि दूर रहना सबसे अच्छा है, लेकिन लंबे समय में, खासकर जब एक टीम पुनर्निर्माण के चरण में हो, तो यह बेहद महत्वपूर्ण है कि एक कोच जो खिलाड़ियों के साथ बहुत समय बिताता है उसे जानकारी दी जाए.

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AmleshNandan Sinha

लेखक के बारे में

By AmleshNandan Sinha

अमलेश नंदन सिन्हा प्रभात खबर डिजिटल में वरिष्ठ पत्रकार के रूप में कार्यरत हैं. इनके पास हिंदी पत्रकारिता में 20 से अधिक वर्षों का अनुभव है. रांची विश्वविद्यालय से पत्रकारिता की पढ़ाई करने के बाद से इन्होंने कई समाचार पत्रों के साथ काम किया. इन्होंने पत्रकारिता की शुरुआत रांची एक्सप्रेस से की, जो अपने समय में झारखंड के विश्वसनीय अखबारों में से एक था. एक दशक से ज्यादा समय से ये डिजिटल के लिए काम कर रहे हैं. झारखंड की खबरों के अलावा, समसामयिक विषयों के बारे में भी लिखने में रुचि रखते हैं. विज्ञान और आधुनिक चिकित्सा के बारे में देखना, पढ़ना और नई जानकारियां प्राप्त करना इन्हें पसंद है.

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