बिहार में अब बालू और गिट्टी माफियाओं की खैर नहीं, संपत्ति होगी जब्त, अवैध खनन में लगाए वाहनों की नीलामी कर देगी सरकार

बिहार में बालू और गिट्टी का अवैध खनन करने वालों पर शिकंजा कसेगा. अवैध कारोबार करने वाले और इससे अवैध धन जमा करने वालों की संपत्ति सरकार जब्त करेगी. राज्य सरकार इसके लिए नया नियम बनाने की तैयारी कर रही है. साथ ही पूर्व के कानूनों का भी सहारा लिया जायेगा. अवैध बालू खनन और इसकी ढुलाई में पकड़े गये मशीन या वाहनों को छुड़ाने के लिए जुर्माने की राशि का निर्धारण भी वाहन की मूल्य के अनुसार तय किया जायेगा. पकड़े गये मशीन या वाहन को एक महीने तक उनके मालिकों द्वारा जुर्माने की राशि देकर नहीं ले जाने पर उसकी नीलामी कर दी जायेगी.
बिहार में बालू और गिट्टी का अवैध खनन करने वालों पर शिकंजा कसेगा. अवैध कारोबार करने वाले और इससे अवैध धन जमा करने वालों की संपत्ति सरकार जब्त करेगी. राज्य सरकार इसके लिए नया नियम बनाने की तैयारी कर रही है. साथ ही पूर्व के कानूनों का भी सहारा लिया जायेगा. अवैध बालू खनन और इसकी ढुलाई में पकड़े गये मशीन या वाहनों को छुड़ाने के लिए जुर्माने की राशि का निर्धारण भी वाहन की मूल्य के अनुसार तय किया जायेगा. पकड़े गये मशीन या वाहन को एक महीने तक उनके मालिकों द्वारा जुर्माने की राशि देकर नहीं ले जाने पर उसकी नीलामी कर दी जायेगी.
सूत्रों ने बताया कि राज्य सरकार को बालू और गिट्टी के अवैध खनन, इसकी ढुलाई और बिक्री से बड़े पैमाने पर राजस्व की हानि हो रही है. साथ ही आम लोगों को भी उचित कीमत में इसकी आपूर्ति नहीं हो पा रही. राजधानी पटना सहित राज्य के कई हिस्सों से 100 सीएफटी बालू इस समय पांच से छह हजार रुपये तक में मिलने की सूचना है. सामान्य दिनों में इसकी उपलब्धता 3500 रुपये तक में हो जाती थी.
बालू के अवैध खनन और ढुलाई मामले में हाल ही में पटना के खान निरीक्षक निलंबित किये गये हैं. साथ ही आरा जिले में बड़हरा थाना प्रभारी पर भी कार्रवाई चल रही है. खान एवं भूतत्व विभाग की रिपोर्ट के अनुसार एक अप्रैल से 31 मई तक राज्य भर में अवैध बालू खनन मामले में 295 लोगों की गिरफ्तारी हुई. 403 एफआइआर दर्ज किये गये. 2575 छापेमारी के दौरान 4351 वाहनों को जब्त किया गया. साथ ही इस मामले में 11 करोड़ 76 लाख 85 हजार रुपये जुर्माने के रूप में वसूल किये गये.
POSTED BY: Thakur Shaktilochan
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
लेखक के बारे में
By Prabhat Khabar News Desk
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए










