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पहली बार बूढ़ा पहाड़ पर लैंड हुआ MI 17 हेलीकॉप्टर, Operation Octopus में सुरक्षाबलों को मिलेगी मदद

Updated at : 16 Sep 2022 8:21 PM (IST)
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पहली बार बूढ़ा पहाड़ पर लैंड हुआ MI 17 हेलीकॉप्टर, Operation Octopus में सुरक्षाबलों को मिलेगी मदद

नक्सलियों का सेफ जोन बूढ़ा पहाड़ से नक्सली को साफ करने में सुरक्षाबलों को एक और सफलता मिली है. इस पहाड़ पर पहली बार भारतीय वायुसेना का MI 17 हेलीकॉप्टर को लैंड कराया गया है. इससे सुरक्षाबलों को ऑपरेशन ऑक्टोपस में काफी सहायता मिलेगी.

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Jharkhand News: ऑपरेशन ऑक्टोपस (Operation Octopus) के जरिए बूढ़ा पहाड़ को माओवादी विहीन करने में सुरक्षाबलों को एक और कामयाबी मिली है. सुरक्षाबलों द्वारा बूढ़ा पहाड़ पर बनाये गये अस्थायी हेलीपैड पर पहली बार भारतीय वायुसेना का MI 17 हेलीकॉप्टर की सकुशल लैंडिंग करायी गयी. इससे सुरक्षाबलों को ऑपरेशन में मदद मिलेगी. इसके जरिए आपातकाल में सुरक्षाबलों को सामान, हथियार सहित अन्य कार्यों में इसका उपयोग किया जा सकेगा.

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नक्सलियों का सेफ जोन है बूढ़ा पहाड़

मालूम हाे कि 55 वर्ग किमी में फैले झारखंड और छतीसगढ़ की सीमा पर स्थित नक्सलियों का सेफ जोन बूढ़ा पहाड़ को माओवादी विहीन करने के लिए गढ़वा, लातेहार और छतीसगढ़ की पुलिस ने संयुक्त रूप से बूढ़ा पहाड़ को चारों तरफ से घेरकर ऑपरेशन ऑक्टोपस शुरू किया है. इस ऑपरेशन में झारखंड पुलिस, CRPF, जगुआर एसॉल्ट ग्रुप, आईआरबी और कोबरा बटालियन ने संयुक्त रूप से मोर्चा संभाल रखा है.

सुरक्षाबलों को मिलेगी सुविधा

वहीं, बीहड़ जंगलों के बीच रास्ता विहीन इस पहाड़ पर जगह-जगह लैंडमाइंस लगाये जाने से पुलिस के लिए चुनौती बन गया. लेकिन, ऑपरेशन ऑक्टोपस के जरिए पुलिस को इस बार माओवादी विहीन करने में सफलता मिली है. घने जंगल और पथरीला रास्ता के कारण ऑपरेशन में सुरक्षाबलों को बूढ़ा पहाड़ जाने में घंटों लग जाते थे. लेकिन, अब थोड़ी समय में सुरक्षाबल हेलिकॉप्टर से बूढ़ा पहाड़ पर उतर सकते हैं.

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ऑपरेशन ऑक्टोपस क्यों रखा नाम

ऑक्टोपस एक समुद्री जीव है. जिसे अष्टबाहु भी कहा जाता है. जिसकी आठ भुजाएं होती है. जो अपने शिकार को चारों तरफ से जकड़ लेता है. संभवतः इसी के आधार पर चारों तरफ से माओवादियों को घेरने के लिए इस ऑपरेशन के नाम ऑक्टोपस रखा गया.

विस्फोटकों का जखीरा हो चुका है बरामद

मालूम हो कि गत चार सितंबर से शुरू किये गये ऑपरेशन के दूसरे दिन जहां नक्सलियों से पुलिस की मुठभेड़ हुई, तो तीसरे दिन नक्सलियों के बनाये मोर्चा के नीचे बंकर से पुलिस को अत्याधुनिक हथियार सहित विस्फोटक का जखीरा बरामद करने में सफलता मिली. ऑपरेशन के दौरान जैसे-जैसे पुलिस पहाड़ की ऊंचाई पर चढ़ती रही. वैसे-वैसे विस्फोटक बरामद होने के साथ ही लैंडमाइंस विस्फोट भी होते गया. आखिरकार पुलिस ने बूढ़ा पहाड़ पर चढ़कर माओवादियों के खिलाफ ऑपरेशन चल रहा है.

हेलीकॉप्टर को ट्राई करने के लिए उतारा गया है : एसपी

गढ़वा एसपी अंजनी कुमार झा ने बताया कि हेलीकॉप्टर को ट्राई करने के लिए उतारा गया है, ताकि जरूरत पड़ने पर उसे बूढा पहाड़ पर उतारा जा सके.

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Samir Ranjan

लेखक के बारे में

By Samir Ranjan

Senior Journalist with more than 20 years of reporting and desk work experience in print, tv and digital media

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