बीसीसीएल बस्ताकोला के पूर्व महाप्रबंधक पीके दुबे समेत सात अफसरों के खिलाफ सीबीआइ को नहीं मिले साक्ष्य, जानें पूरा मामला

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बीसीसीएल बस्ताकोला के पूर्व महाप्रबंधक पीके दुबे समेत सात अफसरों के खिलाफ सीबीआइ को नहीं मिले साक्ष्य

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धनबाद : बीसीसीएल की बस्ताकोला एरिया के पूर्व महाप्रबंधक पीके दुबे सहित सात कोल अधिकारियों को ओबी की ओवर रिपोर्टिंग मामले में सीबीआइ ने क्लिन चिट दे दी है. सभी पर बस्ताकोला एरिया के चांद कुइयां ओपेनकास्ट और गोलकडीह ओपेनकास्ट में संचालित एनसी प्रोजेक्ट में आउटसोर्सिंग कंपनी एटी-लिब्रा को फर्जीवाड़ा कर 22 करोड़ रुपये का आर्थिक फायदा पहुंचाने का आरोप था.

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क्या था मामला :

मेसर्स अविनाश ट्रांसपोर्टिंग-लिब्रा बीपीएल नामक ज्वाइंट वेंचर आउटसोर्सिंग कंपनी को बस्ताकोला एरिया के चांद कुइयां ओपेनकास्ट और गोलकडीह ओपेनकास्ट प्रोजेक्ट में कोयला उत्खनन का ठेका दिया गया था. सीबीआइ का दावा था कि बस्ताकोला क्षेत्र में तैनात जीएम समेत अन्य अधिकारियों की मिलीभगत से आउटसोर्सिंग ने जाली बिल के जरिये बीसीसीएल से 22 करोड़ से अधिक का भुगतान हासिल कर लिया. Â बाकी पेज 14 पर

बस्ताकोला के पूर्व महाप्रबंधक

इसके लिए आउटसोर्सिंग कंपनी ने 35 लाख 30 हजार 769 क्यूबिक मीटर ओबी हटाने के जाली बिल प्रस्तुत किया था. इसके अलावा कंपनी ने कोल प्रोडक्शन के मामले में भी अधिक खर्च दिखा कर बिल पास करवाया था. सीबीआइ ने शुरुआती जांच में यह मामला सही पाया था. इस आधार पर जीएम सहित सात अधिकारियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की थी.

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पूर्व जीएम सहित सात अफसरों पर था बीसीसीएल को 22 करोड़ रुपये का नुकसान पहुंचाने का आरोप

ऐसे हुई थी सीबीआइ की इंट्री

ओबी हटाने के नाम पर गोरखधंधे की शिकायतों पर सीबीआइ, सीएमपीडीआइएल और कोल इंडिया की विजिलेंस टीमों ने संयुक्त रूप से आठ और नौ मार्च, 2018 को सरप्राइज चेकिंग की थी. चेकिंग से एक दिन पहले सात मार्च के दस्तावेज में अंकित था कि परियोजना में दो करोड़ 13 लाख 97 हजार 036 क्यूबिक मीटर ओबी हटाया जा चुका है, ओबी की थ्रीडी लेजर स्कैनर मशीन से जांच हुई, तो वहां एक करोड़ 16 लाख 66 हजार 543 क्यूबिक मीटर ओबी मिला.

इसके बाद सीबीआइ ने कोल प्रोडक्शन की जांच की, तो शुरुआती दौर में उसमें भी सीबीआइ को गड़बड़ी मिली थी. सीबीआइ के अनुसार कम कोयला का प्रोडक्शन कर अधिक का बिल लगा दिया गया था. बीसीसीएल ने आठ फरवरी, 2012 को एटी-लिब्रा को बस्ताकोला एरिया के एनसी प्रोजेक्ट में ओबी हटाने, कोयला उत्पादन और ट्रांसपोर्टिंग का वर्कऑर्डर दिया था. इसी के बाद सीबीआइ ने बीसीसीएल के अधिकारियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की थी.

Posted By : Sameer Oraon

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