24 घंटों में रिकॉर्ड 804 मिमी बारिश, मलकानगिरी में बिगड़े हालात, स्कूल व आंगनबाड़ी केंद्र बंद

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मलकानगिरी में बाढ़ की स्थिति की समीक्षा करते जिलाधिकारी व अन्य.

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ओडिशा के मलकानगिरी में 804 मिमी रिकॉर्ड बारिश से जनजीवन अस्त-व्यस्त। प्रशासन ने स्कूल और आंगनबाड़ी केंद्र बंद किए, कई जिलों में भारी बारिश का अलर्ट जारी।

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भुवनेश्वर : उत्तर-पश्चिमी और पश्चिम-मध्य बंगाल की खाड़ी तथा उससे सटे दक्षिण ओडिशा-उत्तर आंध्र प्रदेश तट पर बने निम्न दबाव के क्षेत्र के कारण पिछले 24 घंटे में मूसलाधार बारिश ने राज्य के कई हिस्सों में जनजीवन को अस्त-व्यस्त कर दिया है. राज्य में शनिवार को भी बारिश का दौर जारी है. मौसम विभाग (आइएमडी) ने चेतावनी जारी की है कि यह मौसम तंत्र अगले 24 घंटों में और अधिक प्रभावी होकर पश्चिम-उत्तर-पश्चिम दिशा की ओर बढ़ेगा.

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पुलों के ऊपर से बहर रहा पानी, चार सड़कों पर आवाजाही ठप

दक्षिण ओडिशा का मलकानगिरी जिला इस बारिश से सबसे ज्यादा प्रभावित हुआ है, जहां शनिवार सुबह समाप्त हुए 24 घंटों में रिकॉर्ड 804 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गयी. जलजमाव और बाढ़ जैसी स्थिति को देखते हुए जिला प्रशासन ने सभी स्कूलों को आंगनबाड़ी केंद्रों को बंद करने का आदेश दिया है. मलकानगिरी के चित्रकोंडा ब्लॉक में सर्वाधिक 192 मिमी बारिश दर्ज की गयी. इसके अलावा बालिमेला बांध के आसपास 219 मिमी और डाबुगां में 135 मिमी बारिश हुई. भारी वर्षा के कारण कंग्रुकोंडा, पांगम, एमवी-96 और कन्याश्रम पुलों के ऊपर से पानी बह रहा है. तटीय व स्थानीय मार्गों पर पानी भर जाने से जिले की चार प्रमुख सड़कों पर वाहनों की आवाजाही पूरी तरह रोक दी गयी है.

पांच जिलों में येलो अलर्ट, 14 में तेज हवा व बिजली गिरने की आशंका

इधर, मौसम विभाग ने नुआपड़ा, बलांगीर, कालाहांडी, नबरंगपुर और कोरापुट जिलों में भारी बारिश को लेकर येलो अलर्ट जारी किया है. साथ ही बालेश्वर, सुंदरगढ़, क्योंझर, मयूरभंज, नुआपाड़ा, बलांगीर, कालाहांडी, कंधमाल, नवरंगपुर, रायगड़ा, कोरापुट, मलकानगिरी, गजपति और गंजाम सहित 14 अन्य जिलों में तेज हवाओं (30-40 किमी/घंटा) और बिजली गिरने की आशंका जतायी है. मछुआरों को अगले 24 घंटे तक समुद्र में न जाने की सख्त सलाह दी गयी है. राहत की बात यह है कि राज्य की सभी प्रमुख नदियां (महानदी, ब्राह्मणी, बैतरणी और जलका) फिलहाल खतरे के निशान से नीचे बह रही हैं. हीराकुद जलाशय में पानी की आवक को देखते हुए एक गेट खोला गया है.

राजस्व मंत्री ने की समीक्षा, बोले-फंसे हए चालकों के लिए की गयी है व्यवस्था

ओडिशा के राजस्व एवं आपदा प्रबंधन मंत्री सुरेश पुजारी ने स्थिति को देखते हुए समीक्षा बैठक की. मंत्री ने बताया कि फंसे हुए चालकों व यात्रियों के लिए भोजन, पेयजल और स्वास्थ्य टीमों की व्यवस्था की गयी है. इन सड़कों की ऊंचाई बढ़ाने के लिए आवश्यक धनराशि स्वीकृत कर दी गयी है, ताकि भविष्य में यह समस्या न उत्पन्न हो. मलकानगिरी और कालाहांडी जिले के संवेदनशील ब्लॉकों में स्थिति पर चौबीसों घंटे नजर रखी जा रही है. एहतियाती उपाय के तौर पर ओड्राफ की टीमें तैनात कर दी गयी हैं. राज्य आपातकालीन संचालन केंद्र स्थिति पर लगातार निगरानी बनाए हुए है. प्रशासन ने लोगों से पैनिक न करने और आधिकारिक दिशा-निर्देशों का पालन करने की अपील की है.

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