सावन महोत्सव व रक्षा बंधन का हुआ आयोजन

Updated:
विज्ञापन

सावन महोत्सव व रक्षा बंधन का हुआ आयोजन

विज्ञापन

आरके पब्लिक स्कूल गढ़वा में भाई-बहन के प्रेम, रक्षा और विश्वास का प्रतीक रक्षाबंधन का पर्व और सावन महोत्सव धूमधाम से मनाया गया. इस अवसर पर स्कूल के निदेशक सह शिक्षाविद अलख नाथ पांडेय ने कहा कि रक्षा बंधन हमें न केवल अपनी बहनों बल्कि समस्त मातृ शक्ति का सम्मान करने की सीख देता है. उन्होंने बहन की रक्षा के साथ-साथ समाज, देश, पर्यावरण और संस्कृति की रक्षा का महत्व बताया. उन्होंने सभी लोगों को इस पावन पर्व की हार्दिक बधाई व शुभकामनाएं दी. स्कूल के छात्र-छात्राओं ने एक-दूसरे की कलाई पर राखी बांधकर इस पर्व को हर्षोल्लास से मनाया. वहीं छात्रों ने राखी बंधवाकर बहनों के सम्मान एवं उनकी रक्षा का वचन दिया. असेंबली में विद्यार्थियों ने सांस्कृतिक कार्यक्रम भी प्रस्तुत किये. उन्होंने रक्षाबंधन के गीत गाये और आकर्षक राखी व पोस्टर भी बनाया.

आपके शहर में

विज्ञापन

जूनियर विंग में सावन महोत्सव : उधर जूनियर विंग ने रक्षाबंधन की पूर्व संध्या पर सावन महोत्सव का आयोजन किया. इसमें शिक्षिकाओं और महिला अभिभावकों ने भाग लिया. उत्सव की शुरुआत प्रशासनिक अधिकारी प्रमोद कुमार झा एवम जूनियर विंग्स की प्रभारी अनीता सिन्हा के संयुक्त रूप से की. इसके बाद महिला अभिभावकों ने भगवान शिव के भजन गाये.

हुई प्रतियोगिता : इस दौरान उनके बीच मेंहदी, डांस, रंगोली व रैंप वॉक प्रतियोगिता करायी गयी. इसमें पहला स्थान उषा कुमारी को, दूसरा जया कुमारी तथा तीसरा स्थान अंकिता सिंह को मिला. सभी महिला अभिभावकों को स्कूल की तरफ से प्रमाण पत्र के साथ चूड़ी, बिंदी, नेल पॉलिश व मेहंदी भेंट की गयी.

इनका रहा योगदान : कार्यक्रम को सफल बनाने में अनुप कुमार पांडेय, नंदलाल गुप्ता, गीता पांडेय, अभिलाषा, जागृति चौबे, रश्मि शुक्ला, शिखा रानी, पूनम राय, नीतू सिंह और शहेला खान का योगदान रहा.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

विज्ञापन

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola