हजारीबाग/रांची: पुलिस ने उग्रवादी संगठन झारखंड टाइगर के सरगना समेत पांच उग्रवादियों को गिद्दी के चुंबा गांव से गिरफ्तार किया है. सरगना राजकुमार गुप्ता उर्फ विजय बड़कागांव के चानो का निवासी है.
उसके साथ टंडवा के कुंडी निवासी संदीप साव, बेलतू (केरेडारी) के नकुल साव, नापो (बड़कागांव) के रामचंद्र साव और जिकट (चौपारण) के प्रकाश साव को भी दो देसी कारबाइन, 10 गोलियां, छह मोबाइल व दो मोटरसाइकिल के साथ पकड़ा गया है. यह उग्रवादी संगठन लेवी वसूली के लिए बड़कागांव, उरीमारी, गिद्दी, चरही, टंडवा, कुजू, रामगढ़, रांची, घाटो समेत कई क्षेत्रों में कई घटनाओं को अंजाम दे चुका है. गिरफ्तारी के बाद सरगना राजकुमार गुप्ता ने पुलिस के सामने खुलासा किया है कि उग्रवादी संगठन झारखंड टाइगर का गठन कृषि मंत्री योगेंद्र साव ने किया था. उसका कहना है कि मंत्री श्री साव संगठन को समय-समय पर आर्थिक मदद देते थे. यही नहीं, राजकुमार गुप्ता ने बताया कि वह एक अन्य उग्रवादी के साथ मंत्री के रांची स्थित आवास पर जा चुका है.
एक घर में रुके थे सभी : उधर, हजारीबाग के एसपी मनोज कौशिक ने बताया : उग्रवादियों को चुंबा गांव के एक घर से गिरफ्तार किया गया. ये लोग घटना को अंजाम देकर इसी घर में रुकते थे. वहीं घटना का अंजाम देने की योजना भी बनाते थे. मंगलवार को गुप्त सूचना के आधार पर डीएसपी एचएल रवि के नेतृत्व में गिद्दी थाना प्रभारी कमलेश प्रसाद, चरही थाना प्रभारी व क्यूआरटी फोर्स ने छापामारी कर इन्हें गिरफ्तार किया.
पहले टीपीसी में था राजकुमार : एसपी मनोज कौशिक ने बताया कि पकड़ा गया झारखंड टाइगर का प्रमुख राजकुमार पहले टीपीसी उग्रवादी संगठन में था. वह संगठन के लिए लेवी वसूलता था. एरिया कमांडर से लड़ाई हो गयी, तो वह जेपीसी में चला गया था. कुछ दिनों बाद झारखंड टाइगर नामक संगठन बना कर चतरा, रामगढ़, हजारीबाग व रांची में कई घटनाओं को अंजाम देने लगा. उरीमारी में धमकी भरा पोस्टर साटा, तो कोलियरी में कार्य ठप कराया. कुजू से एक व्यक्ति का अपहरण किया. उस पर बड़कागांव में भवानी महतो के अपहरण का भी आरोप है. अंबाटोली स्थित जेबी पावर कंपनी में लेवी के लिए गोलीबारी भी की थी.
पांच जगहों से लेवी वसूली की बात स्वीकारी : एसपी ने बताया कि पूछताछ में राजकुमार गुप्ता ने पांच जगहों से लेवी वसूलने की बात स्वीकारी है. 2012 में चरही स्थित 45 नंबर कोलियरी में अगलगी की घटना हुई थी. इस घटना को अंजाम देने में राजकुमार शामिल था. पुलिस के बढ़ते दबाव को देख कर वह पलामू भाग गया था. इस मामले में दो आरोपी को पुलिस पहले ही गिरफ्तार कर जेल भेज चुकी है. पकड़े गये राजकुमार गुप्ता के खिलाफ सिमरिया, चरही, बड़कागांव, गिद्दी, मांडू, घाटो, उरीमारी व कुजू थानों में अपहरण, लेवी व उग्रवादी घटना संबंधी मामले दर्ज हैं.
साजिश रची जा रही : मंत्री
यह गलत आरोप है. इस संगठन से मेरा कोई मतलब नहीं है. मैं संवैधानिक पद पर हूं. मैंने कंपनियों, कोयला चोरी और बालू प्रकरण के खिलाफ मोरचा खोल रखा है, इसलिए मेरे खिलाफ साजिश रची जा रही है.
योगेंद्र साव, कृषि मंत्री