मेकन ने बनाया नायाब हेलमेट

रांची: इंजीनियरिंग और परामर्शी संस्थान मेकन लिमिटेड के दो अभियंताओं ने तीन तरह के हेलमेट बनाये हैं. हेलमेट की खासियत यह है कि गरमी में इसे पहनने से माथा ठंडा रहेगा और ठंड में पहनने से गरमी मिलेगी. यह हेलमेट 55 डिग्री सेल्सियस तक के तापमान को कम करके 20 डिग्री सेल्सियस तक ला देगा. […]
रांची: इंजीनियरिंग और परामर्शी संस्थान मेकन लिमिटेड के दो अभियंताओं ने तीन तरह के हेलमेट बनाये हैं. हेलमेट की खासियत यह है कि गरमी में इसे पहनने से माथा ठंडा रहेगा और ठंड में पहनने से गरमी मिलेगी. यह हेलमेट 55 डिग्री सेल्सियस तक के तापमान को कम करके 20 डिग्री सेल्सियस तक ला देगा. वहीं जाड़े में शून्य से नीचे के तापमान को बढ़ा कर औसत तापमान पर ला देगा. मेकन के डीजीएम डॉ एस चटर्जी (रिसर्च एंड डेवलपमेंट) ने बताया कि औद्योगिक और आम जरूरतों को ध्यान में रखकर इन तीनों हेलमेट की डिजाइन तैयार की गयी है.
पहले हेलमेट के सहारे फैक्ट्रियों की भट्ठियों के पास भी कर्मी आसानी से काम कर सकेंगे. दूसरे हेलमेट को पीठ पर बांध कर काम किया जा सकता है और तीसरा हेलमेट ट्रॉली बेस्ड है. हेलमेट को खदान या कमरा में पहन कर काम किया जा सकता है. इन हेलमेट का प्रयोग आम लोग भी कर सकेंगे.
पीठ पर बांधने वाली मशीन
तीसरे हेलमेट की मशीन पीठ पर बांधी जा सकती है. मशीन से एक पाइप हेलमेट में जोड़ा गया है. मशीन से इसका तापमान नियंत्रित किया जाता है. इसका प्रयोग फैक्ट्री के कर्मचारी कर सकते हैं.
क्या कहते हैं हेलमेट बनानेवाले इंजीनियर
आरएंडडी मेकन के डीजीएम डॉ एच चटर्जी और आरएंडडी के डीइ एसके दुबे ने कहा कि यह एक सुरक्षात्मक हेलमेट है. इसका सफल परीक्षण किया गया है. इसे पहन कर व्यक्ति घंटों तक फैक्टरी में धमन भट्ठियों के सामने काम कर सकता है. कड़ी धूप में घंटों खड़े रहकर काम करने वाले भी इसका उपयोग कर सकते हैं. ट्रैफिक पुलिस, बाइक चालक वेंडर्स आदि भी इस हेलमेट का प्रयोग कर सकते हैं. दूसरी ओर ज्यादा ठंडक वाले स्थानों पर भी इस हेलमेट का प्रयोग किया जा सकता है.
क्या है विशेषता
साधारण हेलमेट : पहला हेलमेट साधारण हेलमेट की तरह है. इसमें बैटरी, पंखा और स्विच लगे हैं. हेलमेट के ऊपर बैटरी लगायी गयी है. यह पोर्टेबल बैटरी से कनेक्टेड रहता है. इसके ऊपरी हिस्से से तापमान नियंत्रित होता है. स्विच देने के 10 से 15 मिनट बाद यह अपना काम शुरू कर देता है. इसका प्रयोग ट्रैफिक पुलिस, बाइक सवार, कोयला खदान के कर्मी कर सकते हैं.
ट्रॉली बेस्ड हेलमेट : औद्योगिक जरूरतों के लिए ट्रॉली बेस्ड हेलमेट विकसित किया गया है. इसकी मशीन और बैटरी एक ट्रॉली में फिट रहती है. बैटरी से दो पाइप हेलमेट से जोड़े गये हैं. मशीन से इसका तापमान नियंत्रित किया जाता है. हेलमेट पहनने वाले जरूरत के अनुसार इसका तापमान घटा-बढ़ा सकते हैं. यह ब्लास्ट फर्नेस या अन्य कारखाने में प्रयोग किया जा सकता है. हेलमेट पहनने वाले खुद इसे एक जगह से दूसरी जगह ले जा सकते हैं.
रिचाज्रेबल बैटरी का होता है इस्तेमाल
तीनों हेलमेट में रिचाज्रेबल बैटरी का प्रयोग किया जाता है. बैटरी का चार्ज समाप्त होने पर दोबारा चार्ज किया जा सकता है. हेलमेट की बैटरी को बदला भी जा सकता है. बैटरी की लाइफ आम बैटरी की तरह होती है. आशा है कि आनेवाले दिनों में इसकी मांग बढ़ेगी.
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