मानव तस्कर रोधी इकाई ने चार नाबालिगों को तस्कर से कराया मुक्त

Updated:
विज्ञापन

आवश्यक कागजी कार्यवाही के बाद नाबालिग लड़कियों व तस्कर को भीमनगर थाने को सौंप दिया गया

विज्ञापन

– नौकरी दिलाने के नाम पर ले जा रहे थे दूसरे प्रांत वीरपुर. एसएसबी 45 वीं बटालियन के रानीगंज बीओपी के जवानों और एसएसबी की मानव तस्कर रोधी इकाई ने संयुक्त रूप से शुक्रवार की रात चार नाबालिग लड़कियों को मुक्त कराया. जानकारी देते हुए एसएसबी 45वीं बटालियन के कमांडेंट गौरव सिंह ने बताया कि एसएसबी सीमा क्षेत्र में रहने वाले लोगों की सुरक्षा के प्रति हमेशा तत्पर रहती है और चौबीसों घंटे प्रत्येक घटना पर नजर बनाए हुए रखती है. इसी क्रम में शुक्रवार की शाम सूचना मिली थी कि रानीगंज बीओपी क्षेत्र से मानव तस्करी के लिए कुछ नाबालिग लड़कियों को अन्य राज्य में ले जा रहा है. सूचना की विश्वसनीयता को देखते हुए डिप्टी कमांडेंट शैलेश सिंह के नेतृत्व में एसएसबी की मानव तस्कर रोधी इकाई जिसमे पंच महिला बलकर्मी भी शामिल थी. संभावित रास्ते पर नाका लगाकर पूरी मुस्तैदी के साथ तैनात हो गए. सूचना के अनुसार सामने आती एक तेज गति के बस को नाका दल ने रोका और अंदर जाकर जांच आरंभ किया. पूरी सुरक्षा के साथ जांच करने पर अंदर बैठे चार लड़कियों तथा एक व्यक्ति पर संदेह हुआ. पूछताछ के क्रम में पता चला कि चारों नाबालिग लड़कियों को अन्य राज्य में नौकरी का झांसा देकर ले जाया जा रहा था. ले जाने वाले तस्कर के पास कोई वैध दस्तावेज़ नहीं था. चारों लड़कियां नेपाल के सुनसरी जिले की रहने वाली थी. मानव तस्कर की पहचान भगवानपुर पंचायत के समदा निवासी 44 वर्षीय प्रमोद ठाकुर के रूप में की गई है. आवश्यक कागजी कार्यवाही के बाद नाबालिग लड़कियों व तस्कर को भीमनगर थाने को सौंप दिया गया.

आपके शहर में

विज्ञापन

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

विज्ञापन

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन