कैंपस : टीपीएस कॉलेज में फिश मॉडलिंग पर हुई चर्चा

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टीपीएस कॉलेज के बॉटनी विभाग द्वारा तीन दिवसीय पशु-मॉडलिंग में आधुनिक विकास विषय पर कार्यशाला का समापन बुधवार को हुआ

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संवाददाता, पटना टीपीएस कॉलेज के बॉटनी विभाग द्वारा तीन दिवसीय पशु-मॉडलिंग में आधुनिक विकास विषय पर कार्यशाला का समापन बुधवार को हुआ. तीसरे दिन प्रो ज्योत्सना कुमारी ने फिश मॉडलिंग पर चर्चा करते हुए बताया कि पशु मॉडल का इस्तेमाल करके विषाक्तता परीक्षण किया जाता है. आयोजन सचिव सह विभागाध्यक्ष डॉ विनय भूषण कुमार ने पशु-मॉडल के बारे में विस्तार से बताया. उन्होंने कहा कि इन मॉडलों की मदद से संभावित दवाओं और उपचारों का विकास और परीक्षण किया जाता है. इन मॉडलों का इस्तेमाल करके दवा के फार्माकोकाइनेटिक अध्ययन किये जाते हैं. किसी खास शोध के लिए कौन-सा पशु मॉडल सबसे सही है, यह कई बातों पर निर्भर करता है. पशु मॉडल के इस्तेमाल में थ्री-आर के सिद्धांतों का पालन किया जाता है. कुल 40 प्रतिभागियों को प्रो अबू बकर रिजवी व प्रो कृष्णनंदन प्रसाद ने प्रमाणपत्र दिया. इस अवसर पर प्रो रिजवी ने बताया कि कार्यशाला प्रतिभागियों के अनुसंधान के क्षेत्र में काफी मदद करेगा.

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