लेप्रोसी खोज के लिए होम सर्च अभियान शुरू

Updated at : 06 Sep 2016 4:02 AM (IST)
विज्ञापन
लेप्रोसी खोज के लिए होम सर्च अभियान शुरू

पहले दिन लेप्रोसी के नौ संदिग्ध मरीज मिले बिहारशरीफ : नालंदा जिले को लेप्रोसी से निजात दिलाने व इसकी रोकथाम के उद्देश्य से हर गांव,कसबों व टोलों के हर सदस्य के शीरीरिक जांच के लिए होम सर्च अभियान सोमवार से शुरू हो गया. पहले दिन कुल नौ संदिग्ध मरीजों की पहचान की गयी. यह जांच […]

विज्ञापन

पहले दिन लेप्रोसी के नौ संदिग्ध मरीज मिले

बिहारशरीफ : नालंदा जिले को लेप्रोसी से निजात दिलाने व इसकी रोकथाम के उद्देश्य से हर गांव,कसबों व टोलों के हर सदस्य के शीरीरिक जांच के लिए होम सर्च अभियान सोमवार से शुरू हो गया. पहले दिन कुल नौ संदिग्ध मरीजों की पहचान की गयी.
यह जांच अभियान 18 सितंबर तक चलेगा.घर-घर जाकर आशा व कर्मी लोगों के शारीरिक जांच करने में जुट गये हैं. इस दौरान शरीर के किसी अंग किसी अंग में उभरे दाग व उसमें सुनापन की गहरी तौर पर जांच करने में कर्मचारी लगे हैं. इस दौरान किसी भी व्यक्ति में उक्त लक्षण पाये जाएंगे तो उसे संदिग्ध मरीज की श्रेणी में रखकर गहन चिकित्सीय जांच की जाएगी.
ताकी चिकित्सीय टेस्ट में बीमारी की पुष्टि हो सके. लेप्रोसी केस डिडेक्शन कंपेन (एलसीडीसी) अभियान के पहले दिन आशा व पुरुष वोलेंटियर जिलेभर में 17 हजार 325 घरों में गये. इस दौरान कुल 97 हजार आठ सौ 28 महिला व पुरुषों की जांच की गयी. जांच के दौरान मात्र नौ लोगों में लेप्रोसी के प्रारंभिक लक्षण पाये गये.
जिला कुष्ठ निवारण पदाधिकारी डॉ. रविन्द्र कुमार ने बताया कि 18 सितंबर 2016 तक यह अभियान चलेगा. जिले के हर प्रखंड के प्रत्येक गांव में होम सर्च अभियान चलाया जाएगा. इस दौरान लेप्रोसी केस खोज कार्य में लगे कर्मी घर-घर जाकर लेप्रोसी के संदिग्ध मरीजों की पहचान करने का काम करेंगे. इस कार्य में हर गांव में दो दल काम करेंगे.
हर दल में एक आशा व एक पुरुष वोलेंटियर शामिल किये गये हैं.
मरीजों की पहचान करने में आशा भी जुटीं
आशा महिलाओं व पुरुष वोलेंटियर पुरुषों की जांच करेंगे.जांच के दौरान शरीर के किसी अंग में तांबे रंग का दाग एक या इससे अधिक पाये जाएंगे तो उसे सस्पेक्टेट मरीज की गिनती की जाएगी. बाद में संदिग्ध मरीजों की कंफर्म जांच की जाएगी. कंफर्म जांच में यदि बीमारी की पुष्टि होती है तो संबंधित मरीजों को एमडीटी की दवा विभाग की ओर से उपलब्ध करायी जाएगी. यह दवा विभाग की ओर से नि:शुल्क दी जाएगी.
मरीजों के उम्र के हिसाब दवा का डोज दिया जाएगा. जिला लेप्रोसी निवारण पदाधिकारी डॉ. कुमार ने कहा कि यह एक साध्य बीमारी है. समय पर इसकी पहचान होने के बाद इलाज कराने से यह बीमारी पूरी तरह से ठीक हो जाती है. उन्होंने जिलेवासियों से अपील की है कि शरीर में उभरे दाग को हरगिज छिपायें नहीं. बल्कि उसे जांच दलों से दिखायें.
विज्ञापन
Prabhat Khabar Digital Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन