1968 से चल रहे लक्ष्मी सिनेमा हॉल में लगा ताला

Published at :02 Jan 2016 1:03 AM (IST)
विज्ञापन
1968 से चल रहे लक्ष्मी सिनेमा हॉल में लगा ताला

दर्शकों का सिनेमा हॉल के प्रति रुझान कम होना बना कारण अब तक जिले में बंद हो चुके हैं चार सिनेमा घर खगड़िया : दर्शकों का सिनेमा हॉल के प्रति रुझान कम होने का नतीजा है कि जिला मुख्यालय में लोगों का मनोरंजन करने वाला लक्ष्मी टॉकीज एक जनवरी से बंद हो गया. उक्त सिनेमा […]

विज्ञापन
दर्शकों का सिनेमा हॉल के प्रति रुझान कम होना बना कारण
अब तक जिले में बंद हो चुके हैं चार सिनेमा घर
खगड़िया : दर्शकों का सिनेमा हॉल के प्रति रुझान कम होने का नतीजा है कि जिला मुख्यालय में लोगों का मनोरंजन करने वाला लक्ष्मी टॉकीज एक जनवरी से बंद हो गया.
उक्त सिनेमा घर लोगों का मनोरंजन 1968 से कर रहा था. अब जिला मुख्यालय में मात्र एक सिनेमा घर का संचालन किया जा रहा है. सरकार के बढ़ते मनोरंजन टैक्स व ऊपर से फिल्म निर्माता-निदेशक की दोहरी नीति के कारण सिनेमा हॉल के संचालक घाटे में चल रहे थे.
सिनेमा हॉल बंद होने के कई कारण माने जा रहे हैं. जानकार बताते हैं कि स्मार्ट फोन व इंटरनेट के कारण फिल्म के रिलीज होने के साथ ही लोग उसे डाउनलोड कर मोबाइल फोन या कंप्यूटर में देख लेते हैं. इससे लोगों का रुझान सिनेमा हॉल के प्रति कम होता जा रहा है. समय के अभाव के कारण भी लोग घर बैठ कर ही फिल्म देख लेते हैं. इसके कारण भी सिनेमा हॉल तक दर्शक नहीं पहुंचते हैं.
प्रत्येक सप्ताह भरना पड़ता है टैक्स
वर्ष 1968 से संचालित लक्ष्मी सिनेमा हॉल संचालक को प्रत्येक सप्ताह सरकार को मनोरंजन शुल्क जमा करना होता है. सिनेमा हॉल के संचालक तेज प्रताप गुप्ता ने बताया कि एक ही परिवार के तीन हिस्सेदार के माध्यम से लंबी अवधि तक हॉल का संचालन किया जा रहा था. हॉल में 250 सीट हैं. टिकट बिक्री पर टैक्स अदा किया जाता था. पर, अब सरकार द्वारा सिनेमा हॉल का टैक्स फिक्स कर दिया गया है. इससे संचालक को परेशानी का सामना करना पड़ता था.
कहते हैं दर्शक
दर्शक सियाराम कुमार, सिंटू कुमार, उज्जवल कुमार आदि ने बताया कि लोग अब नयी-नयी फिल्में घर में बैठकर ही देख लेते हैं. नयी-नयी फिल्म रिलीज होने के साथ ही बाजार में उपलब्ध रहते हैं. आज युवाओं के हाथ में स्मार्ट फोन है. इसमें पिक्चर डाउनलोड कर नये नये पिक्चर का लुत्फ उठा लेते हैं. हालांकि सिनेमा हॉल बंद होने से युवाओं ने अफसोस जताया है.
दर्जनों लोग हुए बेरोजगार
सिनेमा हॉल बंद होने से दर्जनों लोग बेरोजगार हो गये. सिनेमा हॉल के कर्मी हरि सिंह ने बताया कि इस सिनेमा हॉल में युवा वस्था से लेकर बूढापे तक काम किया. अब बुढ़ापे में आकर ही सिनेमा हॉल बंद होने से रोजी रोटी की समस्या खड़ी हो गयी है. हालांकि उन्होंने बताया कि सिनेमा हॉल के संचालक ने सिनेमा हॉल बंद होने की सूचना पूर्व में ही दी थी.
कहते हैं संचालक
सिनेमा हॉल के संचालक तेज नारायण गुप्ता ने बताया कि सिनेमा हॉल के निर्माण के समय काफी उत्साह था. पर, सरकार की नीति के कारण और फिल्म निर्माताओं की दोहरी नीति के कारण हॉल को बंद करना पड़ा. उन्होंने बताया कि लागत से भी कम आमदनी होती थी. इस कारण सिनेमा हॉल बंद करने का निर्णय लिया गया.
विज्ञापन
Prabhat Khabar Digital Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन