सुविधाएं बढ़ीं, तो शिकायतें भी हुईं कम

Updated at :27 Sep 2016 2:53 AM
विज्ञापन
सुविधाएं बढ़ीं, तो शिकायतें भी हुईं कम

गया: विश्व प्रसिद्ध पितृपक्ष मेला में देश-दुनिया से अानेवाले श्रद्धालुओं की सुविधाओं को लेकर जिला प्रशासन ने कई कारगर कदम उठाये हैं. इन्हीं में एक है संवास सदन समिति के परिसर में स्थित कॉल सेंटर. 13 सितंबर को कॉल सेंटर का उद्घाटन डीएम कुमार रवि ने किया था. सोमवार की दोपहर तक कॉल सेंटर में […]

विज्ञापन
गया: विश्व प्रसिद्ध पितृपक्ष मेला में देश-दुनिया से अानेवाले श्रद्धालुओं की सुविधाओं को लेकर जिला प्रशासन ने कई कारगर कदम उठाये हैं. इन्हीं में एक है संवास सदन समिति के परिसर में स्थित कॉल सेंटर. 13 सितंबर को कॉल सेंटर का उद्घाटन डीएम कुमार रवि ने किया था. सोमवार की दोपहर तक कॉल सेंटर में ऑनलाइन 146 और ऑफलाइन 126 श्रद्धालुओं ने अपनी शिकायत दर्ज करायी है.

कॉल सेंटर की प्रभारी सह बाल विकास परियोजना पदाधिकारी (सीडीपीओ) अर्पणा बताती हैं कि इस बार श्रद्धालुओं के लिए प्रशासन ने सुविधाएं बढ़ायी, तो कॉल सेंटर में आनेवाली शिकायतों की संख्या में भी कमी आयी है. विष्णुपद मंदिर के पास व देवघाट पर बनाये गये कैंप काफी कारगर साबित हो रहे हैं. अधिकतर शिकायतों का निबटारा दोनों कैंपों में तैनात अधिकारियों ने कर दिया है. कॉल सेंटर में अधिकतर शिकायतें परिजनों से बिछड़ने की आती हैं.

व्हाट्सएप से भी मिली मदद
सीडीपीओ ने बताया कि मध्य प्रदेश के विदिशा से आयी पिंडदानियों की टीम में से एक वृद्ध गया शहर में खो गये. खोजबीन की गयी, लेकिन उनका कोई सुराग नहीं मिला. थक-हार कर परिजनों ने कॉल सेंटर की शरण ली. कॉल सेंटर के कर्मचारियों ने खोये हुए वृद्ध को खोजने के लिए व्हाट्सएप के जरिये स्थानीय लोगों से संपर्क साधा. कुछ ही घंटे बाद बोधगया के खिरियामा के एक व्यक्ति ने कॉल सेंटर को खोये हुए वृद्ध की कुशलता की जानकारी दी.
बेचनी देवी से परिजनों को मिलाया
सीडीपीओ अर्पणा ने बताया कि सुपौल की रहनेवाली बेचनी देवी चार दिनों से अपने परिजनों से बिछड़ गयी थी. कॉल सेंटर में काउंसेलिंग की गयी. उम्र अधिक होने की वजह से अपने घर का सही-सही पता उन्हें मालूम नहीं था. सुपौल जिले व उससे संबंधित कुछ गांवों का नाम बताने के बाद संबंधित पंचायत के मुखिया व वार्ड सदस्य से संपर्क किया गया. तब बेचनी देवी के परिजनों से संपर्क हुआ. सीडीपीओ ने बताया कि विष्णुपद मंदिर प्रबंधकारिणी समिति के सहयोग से महिला को आर्थिक लाभ, अंग वस्त्र व पैसे देकर गयाधाम से विदा किया गया. गांव पहुंचने पर परिजनों ने उनकी कुशलता की जानकारी दी.
विज्ञापन
Prabhat Khabar Digital Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन