बेतिया : हत्याकांड के एक आरोपी ने जेल से छूटने के बाद एक नया कारनामा कर दिखाया है. एक दिन पूर्व सोमवार को जेल से छूटने के बाद ही मंगलवार की देर शाम उसने गवाह के दरवाजे पर अपने समर्थकों के साथ जा धमका और उसे मारपीट कर गंभीर रूप से घायल कर दिया. यह कहना है उसके मारपीट करने से घायल साठी थाना क्षेत्र के बसंतपुर निवासी गवाह मनोज यादव का. जिसे इलाज के लिए गंभीर हालत में एमजेके अस्पताल में भर्ती कराया गया है.
उसने बताया कि 8 सितंबर 2016 को उसके गांव में भूमि विवाद को लेकर मारपीट की घटना हुई. इस दौरान होमगार्ड के जवान दो सहोदर भाईयों झापस यादव व झगरू यादव की हत्या कर दी गयी थी. इस मामले में मृतकों के परिजनों ने कांड दर्ज कराया गया. जिसमें 11 लोगों को नामजद अभियुक्त बनाया गया था. उस समय पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए 11 में से पांच आरोपियों शंभू यादव, राजू यादव, रामदत्त यादव, शिव यादव और प्रसन्न यादव को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया था.
जबकि शेष आरोपियों की आज तक गिरफ्तारी भी नहीं हो सकी. पुलिस हत्याकांड के बाद से शेष आरोपियों को धर-पकड़ के लिए कोई कार्रवाई नहीं कर सकी है. इस हत्याकांड के मामले में यह घायल एक गवाह है. उसने बताया कि जेल गये आरोपी शंभू यादव इस बीच सोमवार को जेल से जमानत पर छूट गया. उसके बाद मंगलवार की संध्या इसके दरवाजे पर अपने समर्थकों और हथियार के साथ आकर धमकाने लगा. इस दौरान उसने इसे मारपीट कर गंभीर रूप से घायल कर दिया. घायल मनोज ने बताया कि उसकी स्थिति नाजुक है और कभी भी उसे बेहतर इलाज के लिए पटना रेफर किया जा सकता है. उसने बताया कि पुलिस को दिये गये बयान में मारपीट करने का आरोपी शंभू यादव को बनाया है.