निर्भया कांड के आरोपितों की फांसी के लिए बक्सर जेल में नहीं बन रहा फंदा
Updated at : 09 Dec 2019 8:44 AM (IST)
विज्ञापन

बक्सर कोर्ट : बक्सर सेंट्रल जेल प्रशासन को निर्भया के गुनाहगारों को फांसी देने के लिए रस्सी बनाने का कोई आदेश नहीं मिला है. वैसे भी ब्रिटिश जमाने के इस जेल से फांसी के फंदे का निर्यात आवश्यकतानुसार पूरे भारत में किया जाता है, लेकिन फांसी का फंदा बनाने के आदेश के साथ सजायाफ्ता के […]
विज्ञापन
बक्सर कोर्ट : बक्सर सेंट्रल जेल प्रशासन को निर्भया के गुनाहगारों को फांसी देने के लिए रस्सी बनाने का कोई आदेश नहीं मिला है. वैसे भी ब्रिटिश जमाने के इस जेल से फांसी के फंदे का निर्यात आवश्यकतानुसार पूरे भारत में किया जाता है, लेकिन फांसी का फंदा बनाने के आदेश के साथ सजायाफ्ता के संबंध में कोई सूचना जेल प्रशासन को नहीं दी जाती है. ऐसे में बक्सर केंद्रीय कारा के अधिकारियों को भी यह नहीं पता होता है कि भेजे गये फांसी के फंदे पर किसे लटकाया जायेगा.
इस संबंध में जेल अधीक्षक विजय कुमार अरोड़ा ने बताया कि बक्सर केंद्रीय कारा में निर्मित फंदे से अफजल गुरु को फांसी दी गयी थी, लेकिन मोहम्मद अजमल कसाब के फांसी का फंदा बक्सर जेल से नहीं भेजा गया था. अंतिम बार पटियाला जेल में वर्ष 2016 में दो फंदे भेजे गये थे. लेकिन उन फंदों से कोई फांसी संबंधित सूचना बाद में भी नहीं मिल पायी थी. वहीं बक्सर सेंट्रल जेल प्रशासन को निर्भया के गुनाहगारों को फांसी देने के लिए रस्सी बनाने का कोई आदेश नहीं मिला है.
बताते चलें कि केंद्रीय कारा में निर्मित फांसी के फंदे की कीमत 1725 रुपये थी. लेकिन पीतल के दाम में बढ़ोतरी के बाद अब उसकी कीमत नये सिरे से निर्धारित की जायेगी. केंद्रीय कारा में फांसी का फंदा, बंदियों के नहाने एवं कपड़ा धोने के लिए साबुन, फिनाइल एवं बंदियों के वस्त्रों का निर्माण यहां का रूटीन वर्क है.
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
विज्ञापन
लेखक के बारे में
By Prabhat Khabar Digital Desk
यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए
विज्ञापन




