बंगला सावन के पांचवें दिन शिवमय हुआ कांवरिया पथ, कोलकाता का आकर्षक कांवर बना आकर्षण का केंद्र
आकर्षक कांवर लेकर बाबाधाम जाते कोलकाता का कांवरिया. | Prabhat Khabar Network
Deoghar Kanwar Yatra News: बंगला सावन के पांचवें दिन बाबा बैद्यनाथ धाम कांवरिया पथ शिवभक्ति के रंग में रंग गया. पश्चिम बंगाल और अन्य राज्यों से हजारों शिवभक्त 'बोल बम' के जयघोष के साथ गंगाजल लेकर पहुंचे. कोलकाता के श्रद्धालुओं का विशेष कांवर आकर्षण का केंद्र बना रहा.
Deoghar Kanwar Yatra News: बंगला सावन के पांचवें दिन बुधवार को सुल्तानगंज से बाबा बैद्यनाथ धाम जाने वाला कांवरिया पथ शिवभक्ति के रंग में पूरी तरह रंगा नजर आया. पश्चिम बंगाल सहित विभिन्न राज्यों से पहुंचे हजारों शिवभक्त 'बोल बम' और 'हर-हर महादेव' के जयघोष के साथ गंगाजल लेकर बाबा धाम की ओर बढ़ते रहे. पूरे मार्ग पर आस्था, उत्साह और भक्ति का अद्भुत संगम देखने को मिला.
'बोल बम' के जयघोष से गूंज उठा कांवरिया पथ
बंगला सावन के अवसर पर कांवरिया पथ पर श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ी. गंगाजल लेकर पैदल चल रहे शिवभक्त पूरे उत्साह के साथ बाबा बैद्यनाथ का जयघोष करते हुए आगे बढ़ते रहे. रास्तेभर धार्मिक माहौल और शिवभक्ति का उत्साह देखने को मिला, जिससे पूरा कांवरिया पथ शिवमय हो उठा.
ये भी पढ़ें : श्रावणी मेला : स्पेशल ट्रेनों से मंदार पर्यटन को मिलेगा नया पंख, कांवरियों के साथ पर्यटकों को भी बड़ी राहत
कोलकाता का भव्य कांवर बना आकर्षण का केंद्र
यात्रा के दौरान कोलकाता से पहुंचे शिवभक्तों की एक टोली अपने विशाल और आकर्षक कांवर के कारण श्रद्धालुओं के बीच विशेष आकर्षण का केंद्र बनी रही. रंग-बिरंगी सजावट, मनमोहक डिजाइन और धार्मिक प्रतीकों से सुसज्जित इस कांवर को देखने के लिए रास्तेभर लोगों की भीड़ जुटती रही. कई श्रद्धालु इस अनोखे कांवर के साथ तस्वीरें और वीडियो बनाते भी नजर आए.
13 शिवभक्त मिलकर निभा रहे आस्था की परंपरा
कोलकाता से आए इस कांवरिया दल में कुल 13 सदस्य शामिल हैं. सभी श्रद्धालु सुल्तानगंज के उत्तरवाहिनी गंगा तट से पवित्र गंगाजल लेकर पैदल बाबा बैद्यनाथ धाम की यात्रा कर रहे हैं. भारी-भरकम कांवर को टोली के सदस्य बारी-बारी से अपने कंधों पर उठाकर पूरी श्रद्धा और अनुशासन के साथ यात्रा पूरी कर रहे हैं.
'बाबा की भक्ति में थकान भी हो जाती है दूर'
शिवभक्तों ने बताया कि वे हर वर्ष बाबा बैद्यनाथ के प्रति अपनी अटूट आस्था और मनोकामना की पूर्ति के लिए इस पवित्र यात्रा में शामिल होते हैं. उनका कहना है कि कठिन पैदल यात्रा की थकान भी 'बोल बम' के जयघोष और बाबा की भक्ति में स्वतः समाप्त हो जाती है. बंगला सावन के दौरान कांवरिया पथ पर उमड़ रही आस्था की यह अद्भुत तस्वीर पूरे क्षेत्र को आध्यात्मिक ऊर्जा से भर रही है.
ये भी पढ़ें : श्रावणी मेला 2026 : शिवभक्तों के स्वागत को बांका तैयार, 25 जुलाई तक कांवरिया पथ पर पूरी होंगी सभी तैयारियां
ये भी पढ़ें : श्रावणी मेला : कांवरियों के लिए रेलवे का बड़ा तोहफा, जमालपुर से देवघर और सुल्तानगंज के लिए चलेंगी स्पेशल ट्रेनें
आपके शहर में
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए