बदरीनाथ दान चोरी मामला : आरोपी प्रमोद ने कबूला जुर्म, कमरे से नकदी-चांदी और विदेशी मुद्रा बरामद

बद्रीनाथ धाम मंदिर में दान चोरी
बदरीनाथ धाम में दान चोरी का मामले में निलंबित मंदिर समिति के सहायक प्रमोद नौटियाल ने SIT के सामने चोरी में अपनी भूमिका स्वीकार कर ली है. जिसके बाद जांच एजेंसिया द्वारा उसके संपत्ति के दस्तावेज को जब्त करके नए एंगल से जांच की जा रही है.
बदरीनाथ धाम के चर्चित दान चोरी मामले में जांच कर रही SIT ने नया खुलासा किया है. हिंदुस्तान टाइम्स के मुताबिक, बदरीनाथ-केदारनाथ मंदिर समिति (BKTC) के निलंबित निजी सहायक प्रमोद नौटियाल ने पूछताछ के दौरान चोरी में अपनी भूमिका स्वीकार कर ली है. यह मामला उत्तराखंड के सबसे चर्चित धार्मिक मामलों में से एक बन गया है.
कमरे से नकदी, चांदी और नेपाली मुद्रा मिली
बदरीनाथ थाना प्रभारी महादेव उनियाल ने बताया कि चार दिन की पुलिस रिमांड के दौरान प्रमोद नौटियाल के बदरीनाथ स्थित सरकारी आवास की तलाशी ली गई. वहां से चांदी के सिक्के, छोटी-छोटी चांदी की मूर्तियां, चांदी के कछुए, नेपाली मुद्रा के बंडल और नकदी बरामद हुई. पुलिस यह जांच कर रही है कि ये सामान मंदिर के दान से जुड़ा है या नहीं.
पुलिस ने आरोपी प्रमोद नौटियाल की संपत्तियों से जुड़े दस्तावेज भी जब्त किए हैं. अब यह पता लगाया जा रहा है कि उसने ये संपत्तियां किस तरह अर्जित कीं. पूछताछ के दौरान आरोपी ने किसी अन्य व्यक्ति की संलिप्तता की पुष्टि नहीं की. रिमांड पूरी होने के बाद उसे अदालत में पेश किया गया, जहां से उसे फिर न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया.
तीन स्तर पर चल रही है जांच
प्रमोद नौटियाल को 12 जुलाई को गिरफ्तार किया गया था. वह VIP प्रोटोकॉल और मंदिर में दान की गिनती की जिम्मेदारी संभालता था. जांच एजेंसियां वीआईपी दर्शन से मिलने वाले धन की भी जांच कर रही हैं. इस पूरे मामले की जांच फिलहाल तीन स्तर पर चल रही है.पुलिस की SIT, BKTC की आंतरिक समिति और उत्तराखंड सरकार द्वारा गठित उच्चस्तरीय जांच समिति, इससे उम्मीद की जा रही है कि दान चोरी की पूरी सच्चाई जल्द सामने आएगी.
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी

लेखक के बारे में
By सत्येन्द्र गिरि
सत्येन्द्र गिरि प्रभात खबर डिजिटल में कंटेंट राइटर के रूप में कार्यरत हैं. यहां वे मुख्य रूप से राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय विषयों से जुड़ी खबरों का लेखन करते हैं. सरल, तथ्यात्मक और पाठक-केंद्रित लेखन उनकी प्रमुख पहचान है. उन्होंने एशिया के प्रतिष्ठित माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय (MCU), भोपाल से मास्टर ऑफ आर्ट्स इन मास कम्युनिकेशन (बैच 2023–25) की डिग्री प्राप्त की है.
पत्रकारिता की पढ़ाई के दौरान उन्होंने समाचार लेखन, डिजिटल मीडिया, रिपोर्टिंग और समसामयिक विषयों की गहन समझ विकसित की. पत्रकारिता के क्षेत्र में उनके पास एक वर्ष का पेशेवर अनुभव है. उन्होंने अपने करियर की शुरुआत अमर उजाला के गोरखपुर एडिशन से की, जहां समाचार लेखन और रिपोर्टिंग की बारीकियों को नजदीक से सीखने और समझने का अवसर मिला. इसके बाद उन्होंने डिजिटल पत्रकारिता में कदम रखते हुए प्रभात खबर डिजिटल से जुड़कर देश-विदेश की महत्वपूर्ण खबरों को पाठकों तक पहुंचाने का कार्य शुरू किया.
सत्येन्द्र की विशेष रुचि इतिहास, अंतरराष्ट्रीय संबंध, राजनीति, कूटनीति और समसामयिक घटनाक्रम से जुड़े विषयों में है. वे जटिल और गंभीर मुद्दों को भी सरल, संतुलित और विश्वसनीय तरीके से प्रस्तुत करने में विश्वास रखते हैं. राष्ट्रीय और वैश्विक घटनाओं पर उनकी गहरी नजर रहती है तथा वे तथ्यपरक और निष्पक्ष पत्रकारिता को अपनी कार्यशैली का आधार मानते हैं. वे मूल रूप से उत्तर प्रदेश के महराजगंज जिले के निवासी हैं.
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए










