आहार में परिवर्तन से बढ़ाये शरीर की रोग-प्रतिरोधक क्षमता
Author : Shaurya Punj Published by : Prabhat Khabar Updated At : 08 Apr 2020 5:12 AM
सदियों से भारतीय संस्कृति में आहार व व्यवहार का विशेष महत्व रहा है. स्वच्छ भोजन व सद्विचार को जीवन शैली का आधार माना गया है. आहार के संबंध में कहा गया है कि लोग जैसा भोजन करते है, वैसी ही उनकी सोच भी होती है.
सदियों से भारतीय संस्कृति में आहार व व्यवहार का विशेष महत्व रहा है. स्वच्छ भोजन व सद्विचार को जीवन शैली का आधार माना गया है. आहार के संबंध में कहा गया है कि लोग जैसा भोजन करते है, वैसी ही उनकी सोच भी होती है. भारतीय भोजन में उपयोग किये जाने वाले कुछ मसालों को औषधि भी माना गया है. जिसके सेवन से शरीर की रोग-प्रतिरोधक क्षमता बढ़ती है. जिससे विषाणु जनित रोगों से लड़ने में सहायता मिलती है. इस समय जब पूरा विश्व कोरोना संक्रमण के दौर से गुजर रहा है, लोगों के सामने इससे निबटने की चुनौती बनी हुई है. वहीं आहार में कुछ सामग्रियों का उपयोग कर रोग-प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने की बात कही जा रही है. ताकि कोरोना के संक्रमण को कम किया जा सके.विद्या भवन महिला कॉलेज सीवान की गृह विज्ञान विभाग की प्रोफेसर डॉ आंचल सिंह का मानना है कि संतुलित व पौष्टिक भोजन तथा योग व मेडिटेशन कोरोना संक्रमण को कम करने में काफी सहायक होगा.
प्रभात खबर से विशेष बातचित में डॉ आंचल सिंह ने बताया कि संक्रमण से बचने के लिये लोगों को घर में बना स्वच्छ भोजन ही ग्रहण करना चाहिए. फलों व हरी सब्जियों को अच्छी तरह से धोकर उपयोग में लाये. विटामिन-सी से भरपूर फलों का सेवन करने से रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ती है.योग व मेडिटेशन को दें महत्व-डॉ आंचल सिंह का मानना है कि लोगों को जीवन में योग व मेडिटेशन करना चाहिए. बताया कि ऋषि-मुनि योग के बल पर सैकड़ों वर्षों तक स्वस्थ रहते थे. कहा कि मेडिटेशन से जहां मानसिक शांति मिलती है, वहीं योग से आंतरिक क्षमता का विकास होता है. इसके अलावे स्वच्छ आचरण व स्वच्छ वातावरण भी तनाव को कम करने में सहायक होता है.हल्दी व मुलेठी का करें सेवनडॉ आंचल सिंह बताती है कि हल्दी, प्राकृतिक एंटीबायोटिक है. हल्दी का भारतीय संस्कृति में विशेष महत्व भी है. सब्जी में उपयोग के साथ ही उन्होंने दूध में मिलाकर सेवन करने की बात कही. वहीं बताया कि मुलेठी में एंटी वायरल गुण होते है, जो किसी भी संक्रमण से बचाने में सहायक होता है. दालचीनी से भी रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ता है. वहीं तुलसी को मनुष्य के लिए सबसे बेहतरीन औषधि बताया. वहीं डॉ आंचल सिंह ने लोगों को नमस्कार की प्रवृत्ति अपनाने की बात कही. कहा कि मौजूदा दौर में कोरोना जैसे अनेकों संक्रमण से बचाने में सहाय है. नमस्ते की प्रवृत्ति को अब यूरोपीय देश भी अपना रहें है.
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
लेखक के बारे में
By Shaurya Punj
शौर्य पुंज डिजिटल मीडिया में पत्रकार हैं और वर्तमान में प्रभातखबर.कॉम में सीनियर कंटेंट राइटर हैं. उन्हें न्यूज वर्ल्ड में 15 वर्षों से अधिक का अनुभव है. शौर्य खबरों की नब्ज को समझकर उसे आसान और प्रभावी भाषा में पाठकों तक पहुंचाने में माहिर हैं. साल 2008 में ग्रेजुएशन के दौरान उन्होंने दैनिक हिंदुस्तान, प्रभात खबर, दैनिक जागरण और तरंग भारती (हिंदी पाक्षिक समाचार पत्र) के लिए फ्रीलांसिंग की. वर्ष 2011 में उन्होंने दैनिक जागरण के टैब्लॉइड समाचार पत्र iNext में दो महीने की इंटर्नशिप की. इसी दौरान उन्हें प्रभात खबर के डिजिटल सेक्शन में काम करने का अवसर मिला. अप्रैल 2011 से उन्होंने प्रभातखबर.कॉम के एंटरटेनमेंट सेक्शन के लिए कार्य करना शुरू किया. उस समय उन्होंने बॉलीवुड फिल्म रिव्यू, बॉक्स ऑफिस बिजनेस और एंटरटेनमेंट गॉसिप जैसी खबरों पर काम किया. साल 2020 में कोरोना काल के दौरान उन्हें लाइफस्टाइल, धर्म-कर्म, एजुकेशन और हेल्थ जैसे नॉन-न्यूज सेक्शन में काम करने का अवसर मिला. उन्होंने लाइफस्टाइल कैटेगरी के कई महत्वपूर्ण सेक्शनों में योगदान दिया. Health & Fitness सेक्शन में डाइट, योग, वेट लॉस, मानसिक स्वास्थ्य और फिटनेस टिप्स से जुड़े उपयोगी कंटेंट पर कार्य किया. Beauty & Fashion सेक्शन में स्किन केयर, हेयर केयर, मेकअप और ट्रेंडिंग फैशन विषयों पर लेख तैयार किए. Relationship & Family कैटेगरी में पति-पत्नी संबंध, डेटिंग, पैरेंटिंग और दोस्ती जैसे विषयों पर जानकारीपूर्ण कंटेंट लिखा. Food & Recipes सेक्शन में हेल्दी फूड, रेसिपी और किचन टिप्स से संबंधित सामग्री विकसित की. Travel सेक्शन के लिए घूमने की जगहों, बजट ट्रिप और ट्रैवल टिप्स पर लेखन किया. Astrology / Vastu में राशिफल, वास्तु टिप्स और ज्योतिष आधारित कंटेंट पर काम किया. Career & Motivation सेक्शन में सेल्फ-इम्प्रूवमेंट, मोटिवेशन और पर्सनैलिटी डेवलपमेंट विषयों पर योगदान दिया. Festival & Culture सेक्शन में त्योहारों की परंपराएं, पूजा विधि और शुभ मुहूर्त से संबंधित कंटेंट पर कार्य किया. इसके अलावा Women Lifestyle / Men Lifestyle और Health Education & Wellness जैसे विषयों पर भी मर्यादित एवं जानकारीपूर्ण लेखन के माध्यम से योगदान दिया. साल 2023 से शौर्य ने पूरी तरह से प्रभातखबर.कॉम के धर्म-कर्म और राशिफल सेक्शन में अपना योगदान देना शुरू किया. इस दौरान उन्होंने दैनिक राशिफल, साप्ताहिक एवं मासिक भविष्यफल, पूजा-पाठ, व्रत-त्योहार, शुभ मुहूर्त, ज्योतिषीय उपाय, वास्तु टिप्स और धार्मिक मान्यताओं से जुड़ी खबरों पर विशेष फोकस किया. साथ ही पाठकों की रुचि को ध्यान में रखते हुए सरल, सहज और जानकारीपूर्ण धार्मिक कंटेंट तैयार करने पर लगातार कार्य किया. रांची में जन्मे शौर्य की प्रारंभिक शिक्षा डीएवी पब्लिक स्कूल, हेहल, रांची से हुई. इसके बाद उन्होंने सेंट जेवियर्स कॉलेज, रांची से मास कम्यूनिकेशन एण्ड वीडियो प्रोडक्शन में बी.ए. ऑनर्स की डिग्री प्राप्त की. यह शैक्षणिक पृष्ठभूमि उन्हें हिंदी पत्रकारिता की वह विशेषज्ञता प्रदान करती है, जो पत्रकारिता के मूल सिद्धांत 5Ws और 1H — क्या, कौन, कहां, कब, क्यों और कैसे — के आधार पर प्रभावी और तथ्यपूर्ण समाचार लेखन के लिए आवश्यक मानी जाती है.
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए










