Ranchi News : शहर अंचल कार्यालय में ऑनलाइन काम ठप, सिर्फ आवेदन हो रहे जमा

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Birsa Munda

दाखिल-खारिज सहित कई काम प्रभावित, लोग लगा रहे हैं चक्कर

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रांची. शहर अंचल कार्यालय फिलहाल अंचलाधिकारी विहीन है. यहां अंचलाधिकारी मुंशी राम की गिरफ्तारी के बाद से किसी अन्य को इसकी जिम्मेदारी नहीं दी गयी है. इससे अंचल कार्यालय में ऑनलाइन होने वाले कार्य पूरी तरह ठप हैं. दाखिल खारिज सहित सभी प्रकार के सर्टिफिकेट जारी नहीं किये जा रहे हैं. इससे लंबित आवेदनों की संख्या बढ़ती जा रही है.

मंईयां सम्मान योजना के आवेदन का निबटारा भी रुका है

अंचल कार्यालय में पिछले चार दिनों से सिर्फ आवेदन ही जमा लिया जा रहा है. मंईयां सम्मान योजना से संबंधित आवेदन का निबटारा भी रुका हुआ है. कार्यालय आने पर कर्मचारियों द्वारा कुछ दिन और इंतजार करने का आश्वासन दिया जा रहा है. जिनको सर्टिफिकेट की तत्काल जरूरत है, वह सबसे ज्यादा परेशान हैं. दो जनवरी को एंटी करप्शन ब्यूरो (एसीबी) रांची ने शहर अंचलाधिकारी मुंशी राम को गिरफ्तार किया था. उनपर रिश्वत लेने का आरोप है.

शिक्षकों को वरीय वेतनमान देने की मांग

रांची. झारखंड प्राथमिक शिक्षक संघ के प्रधान सचिव चितरंजन कुमार ने प्राथमिक से लेकर प्लस टू विद्यालय तक के शिक्षकों को एमएसीपी (वरीय वेतनमान) देने की मांग की है. राज्य में शिक्षकों को छोड़कर अन्य सभी कर्मियों को एमएसीपी का लाभ मिलता है. शिक्षक भी काफी दिनों से एमएसीपी देने की मांग कर रहे हैं. उन्होंने कहा है कि राज्य गठन के बाद से शिक्षकों को एमएसीपी का लाभ नहीं मिल रहा है, जबकि बिहार में शिक्षकों को एमएसीपी मिलता है. स्कूली शिक्षा एवं साक्षरता विभाग द्वारा इस संबंध में बिहार में प्रभावी प्रावधान की भी जानकारी ली गयी थी. लेकिन उसके बाद आगे की प्रक्रिया पूरी नहीं की गयी. उन्होंने शिक्षकों को भी जल्द से जल्द एमएसीपी का लाभ देने की मांग की है.

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