लो प्रेशर से हुई झमाझम बारिश

Published at :21 Aug 2015 12:23 AM (IST)
विज्ञापन
लो प्रेशर से हुई झमाझम बारिश

समस्तीपुर : मानसूनी रे हिमालय के ऊपर आकर छा गया है. वहीं बिहार के ऊपर पिछले कई दिनों से बना लो प्रेशर पूरी तरह सक्रिय है. इसके प्रभाव से पिछले 24 घंटे से उत्तर बिहार में मूसलधार बारिश हो रही है. यह स्थिति अगले 48 घंटे तक इसी तरह बनी रहेगी. राजेंद्र कृषि विश्वविद्यालय पूसा […]

विज्ञापन
समस्तीपुर : मानसूनी रे हिमालय के ऊपर आकर छा गया है. वहीं बिहार के ऊपर पिछले कई दिनों से बना लो प्रेशर पूरी तरह सक्रिय है. इसके प्रभाव से पिछले 24 घंटे से उत्तर बिहार में मूसलधार बारिश हो रही है.
यह स्थिति अगले 48 घंटे तक इसी तरह बनी रहेगी. राजेंद्र कृषि विश्वविद्यालय पूसा स्थित मौसम विज्ञान केंद्र के डॉ अब्दुल सत्तार बताते हैं कि हिमालय के ऊपर पहुंचा मानसूनी रे सूबे बिहार को प्रभावित कर रहा है. जिसके कारण अब तक 175 मिली मीटर वर्षा हो चुकी है.
आगे भी बारिश की स्थिति इसी तरह से बनी रहेगी. खास कर हिमालय से सटे तराई वाले इलाकों के साथ समस्तीपुर, दरभंगा, मधुबनी, सीतामढी, मुजफ्फरपुर, पूर्वी व पश्चिमी चंपारण में अधिकतर स्थानों पर मूसलधार वर्षा होगी.
वैसे कुछ स्थानों पर अपवाद स्वरूप हल्की से मध्यम दर्जे की बरसात भी हो सकती है. इस दौरान पुरवा और पछुआ मिश्रित हवा चला करेगी. जिसकी औसत रफ्तार 10 से 20 किलो मीटर प्रति घंटे के बीच रिकार्ड की जा रही है.
इधर, बुधवार की रात करीब 11 बजे से आरंभ हुई वर्षा गुरुवार को भी दिन में रुक-रुक होती रही. इसके कारण अधिकतम तापमान दो डिग्री सेल्सियस नीचे लुढ़क कर 29.2 व न्यूनतम तापमान एक डिग्री सेल्सियस नीचे उतर कर 23.1 डिग्री सेल्सियस पर पहुंच गया है. जिसके प्रभाव से आम लोगों को उमस भरी गर्मी से राहत मिली है.
इसके विपरीत शहर की प्रमुख सड़कों से लेकर कार्यालयों व गली मोहल्ले बरसात के पानी से भर गये हैं. नाले उपट रहे हैं. जिसके कारण शहर के काशीपुर, माधुरी चौक समेत निचले इलाकों में पानी भर गया है.
उधर, ग्रामीण क्षेत्रों में भी छोटे बड़े गढ्ढों से लेकर बड़े तालाब और चौर पानी से उपट गया है.लोगों का मानना है कि यदि इसी रफ्तार से बारिश होती रही तो स्थिति विकट हो जायेगी. जिसको लेकर मौसम विभाग की ओर से पहले ही आगाह किया जा रहा है. मौसम वैज्ञानिक डा. सत्तार कहते हैं कि 48 घंटे के अंदर झमाझम बारिश के संकेत मिल रहे हैं. इस स्थिति में शहर से लेकर ग्रामीण इलाकों में पानी ही पानी हो जायेगा जो आम जन जीवन को मुश्किल में डाल सकता है.
किसानों की बांछे खिलीं
पिछले चौबीस घंटे के दौरान जिले में हुई झमाझम बारिश से खरीफ धान उत्पादक किसानों की बांछे खिल गयी है. अर्से से खेतों में तैयार पड़े बिचड़े को उन्होंने खेतों में लगाना शुरू कर दिया है. विलंब से हुई इस बारिश के बाद अचानक मजदूरों की मांग बढ गयी है.
जिससे उन्हें रोजगार के अवसर मिले हैं. वहीं धान उत्पादक किसान वर्षा जल का उपयोग धनरोपनी में कर इसका भरपूर लाभ उठाने से नहीं चूकना चाह रहे हैं. यहां बता दें कि दो दिनों पहले तक जिले में धान का आच्छादन लक्ष्य से दूर था. इसे पूरा करने के लिए डीएम ने कड़े निर्देश दिये थे.
इसी बीच हुई इस वर्षा के बाद आच्छादन लक्ष्य को पार करना तय माना जा रहा है. किसानों का कहना है कि जिस तरह से बारिश हुई है उससे विलंब से ही सही यदि आगे वर्षा यूं होती रही तो धान के पैदावार में होने वाली कमी को काफी हद तक पाटा जा सकता है.
विज्ञापन
Prabhat Khabar Digital Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन